एनसीसी में भागीदारी पर 10 अंकों की छूट

मुजफ्फरपुर: बीआरए बिहार विश्वविद्यालय में आठ सालों बाद शुक्रवार को सांस्कृतिक परिषद की बैठक हुई. वीसी डॉ पंडित पलांडे की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में कई अहम फैसले लिये गये. कॉलेजों में एनएसएस व एनसीसी में भागीदारी रखने वाले छात्रों को परीक्षा में दस अंक तक देने पर मुहर लगायी गयी है. दस अंक तक […]
मुजफ्फरपुर: बीआरए बिहार विश्वविद्यालय में आठ सालों बाद शुक्रवार को सांस्कृतिक परिषद की बैठक हुई. वीसी डॉ पंडित पलांडे की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में कई अहम फैसले लिये गये.
कॉलेजों में एनएसएस व एनसीसी में भागीदारी रखने वाले छात्रों को परीक्षा में दस अंक तक देने पर मुहर लगायी गयी है. दस अंक तक की छूट वैसे ही छात्र-छात्रओं को मिलेगी, जो इंटर विवि स्तर पर होने वाले प्रतियोगिता में शामिल होंगे. इसके लिए कॉलेज के प्राचार्य, एनएसएस के कार्यक्रम पदाधिकारी व एनसीसी के लेफ्टिनेंट की जिम्मेदारी तय की गयी है. नवंबर में होनेवाले यूथ फेस्टिवल की तैयारी शुरू करने को लेकर भी रणनीति तैयार की गयी.
वीसी ने कहा कि यूथ फेस्टिवल को बीआरए बिहार विवि में आयोजित करने के लिए अखिल भारतीय विवि संघ को प्रस्ताव भेजा जायेगा. यदि प्रस्ताव की मंजूरी मिल गयी, तो बिहार विवि उसे पूरी तैयारी के साथ आयोजित करायेगा. यदि मंजूरी नहीं मिलती है तो विवि की टीम को दूसरे विवि में भेजने के लिए तैयारी करने को कहा. इसके लिए 15 जुलाई तक सभी कॉलेजों में सांस्कृतिक परिषद का गठन करने को कहा है. इसमें कॉलेज के प्राचार्य, एनएसएस व एनसीसी के कार्यक्रम पदाधिकारी के अलावा म्यूजिक शिक्षक एवं एक सीनियर प्रोफेसर होंगे.
एमएसकेबी की प्राचार्य डॉ ममता रानी ने विवि गीत का मुद्दा उठाया. इसके बाद वीसी ने सभी कॉलेजों को विवि के अंतर्गत आने वाले छहों जिले की विशिष्टता को ध्यान में रख गीत तैयार करने को कहा. साथ ही प्रत्येक दिन विवि में तिरंगा फहराने पर भी वीसी ने अपनी अनुमति दे दी है. बैठक में एनएसएस समन्वयक डॉ विजय कुमार जायसवाल, एमडीडीएम की प्राचार्य डॉ निर्मला सिंह, रंजना सरकार, डॉ स्वस्ति वर्मा, डीएसडब्ल्यू डॉ विनोद प्रसाद सिंह, डीओ डॉ कल्याण कुमार झा आदि मौजूद थे.
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