एक करोड़ रुपये लेकर आवास पूरा नहीं करनेवाले 101 लाभुकों पर होगा केस

Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 23 Apr 2019 7:31 AM

विज्ञापन

शिव कुमार भारती, मोहनिया : प्रधानमंत्री आवास योजना के एक करोड़ दो लाख 25 हजार रुपये लेकर लंबे समय से आवास नहीं बनाने व आवास को पूरा नहीं करनेवाले प्रखंड की 17 पंचायतों के 101 लाभुकों पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं. क्योंकि, ऐसे लाभुकों पर केस करने का मन प्रखंड विकास पदाधिकारी अजय […]

विज्ञापन

शिव कुमार भारती, मोहनिया : प्रधानमंत्री आवास योजना के एक करोड़ दो लाख 25 हजार रुपये लेकर लंबे समय से आवास नहीं बनाने व आवास को पूरा नहीं करनेवाले प्रखंड की 17 पंचायतों के 101 लाभुकों पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं. क्योंकि, ऐसे लाभुकों पर केस करने का मन प्रखंड विकास पदाधिकारी अजय कुमार सिंह बना चुके हैं.

वित्तीय वर्ष 2016-17 व 2017-18 में ही योजना की राशि लेकर प्रशासन के आदेश को ठेंगा दिखाने के साथ बीडीओ द्वारा कई बार जारी किये गये सफेद व लाल नोटिस को नजर अंदाज करने व बार-बार पदाधिकारी से आवास बना लेने का वादा कर उनको चकमा देने वाले व प्रशासन के आग्रह को उनकी मजबूरी समझने वाले ऐसे लाभुकों को इस बार कानून का पाठ पढ़ाने की ठान लेने वाले बीडीओ ने इन लाभुकों की सूची तैयार करवा ली है.
बहुत जल्द ही इन लाभुकों पर सर्टिफिकेट केस किया जायेगा. वहीं, राशि की वापसी नहीं करने वाले लाभुकों पर प्राथमिकी दर्ज करा उनको जेल भेजा जायेगा व न्यायालय से अनुमति लेकर उनकी संपत्ति भी जब्त की जा सकती है.
क्योंकि, सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना का मुख्य उद्देश्य है वैसे गरीब वर्ग के लोगों के सिर पर पक्की छत मुहैया करना, जो आर्थिक तंगी की वजह से अपना पक्का घर नहीं बना सकते हैं. इनको होने वाली प्राकृतिक आपदा से बचाने के लिए सरकार इस योजना का लाभ देती है. इस योजना की राशि का दुरुपयोग करने वालों को कानून किसी भी कीमत पर नहीं बख्शेगा.
कितने लाभुकों ने ली कितनी राशि
पीएम आवास योजना के अंतर्गत चयनित लाभुक के खाते में पहली किस्त की राशि के रूप में 55 हजार व काम आगे बढ़ने पर दूसरी किस्त की राशि के रूप में 45 हजार और अंतिम किस्त की राशि के रूप में 30 हजार रुपये खाते में भेजी जाती है.
इस तरह प्रखंड की 17 पंचायतों के 101 लाभुकों में पहली किस्त की राशि 19 लाभुकों के खाते में 10 लाख 45 हजार रुपये लगभग एक वर्ष पहले ही भेजी जा चुकी है. दूसरी किस्त की राशि 46 लाभुकों के खाते में भेजी जा चुकी है, जिसमें से 10 लाभुकों के खाते में प्रति लाभुक कुल राशि 90 हजार की दर से नौ लाख रुपये व 36 लाभुकों के खाते में 36 लाख रुपये.
इस तरह दूसरी किस्त के रूप में सभी 46 लाभुकों के खाते में दूसरी किस्त की कुल राशि के रूप में 45 लाख रुपये भेजे गये थे. तीसरी और अंतिम किस्त की राशि 36 लाभुकों के बीच 46 लाख 80 हजार भेजी जा चुकी है.
