सड़क किनारे हरे पेड़ों के धराशायी करने से ग्रामीण नाराज

Updated at : 24 Aug 2024 9:11 PM (IST)
विज्ञापन
सड़क किनारे हरे पेड़ों के धराशायी करने से ग्रामीण नाराज

निवार की दोपहर निर्माणाधीन 319 ए के चौड़ीकरण व सड़क निर्माण के दौरान बंदीपुर चौधरी डेरा के समीप जेसीबी से धराशायी किये जा रहे बड़े-बड़े हरे पेड़ों को लेकर आसपास के ग्रामीण नाराज दिखे.

विज्ञापन

रामगढ़. शनिवार की दोपहर निर्माणाधीन 319 ए के चौड़ीकरण व सड़क निर्माण के दौरान बंदीपुर चौधरी डेरा के समीप जेसीबी से धराशायी किये जा रहे बड़े-बड़े हरे पेड़ों को लेकर आसपास के ग्रामीण नाराज दिखे. इस दौरान गोड्सरा गांव के समाजसेवी राधेश्याम यादव द्वारा कर्मियों से हरे पेड़ उखाड़ने के परमिशन की मांग की गयी, तो कर्मी द्वारा आदेश का कागज देखने के लिए बक्सर जिले के देवल ऑफिस में जाने की बात कही गयी. राधेश्याम यादव सहित नाराज ग्रामिणों का कहना था कि एक तरफ जहां सरकार देश में घटते भूजल स्तर व पर्यावरण को संतुलित करने के लिए पौधारोपण पर प्रत्येक वर्ष लाखों करोड़ों रुपये खर्च किये जा रहे है. वहीं, दूसरी तरफ सड़क निर्माण के लिए सबसे ज्यादा आक्सीजन देने वाले बड़े बड़े हरे पेड़ों को धराशायी किया जा रहा है. जहां पूछे जाने पर भी कर्मियों द्वारा वन विभाग के डीएफओ के आदेश की कॉपी नहीं दिखायी जा रही हैं, आखिर हम ग्रामीण कैसे मान लें कि इनके पास हरे पेड़ों को काटने के लिए परमिशन है या बगैर आदेश के ही इनके द्वारा हरे पेड़ों को धराशायी किया जा रहा है. इसे लेकर ग्रामीणों ने जिला के वरीय पदाधिकारियों से उक्त मामले में जांच की मांग की गयी है. इस संबंध में पूछे जाने पर डीएफओ ने कहा कि निर्माणाधीन कंपनी को सड़क निर्माण के दौरान सड़क किनारे के कुछ पेड़ों को काटने, तो कुछ पेड़ों को ट्रांसप्लांट करने की अनुमति दी गयी है, जिसकी मार्किंग भी पेड़ों पर करायी गयी है, साथ ही बताया कि ग्रामीणों द्वारा आदेश की कॉपी मांगे जाने पर कर्मियों को हर हाल में दिखाना है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन