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उपयोग के लिए जड़ी-बूटी का ज्ञान होना जरूरी

Updated at : 04 Aug 2025 9:49 PM (IST)
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उपयोग के लिए जड़ी-बूटी का ज्ञान होना जरूरी

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लखीसराय. शहर के चितरंजन रोड स्थित प्रभात चौक स्थित होटल भारती सभागार में पतंजलि योगपीठ हरिद्वार के तत्वावधान में जिला पतंजलि भारत स्वाभिमान द्वारा आयोजित हर्बल समारोह एवं पूज्य आचार्य बालकृष्ण जी का जन्मदिवस धूमधाम से मनाया गया, जिसका नेतृत्व प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य अरविंद कुमार भारती ने किया. इस अवसर पर पतंजलि के किसान समिति के जिला प्रभारी आनंदी मंडल, जिला प्रभारी विनोद कुमार, राज्य कार्यकारिणी सदस्य अरविंद कुमार भारती, पूर्व प्राचार्य बालिका विद्यापीठ शैलेंद्र कुमार सिंह, सिद्धेश्वर प्रसाद सिंह, इंजीनियर सुरेश प्रसाद सिंह, सतीश कुमार सिंह आदि ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया. मुख्य अतिथि शैलेन्द्र कुमार सिंह ने कहा कि स्वस्थ्य रहने के लिए जड़ी-बूटियों का ज्ञान होना चाहिए, तभी वह कारगर औषधि के रूप में काम करेगी और उन्होंने दांत दर्द में चायपत्ती कितनी कारगर साबित हुई, इस बारे में भी अपना अनुभव साझा किया. हरि दर्श सिंह उर्फ चुन्नू ने हरसिंगार, तुलसी के पत्ते, एलोवेरा, अमरूद के पत्तों के उपयोग के बारे में विस्तार से बताया. पतंजलि के जिला योग प्रभारी विनोद कुमार ने पुनर्नवा के उपयोग के बारे में विस्तार से बताया कि पुनर्नवा सांप सहित कई जहरीले जीवों के जहर , लीवर सहित कई अन्य बीमारियों के इलाज में उपयोगी है. किसान समिति के जिला प्रभारी ने वहां रखे गये अनेक औषधीय पौधों के बारे में जानकारी दी. उन्होंने बताया कि चिड़चिड़ी का उपयोग दांत दर्द में किया जाता है. विषैला जीव के काटने पर शरीर से जहर उतारने में इसका उपयोग होता है. जानवर में होने वाले विभिन्न रोगों में इसका प्रयोग किया जाता है. यह लीवर के इलाज के लिए रामबाण है. अरविंद भारती राज्य कार्यकारिणी सदस्य ने भी अनेक प्रकार की औषधियों के बारे में जानकारी दी. लीवर संबंधी बीमारी के लिए पुनर्नवा, चिड़चिड़ी, अतिबाला, अमरूद का पत्ता, शीशम का पत्ता, अंडी का पत्ता, पपीता का पत्ता, बीट आदि के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी. बताया गया कि उक्त जड़ी के प्रयोग से लीवर की समस्या में बहुत राहत मिलती है. मौके पर सतीश कुमार सिंह, रोहित कुमार, डॉ अनिल कुमार, इंजीनियर सुरेश प्रसाद सिंह, रवींद्र कुमार सिंह, अर्जुन पंडित, सौदागर कुमार, अरुण कुमार सिंह, अविनाश कुमार, जन्मोजय आदि वक्ताओं ने औषधीय पौधों के उपयोग के बारे में चर्चा की. आचार्य बालकृष्ण के जन्मदिन की शुभकामनाएं दी. कार्यक्रम का मंच संचालन अरविंद कुमार भारती ने किया. धन्यवाद ज्ञापन पतंजलि योग प्रभारी विनोद कुमार ने किया. इस दौरान जितेंद्र कुमार, सोनू कुमार, लक्ष्मी नारायण कृष्णा, हरिओम कृष्णा, संजीत कुमार आदि की सराहनीय भूमिका रही.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

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Rajeev Murarai Sinha Sinha

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By Rajeev Murarai Sinha Sinha

Rajeev Murarai Sinha Sinha is a contributor at Prabhat Khabar.

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