इस तरह सभी 101 लाभुकों के खाते में आवास योजना की कुल एक करोड़ दो लाख 25 हजार रुपये भेजी जा चुकी है. 79 लाभुकों के खातों में वर्ष 2017 में ही राशि भेज दी गयी थी. जबकि, 22 लाभुकों के खाते में राशि वर्ष 2018 में जनवरी से मार्च महीने के बीच भेजी गयी थी. प्रखंड की 18 पंचायतों में सिर्फ बेलौड़ी एक ऐसी पंचायत है, जहां के एक भी लाभुक का नाम इस सूची में शामिल नहीं है.
क्या है सफेद, लाल नोटिस व सर्टिफिकेट केस
जब लाभुक सरकार की योजना का लाभ प्राप्त कर लेता है. लेकिन राशि लेने के बाद भी उस कार्य को नहीं शुरू करता है या उसको अधूरा छोड़ता है. ऐसी स्थिति में उस योजना की प्रगति की जांच प्रशासन द्वारा कराया जाता है. जिन लाभुकों द्वारा योजना को पूरा नहीं किया जाता है, उन्हें जांच कर्मी पहली बार मौखिक रूप से आवास को पूर्ण करने का निर्देश देते हैं.
कुछ समय बाद उसकी समीक्षा होती है कार्य की यथास्थिति रहने पर कर्मी के जांच प्रतिवेदन के आधार पर बीडीओ द्वारा वैसे लाभुक को सफेद नोटिस जारी कर निर्धारित तिथि के अंदर कार्य को शुरू या अपूर्ण को पूर्ण करने का अवसर दिया जाता है.
यदि फिर भी लाभुक पहल नहीं करता है तो अगली बार लाल नोटिस जारी कर लाभुक को अंतिम चेतावनी दी जाती है. यदि लाल नोटिस के बावजूद लाभुक उदासीन बना रहता है, तो लाभुक के विरुद्ध सीओ के न्यायालय में नीलामपत्र वाद दायर (सर्टिफिकेट) केस दर्ज कराया जाता है.
इसके बाद सीओ मामले की सुनवाई कर उस लाभुक को आवास बनाने का एक निश्चित अवधि तक का अवसर देते हैं. यदि उस अवधि तक लाभुक आवास कार्य पूरा नहीं करता है, तब लाभुक से उसके द्वारा ली गयी आवास की राशि नजारत के खजाना में जमा करायी जाती है. यदि लाभुक ली गयी राशि जमा नहीं करता है.
तब उस पर स्थानीय थाना में प्राथमिकी दर्ज करायी जाती है. इसके बाद पुलिस उक्त लाभुक को गिरफ्तार कर जेल भेजती है और फिर न्यायाधीश मामले की सुनवाई कर अपना जो निर्णय देंगे उसके अनुसार दोष सिद्ध लाभुक को दंड या आर्थिक दंड या दोनों दिया जा सकता है.
बोले बीडीओ
इस संबंध में बीडीओ अजय कुमार सिंह ने कहा कि 101 लाभुकों की सूची तैयार करवा ली गयी है. जिन्होंने वर्ष 2016-17 एवं 2017-18 में आवास योजना की राशि लेकर आवास बनाने का कार्य तक नहीं शुरू किया है और कुल लोगों ने अधूरा छोड़ रखा है.
ऐसे लोगों पर सफेद व लाल नोटिस कर कई बार निर्माण कार्य पूर्ण करने का अवसर दिया गया. लेकिन, इन लोगों पर असर नहीं पड़ रहा है. अब इन सभी लाभुकों पर नीलामपत्र वाद के साथ जरूरत पड़ी, तो एफआइआर दर्ज करायी जायेगी.
तय समय में काम करें पूरा
मुख्यमंत्री सात निश्चय योजनाओं को पूरा करने पर दिया जोर
बीडीओ व प्रखंड पंचायत राज अधिकारियों के साथ बैठक कर दिये गये आवश्यक निर्देश
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन