अधौरा में बाल विवाह रोकथाम को लेकर निकला जागरूकता रथ

प्रखंड अंतर्गत विभिन्न गांवों में बाल विवाह पर रोकथाम को लेकर जागरूकता रथ निकाला गया.
अधौरा. प्रखंड अंतर्गत विभिन्न गांवों में बाल विवाह पर रोकथाम को लेकर जागरूकता रथ निकाला गया. इस दौरान गांव गांव घूमकर लोगों को बताया गया कि बाल विवाह एक कानून अपराध है. 21 वर्ष से कम आयु के लड़के और 18 वर्ष से कम आयु की लड़की का विवाह करवाने वाले दोषी करार किये गये माता पिता व रिश्तेदारों को दो वर्ष की सजा और एक लाख रुपये तक जुर्माना या दोनों हो सकते है. बाल विवाह करवाने वाले पंडित, मोलवी व पादरी को भी सजा हो सकती है. साथ ही नाई, हलवाई, बैंड बाजा व टेंट वाले सहित इसमें जो भी शामिल होंगे उन्हें भी दो वर्ष की सजा और एक लाख रुपये तक जुर्माना या दोनों हो सकते है. बाल विवाह में शामिल व्यक्तियों पर भी यही दंड लागू होगा. लोगों से अपील की गयी कि हम सब मिलकर बाल विवाह को जड़ से मिटाएं और बच्चों को उनके अधिकार दिलाएं. रथ यात्रा को प्रखंड कार्यालय से प्रखंड विकास पदाधिकारी रविंद्र कुमार, अंचल अधिकारी मोहम्मद जमशेद व अन्य कर्मियों ने संयुक्त रूप से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. इस अवसर पर सामाजिक कार्यकर्ता भोला सिंह समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे.
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