किशनगंज डायट किशनगंज में प्रशिक्षण ले रहे प्रशिक्षुओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति दी गयी. कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रभारी प्रचार्य डॉ. गुफराना बेगम ने किया. इस मौके पर प्रशिक्षुओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुति कर दर्शकों का मन मोह लिया. इसके बाद शैक्षिक विचार गोष्ठी में बारी-बारी से वक्ताओं ने अपने विचार रखे. उच्च माध्यमिक विद्यालय (11- 12) के शिक्षकों के पांच दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण का शुक्रवार को समापन हो जाएगा. उससे पूर्व गुरुवार संध्या को आयोजित इस कार्यक्रम में प्रशिक्षु शिक्षक, शिक्षिकाओं ने गीत, संगीत, कविता शायरी की पेशकश से सभी का मन मोह लिया. वहीं दर्शक दीर्घा में उपस्थित प्रशिक्षु श्रोताओं ने भी इस सांस्कृतिक कार्यक्रम में बार-बार तालियां बजाते दिखे. वहीं कार्यक्रम का दीप प्रज्वलित कर विधिवत उद्घाटन के बाद अपने संबोधन में प्राचार्य डा. गुफराना बेगम ने कहा कि शिक्षण कार्य की पूरी जिम्मेदारी शिक्षकों के कंधों पर है. शिक्षा देश का भविष्य सुधारने की रीढ़ मानी जाती है. समय-समय पर प्रशिक्षण का आयोजन इसी उद्वेश्य से किया जाता है कि शिक्षकों का शिक्षण कौशल का विस्तार हो और इसका लाभ स्कूली बच्चों को मिले. इस कार्यक्रम में प्रभारी प्राचार्या डा. गुफराना बेगम, रिसोर्स पर्सन बुलबुल सरकार, एडमिन कंसल्टेंट चंद्रशेखर कुमार, एंकर भोला, अमर झा, बबलू कुमार, रोहणी, अनुप्रिया सहित सभी प्रशिक्षु शिक्षक-शिक्षिका उपस्थित थे.
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