बेलदौर में सहयोग शिविर बना अव्यवस्था का केंद्र, अधिकारी सम्मानित होते रहे और फरियादी कर्मियों को खोजते रहे
सहयोग शिविर में मौजूद अधिकारी व ग्रामीण. | Prabhat Khabar Network
जनसमस्या समाधान के लिए आयोजित सहयोग शिविर अव्यवस्था का केंद्र बन गया। जहां एक ओर अधिकारी माला पहनाकर सम्मानित किए गए, वहीं दूसरी ओर अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे ग्रामीण कर्मियों को खोजते रहे. कई फरियादियों को यह भी समझ नहीं आया कि आवेदन किस स्टॉल पर जमा करें, जिससे ग्रामीणों में नाराजगी देखी गई.
एक तरफ शिविर की शुरुआत राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान से हुई, अधिकारियों का फूल-माला पहनाकर स्वागत किया गया और सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई, वहीं दूसरी तरफ अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे ग्रामीण संबंधित कर्मियों को खोजते रहे. कई फरियादियों को यह समझ नहीं आया कि आवेदन किस स्टॉल पर जमा करें और उनकी समस्या सुनने वाला अधिकारी या कर्मी कहां मिलेगा. इससे ग्रामीणों में नाराजगी देखी गई. लोगों ने आरोप लगाया कि जनसमस्याओं के समाधान के लिए आयोजित शिविर महज औपचारिकता बनकर रह गया.
कागज पर 19 स्टॉल, कई जगह कर्मियों का इंतजार
महीनाथ नगर स्थित राम जानकी ठाकुरबाड़ी परिसर में सहयोग शिविर का आयोजन किया गया था. शिविर में 19 स्टॉल लगाए जाने की बात कही गई. लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि कई विभागों के कर्मी मौजूद नहीं थे.
अपनी समस्या लेकर पहुंचे फरियादी आवेदन जमा कराने के लिए एक स्टॉल से दूसरे स्टॉल तक भटकते नजर आए. ग्रामीणों का कहना था कि अगर संबंधित विभाग का कर्मी ही मौजूद नहीं रहेगा तो आवेदन कौन लेगा और समस्या का समाधान कैसे होगा?
अधिकारियों का हुआ स्वागत, फरियादी रहे परेशान
शिविर की शुरुआत राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान के साथ हुई. इसके बाद मुखिया दिनेश यादव ने जिला पंचायती राज पदाधिकारी राकेश रंजन, डीपीआरओ प्रमोद कुमार, राजस्व अधिकारी सत्यनारायण झा और प्रखंड कृषि पदाधिकारी प्रभात रंजन का फूल-माला पहनाकर स्वागत किया.
अधिकारियों के स्वागत का कार्यक्रम चल रहा था, जबकि दूसरी ओर ग्रामीण अपनी समस्याओं को लेकर इधर-उधर भटकते रहे. यही विरोधाभास शिविर में पहुंचे लोगों के बीच चर्चा का विषय बना रहा.
ग्रामीणों ने तंज कसते हुए कहा कि बड़े अधिकारी शिविर में पहुंचते हैं, सरकारी योजनाओं की जानकारी दी जाती है, लेकिन जिन समस्याओं को लेकर आम लोग पहुंचते हैं, वे समस्याएं जस की तस बनी रहती हैं.
कई कर्मी मौजूद, फिर भी व्यवस्था पर उठे सवाल
शिविर में पंचायत सचिव देवानंद, कार्यपालक सहायक भवेश, कृषि समन्वयक संजय कुमार, सीएचओ अनामिका सिंह और नेहा रानी, राजस्व कर्मचारी गोपाल मिश्र, बिजली विभाग के मिथिलेश कुमार और श्रम विभाग के राजकुमार सहित कई कर्मी मौजूद थे.
इसके बावजूद ग्रामीणों का आरोप रहा कि सभी विभागों की प्रभावी मौजूदगी नहीं होने से समस्याओं के समाधान की प्रक्रिया सुचारू तरीके से नहीं चल सकी. ग्रामीणों के अनुसार शिविर का उद्देश्य मौके पर समस्याओं को सुनना और संबंधित विभाग के माध्यम से समाधान कराना था, लेकिन उन्हें आवेदन जमा कराने में ही परेशानी हुई.
बलैठा शिविर में भी दिखा असंतोष
बलैठा पंचायत भवन में आयोजित सहयोग शिविर में भी लोगों की संख्या अपेक्षाकृत कम रही. हालांकि आवास, राजस्व और अन्य स्टॉल पर तैनात कर्मियों ने करीब एक दर्जन आवेदन प्राप्त होने की बात कही.
बलैठा के शिविर में राजस्व अधिकारी सत्यनारायण झा, प्रखंड कृषि पदाधिकारी प्रभात कुमार रंजन, मुखिया वीरेंद्र सहनी, पंचायत समिति सदस्य प्रेम कुमार झा सहित अन्य कर्मी मौजूद रहे. इसके बावजूद शिविर में पहुंचे लोगों के बीच समस्याओं के समाधान को लेकर असंतोष देखने को मिला.
ग्रामीण बोले- शिविर हो तो हर विभाग की मौजूदगी जरूरी
ग्रामीणों का कहना है कि यदि सरकार जनसमस्याओं के समाधान के लिए शिविर आयोजित करती है तो सभी संबंधित विभागों के अधिकारी और कर्मचारी वहां मौजूद होने चाहिए. केवल स्टॉल लगाने से समस्या का समाधान नहीं हो सकता.
ग्रामीणों ने कहा कि दूर-दराज से लोग समय और पैसा खर्च कर शिविर में पहुंचते हैं. ऐसे में यदि संबंधित कर्मी नहीं मिलते हैं तो उनका पूरा प्रयास बेकार चला जाता है.
उच्चस्तरीय जांच की उठी मांग
शिविर की व्यवस्था से नाराज ग्रामीणों ने पूरे आयोजन और विभागीय व्यवस्था की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है. उनका कहना है कि शिविर में किन विभागों के कितने कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई थी और कौन-कौन कर्मी अनुपस्थित थे, इसकी जांच होनी चाहिए.
ग्रामीणों ने लापरवाही बरतने वाले कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी की है. अब देखना यह है कि ग्रामीणों की शिकायतों पर प्रशासन जांच कराता है या सहयोग शिविर में उठे सवाल भी अन्य जनसमस्याओं की तरह फाइलों में दबकर रह जाते हैं.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में
By राजकिशोर सिंह
राजकिशोर सिंह प्रिंट माध्यम में 20 और डिजिटल माध्यम में पिछले 5 वर्षों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. अभी प्रभात खबर के खगड़िया कार्यालय में काम कर रहे हैं. शिक्षा, अनुसंधान, कला-संस्कृति, राजनीति की खबरों में रुचि रखते हैं.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए








