इमारतों में नहीं लगे हैं अग्निशमन यंत्र
Updated at : 27 May 2017 9:58 AM (IST)
विज्ञापन

वारिसलीगंज : जिस अनुपात में जनसंख्या बढ़ रही है,उसी अनुपात में इमारतों की संख्या भी बढ़ी. कुछ वर्ष पहले जहां एक मंजिला, दो मंजिला मकान नजर आते हैं, अब बहुमंजिली इमारतें, शॉपिंग मॉल व शॉपिंग प्लाजा खुल गये हैं. लेकिन, इन इमारतों में अग्निशमन यंत्र नहीं लगे रहने से हमेशा खतरा बना रहता है. अनहोनी […]
विज्ञापन
वारिसलीगंज : जिस अनुपात में जनसंख्या बढ़ रही है,उसी अनुपात में इमारतों की संख्या भी बढ़ी. कुछ वर्ष पहले जहां एक मंजिला, दो मंजिला मकान नजर आते हैं, अब बहुमंजिली इमारतें, शॉपिंग मॉल व शॉपिंग प्लाजा खुल गये हैं. लेकिन, इन इमारतों में अग्निशमन यंत्र नहीं लगे रहने से हमेशा खतरा बना रहता है. अनहोनी होने पर यहां की स्थिति भयावह हो सकती है़ उल्लेखनीय है कि बड़े-बड़े भवनों, शॉपिंग सेंटरों में अग्निशमन यंत्र लगाये जाने का प्रावधान है. इसमें तेल से लगनेवाली आग के लिए फोम अग्निशमन, शॉट सर्किट से लगनेवाली आग के लिए डाइकेमिकल स्ट्रिंयूसर व अन्य घटनाओं के लिए वाटर सिओर अग्निशमन यंत्र का प्रयोग किया जाता है.गरमी के दिनों में अगजनी का खौफ लोगों को सताता रहता है.
बावजूद इसके शहर के गिनी-चुनी दुकानों, बैंकों,शॉपिंग सेंटरों, होटल मॉल व व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में अग्निशमन यंत्र न के बराबर लगे हैं. शहर में अगलगी की घटना के बाद जिला मुख्यालय के अग्निशमन के भरोसे आग पर काबू पाना मुश्किल है. जानकारों का कहना है कि इमारतों, शॉपिंग सेंटर,मॉल आदि के चौथे फ्लोर पर अग्निशमन यंत्र रखना अनिवार्य है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




