...तो कटेगी प्रधानाचार्य की पगार

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एक सप्ताह के भीतर जीविका की दीदी प्रत्येक स्कूलों का निरीक्षण कर विहित प्रपत्र में अनुश्रवण करेंगी. प्रधान सचिव से मिले दिशा निर्देश के आलोक में शिक्षा विभाग उसकी तैयारी में जुट गया है. सूरज गुप्ता कटिहार : राज्य में पूर्ण शराबबंदी के बाद मिले फीडबैक से उत्साहित मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अब प्रारंभिक विद्यालयों में […]

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एक सप्ताह के भीतर जीविका की दीदी प्रत्येक स्कूलों का निरीक्षण कर विहित प्रपत्र में अनुश्रवण करेंगी. प्रधान सचिव से मिले दिशा निर्देश के आलोक में शिक्षा विभाग उसकी तैयारी में जुट गया है.
सूरज गुप्ता
कटिहार : राज्य में पूर्ण शराबबंदी के बाद मिले फीडबैक से उत्साहित मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अब प्रारंभिक विद्यालयों में गुणात्मक सुधार लाने के उद्देश्य से जीविका से जुड़ी दीदियों को जिम्मेदारी दिये हैं. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पहल पर शिक्षा विभाग व ग्रामीण विकास विभाग के प्रधान सचिव ने गुरुवार को संबंधित दिशा निर्देश डीइओ व जिला कार्यक्रम प्रबंधक जीविका को भेजा है.
शिक्षा विभाग व ग्रामीण विकास विभाग के प्रधान सचिव के संयुक्त दिशा निर्देश से माना जा रहा है कि एक सप्ताह के भीतर जीविका की दीदी प्रत्येक स्कूलों का निरीक्षण कर विहित प्रपत्र में अनुश्रवण करेंगी. प्रधान सचिव से मिले दिशा निर्देश के आलोक में स्थानीय शिक्षा विभाग उसकी तैयारी में जुट गया है. शनिवार को बीइओ की होने वाली बैठक में डीइओ श्रीराम सिंह प्रधान सचिव के इस नये आदेश पर चर्चा करेंगे तथा उसके अनुपालन को लेकर दिशा निर्देश देंगे. इसके लिए जिले के सभी विद्यालय प्रधान को इस संदर्भ में प्रशिक्षण भी दिया जा चुका है. दरअसल जीविका दीदी की पहल पर ही सीएम ने बिहार में पूर्ण शराबबंदी करने की घोषणा की थी. उसकी सफलता से उत्साहित होकर ही मुख्यमंत्री ने अब शिक्षा में गुणात्मक सुधार के लिए जीविका दीदी को अनुश्रवण व निगरानी करने के काम में लगाये जाने का फैसला किया है.
प्रधान सचिव के दिशा निर्देश के आलोक में ग्राम संगठन समिति के सदस्य व जीविका दीदी मिलकर विद्यालय का अनुश्रवण करेंगे. प्रधान सचिव के नये मार्गदर्शिका के अनुसार, यदि इस अनुश्रवण के दौरान किसी प्रारंभिक विद्यालय में अनुश्रवण तिथियों में 75 प्रतिशत से कम छात्रों की उपस्थिति पायी जाती है, तो प्रधानाध्यापक व शिक्षकों द्वारा अनुपस्थित छात्र एवं छात्रा के अभिभावक से व्यक्तिगत संपर्क कर उपस्थिति सुनिश्चित करायी जायेगी. इस संबंध में प्रधानाध्यापक, शिक्षक व शिक्षिका द्वारा विशिस व जीविका के सामाजिक कार्यसमिति की सहायता ली जायेगी.
इसके बावजूद आगामी तीन लगातार अनुश्रवण तिथियों में 75 प्रतिशत से कम छात्र उपस्थिति पायी जाती है, तो प्रधानाध्यापक, शिक्षक व शिक्षिका के वेतन से उन अनुश्रवण तिथियों के वेतन की कटौती की जायेगी. जो कुल मासिक वेतन के 50 प्रतिशत से अधिक नहीं होगा.
समय पर स्कूल नहीं खुला, तो जिम्मेवार होंगे प्रधानाध्यापक : अनुश्रवण के दौरान अगर यह पाया जाता है कि विद्यालय निर्धारित समय पर नहीं खुला था अथवा निर्धारित समय के पूर्व बंद हो गया था तो ऐसी स्थिति में प्रधानाध्यापक पूर्ण रूप से जिम्मेवार माने जायेंगे एवं संबंधित प्रधानाध्यापक के विरुद्ध सक्षम पदाधिकारी द्वारा कारवाई की जायेगी. इसी तरह मध्याह्न भोजन के संचालन एवं गुणवत्ता के संदर्भ में प्रतिवेदित स्थिति के आलोक में मध्याह्न भोजन योजना के साधनसेवी, बीइओ व डीपीओ एमडीएम द्वारा अपेक्षित कारवाई की जायेगी.
कहते है डीइओ : डीइओ श्रीराम सिंह ने बताया कि प्रधान सचिव का दिशा निर्देश प्राप्त हो गया है. शनिवार को सभी बीइओ की बैठक बुलायी गयी है. इसमें इस दिशा निर्देश पर चर्चा होगी तथा उसके अनुपालन के लिए निर्देशित किया जायेगा.
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