ePaper

बाल विवाह बच्चियों के स्वास्थ्य व मानसिक विकास के लिए घातक

Updated at : 21 Dec 2025 3:42 PM (IST)
विज्ञापन
बाल विवाह बच्चियों के स्वास्थ्य व मानसिक विकास के लिए घातक

100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान को लेकर हुआ जागरूकता कार्यक्रम

विज्ञापन

100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान को लेकर हुआ जागरूकता कार्यक्रम भभुआ सदर. जिला व सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार अनुराग के निर्देशन में रविवार को शहर के वार्ड संख्या 14 स्थित सामुदायिक भवन में 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में उपस्थित महिला हेल्पलाइन प्रबंधक विनिता गुप्ता ने महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बाल विवाह बच्चियों के स्वास्थ्य और मानसिक विकास के लिए घातक है. वहीं, अधिकार मित्र अनुराग परदेशी ने समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति के अधिकारों की चर्चा करते हुए लोगों को जागरूक किया. पैनल अधिवक्ता जितेंद्र उपाध्याय ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम के कड़े प्रावधानों के बारे में विस्तार से जानकारी दी. उन्होंने बताया कि जिला व सत्र न्यायाधीश के नेतृत्व में प्राधिकार का लक्ष्य जिले के हर वार्ड और गांव को बाल विवाह मुक्त बनाना है. कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने लोगों से अपील की कि यदि उनके संज्ञान में बाल विवाह का कोई भी मामला आता है, तो वे तुरंत इसकी सूचना टोल फ्री नंबर 15100 या महिला हेल्पलाइन को दें. सूचना देने वाले का नाम पूरी तरह गुप्त रखा जायेगा.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
VIKASH KUMAR

लेखक के बारे में

By VIKASH KUMAR

VIKASH KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन