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BSF स्टिकर लगी स्कॉर्पियो में 10 लाख रुपए की शराब थी लोड, मुजफ्फरपुर में तस्करी का हुआ बड़ा खुलासा

Updated at : 25 Jul 2025 8:02 PM (IST)
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Bihar News: BSF और पुलिस का स्टिकर लगी स्कॉर्पियो से शराब तस्करी का भंडाफोड़ हुआ है. मुजफ्फरपुर में छापेमारी के दौरान गाड़ी के अंदर तहखाने से विदेशी शराब की बड़ी खेप बरामद की गई. सात तस्कर गिरफ्तार, पूछताछ में कई खुलासों की उम्मीद.

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Bihar News: बिहार में शराबबंदी के बावजूद तस्करों की हिम्मत कम नहीं हो रही है. लेकिन मुजफ्फरपुर की उत्पाद पुलिस ने गुरुवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए शराब तस्करों के मंसूबों पर पानी फेर दिया. रेवा पुल के पास से तीन वाहनों को रोककर जब तलाशी ली गई तो उनमें से 100 कार्टन विदेशी शराब बरामद की गई, जिसकी कीमत करीब 10 लाख रुपये आंकी गई है.

शातिराना अंदाज में की जा रही थी तस्करी

गिरफ्तार तस्करों ने स्कॉर्पियो की आगे की विंडशील्ड पर ‘पुलिस’ का बोर्ड लगा रखा था, जबकि पीछे BSF का स्टिकर चिपकाया गया था ताकि जांच से बचा जा सके. जब्त वाहन में एक पिकअप और दो स्कॉर्पियो शामिल हैं. पिकअप में शराब छिपाने के लिए विशेष तहखाना बनाया गया था, जो ड्राइवर केबिन और गाड़ी के बेसमेंट के बीच था.

उत्पाद निरीक्षक को मिली थी गुप्त सूचना

उत्पाद थाना प्रभारी दीपक कुमार को पहले ही सूचना मिली थी कि उत्तर प्रदेश से शराब की बड़ी खेप रेवा पुल के रास्ते बिहार लाई जा रही है. इसके बाद उन्होंने तत्काल टीम गठित की और सरैया थाना क्षेत्र के रेवा घाट पर घेराबंदी की गई. कुछ देर बाद वहां एक पिकअप और उसके पीछे दो स्कॉर्पियो पहुंचीं. तीनों वाहनों को रोककर जब तलाशी ली गई तो तहखाने में छिपाई गई शराब बरामद हुई.

गिरफ्तार तस्करों में यूपी और बिहार के शातिर शामिल

पुलिस ने मौके से कुल 7 शराब तस्करों को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार तस्करों में उत्तर प्रदेश के देवरिया थाना क्षेत्र के रोहित कुमार, अखिलेश कुमार, सीवान जिले के मैरवा से शत्रुघ्न पटेल, संदीप यादव, निर्भय कुमार सिंह, विकास सिंह और दरौली के आकाश सिंह शामिल हैं. इन सभी को न्यायिक हिरासत में भेजा गया है.

प्रभारी बोले हर एंगल से जांच होगी

उत्पाद थाना प्रभारी दीपक कुमार ने बताया कि बरामद शराब की कुल संख्या 100 कार्टन है और इसकी कीमत लगभग 10 लाख रुपये के आसपास है. तीनों गाड़ियों को जब्त कर लिया गया है. यह भी जांच की जा रही है कि आखिर तस्करों को पुलिस बोर्ड और बीएसएफ स्टिकर किसने उपलब्ध कराया और क्या इसमें कोई अंदरूनी मिलीभगत है.

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Anshuman Parashar

लेखक के बारे में

By Anshuman Parashar

अंशुमान पराशर पिछले दो वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल के लिए बिजनेस की लेटेस्ट खबरों पर काम कर रहे हैं. इसे पहले बिहार की राजनीति, अपराध पर भी इन्होंने खबरें लिखी हैं. बिहार विधान सभा चुनाव 2025 में इन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग और विस्तृत राजनीतिक कवरेज किया है.

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