गोरियाधर रेलवे पुल के पास डायवर्सन ध्वस्त, 12 किलोमीटर अतिरिक्त सफर को मजबूर ग्रामीण

Updated:
विज्ञापन
गोरियाधर रेलवे पुल के पास डायवर्सन ध्वस्त, 12 किलोमीटर अतिरिक्त सफर को मजबूर ग्रामीण

गोरियाधर रेलवे पुल के पास ध्वस्त डायवर्सन, जिससे प्रभावित हुआ ग्रामीणों का आवागमन.

Goriyadhar Railway Bridge Diversion: किशनगंज के टेढ़ागाछ प्रखंड में गोरियाधर रेलवे पुल के पास बना डायवर्सन ध्वस्त होने से हजारों ग्रामीणों का आवागमन प्रभावित हो गया है. लोगों को 12 किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है और प्रशासन से वैकल्पिक मार्ग निर्माण की मांग की गई है.

विज्ञापन

किशनगंज से गौरव कुमार की रिपोर्ट:

Goriyadhar Railway Bridge Diversion: टेढ़ागाछ प्रखंड अंतर्गत कालपीर पंचायत के पीपरा गांव के समीप गोरियाधर रेलवे पुल के पास बना डायवर्सन ध्वस्त हो जाने से हजारों ग्रामीणों की आवाजाही प्रभावित हो गई है. डायवर्सन टूटने के कारण लोगों को अब प्रखंड मुख्यालय टेढ़ागाछ पहुंचने के लिए करीब 12 किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है. इससे समय के साथ-साथ आर्थिक बोझ भी बढ़ गया है.

कई गांवों का संपर्क हुआ प्रभावित

डायवर्सन ध्वस्त होने से बीबीगंज पूरा पंचायत सहित पीपरा, बैसाटोली, गर्राटोली, काशीबारी, हाटगांव और आसपास के कई गांवों का प्रखंड मुख्यालय से सीधा संपर्क लगभग टूट गया है. ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग के बंद होने से दैनिक जीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है.

विद्यार्थियों, मरीजों और किसानों को सबसे अधिक परेशानी

स्थानीय लोगों के अनुसार विद्यार्थियों, मरीजों, किसानों, व्यापारियों तथा रोजमर्रा के काम से आने-जाने वाले लोगों को सबसे अधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. बरसात के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो गई है, जिससे आवागमन जोखिम भरा बन गया है.

ग्रामीणों ने की त्वरित कार्रवाई की मांग

ग्रामीण रजी अनवर, दानिश रब्बानी, अहसान आलम, नकी रजा, अनवर आलम, मुनाजिर आलम, इंतसाब आलम, तबरेज आलम, इंतखाब आलम, आमिर हमजा, नजर रब्बानी, फिरदौस आलम, नरेश मरांडी, दुर्गा मुर्मू, मेघराज कुमार मांझी और संतोष मांझी ने प्रशासन से शीघ्र वैकल्पिक व्यवस्था करने की मांग की है. उनका कहना है कि डायवर्सन ध्वस्त होने से आमजन का जीवन प्रभावित हो गया है.

डीएम से स्थायी समाधान की अपील

ग्रामीणों ने हाल ही में पदभार ग्रहण करने वाले जिला पदाधिकारी नवीन कुमार से जनहित को देखते हुए प्राथमिकता के आधार पर नया डायवर्सन या स्थायी वैकल्पिक मार्ग का निर्माण कराने की मांग की है. उनका कहना है कि इससे हजारों लोगों को राहत मिलेगी और प्रखंड मुख्यालय से संपर्क फिर से सुचारु हो सकेगा.

आंदोलन की चेतावनी

ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं किया गया तो वे लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने को मजबूर होंगे. उनका कहना है कि लंबे समय तक इस समस्या की अनदेखी क्षेत्र की जनता के साथ अन्याय होगा.

और पढ़ें: ‘आज मेरे घर बेटी आई है’… नई कार पर लिखवाया संदेश, पिता की पहल ने जीता लोगों का दिल

विज्ञापन
Shruti Kumari

लेखक के बारे में

By Shruti Kumari

श्रुति कुमारी एक पत्रकार और डिजिटल कंटेंट राइटर हैं। उन्होंने भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) से अंग्रेजी पत्रकारिता में स्नातकोत्तर डिप्लोमा प्राप्त किया है। वर्तमान में वे प्रभात खबर डिजिटल में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं। उन्हें विभिन्न प्लाटफॉर्म्स पर डिजिटल पत्रकारिता और कंटेंट राइटिंग का लगभग दो वर्षों का अनुभव है। सामाजिक मुद्दों, महिला सशक्तिकरण, राजनीति, शिक्षा और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लिखना उनकी विशेष रुचि का क्षेत्र है। इसके अलावा वे डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए स्क्रिप्ट राइटिंग करती हैं तथा हिंदी कविता और अंगिका भाषा में लेखन का भी शौक रखती हैं। प्रकृति से उनका विशेष लगाव है और वे मानती हैं कि संवेदनशील, तथ्यपरक और जनसरोकार से जुड़ी पत्रकारिता समाज में सकारात्मक बदलाव का माध्यम बन सकती है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन