बिहार में रैयतों को मामूली फीस पर मिलेगी जमीन से जुड़े दस्तावेज की डिजिटल कॉपी, सरकार ने बनायी एसओपी

रैयतों को जमीन से जुड़े दस्तावेज की डिजिटल कॉपी मामूली फीस पर अंचल पर ही उपलब्ध कराने के लिए आधुनिक अभिलेखागार सह डाटा सेंटर (मॉर्डन रिकाॅर्ड रूम) के संचालन को लेकर नियमावली लगभग तैयार हो गयी है.
पटना. रैयतों को जमीन से जुड़े दस्तावेज की डिजिटल कॉपी मामूली फीस पर अंचल पर ही उपलब्ध कराने के लिए आधुनिक अभिलेखागार सह डाटा सेंटर (मॉर्डन रिकाॅर्ड रूम) के संचालन को लेकर नियमावली लगभग तैयार हो गयी है. राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग जून- जुलाई में सभी अंचलों को यह उपलब्ध कराने की तैयारी कर चुका है.
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग जून- जुलाई में सभी अंचलों को यह उपलब्ध कराने की तैयारी कर चुका है. अभिलेखों की प्रतिलिपि प्राप्त करने की मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) भी तैयार कर ली गयी है. रिकाॅर्ड रूम में खतियान, नक्शा, रजिस्टर टू सहित राजस्व एवं जमीन संबंधी 26 प्रकार के दस्तावेज डिजिटल फाॅर्म में रहेंगे. लोगों को राजस्व कर्मी के पास जाने की जरूरत नहीं होगी.
जमीन मालिकों को एक ही जगह से दस्तावेज देने की सहूलियत देने के लिए राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग इ- धरती योजना के तहत राज्य के सभी 534 अंचलों में आधुनिक अभिलेखागार भवन तैयार करा रहा है. 436 अंचलों में ये दो मंजिला भवन बनकर तैयार हो चुके हैं. इन आधुनिक अभिलेखागार सह डाटा सेंटर में विभिन्न प्रकार के अभिलेखों को संरक्षित रखने के साथ-साथ इसकी प्रतिलिपि भी उपलब्ध कराने की कार्रवाई शुरू की जा रही है.
इसके लिए प्रत्येक अभिलेखागार में चार कंप्यूटर, प्रिंटर व स्कैनर समेत सभी जरूरी उपकरण दिये जा रहे हैं. यहां पूरा काम सीसीटीवी कैमरे की नजर में होगा. इन आधुनिक अभिलेखागार-सह-डाटा सेंटर से अभिलेखों की प्रतिलिपि प्राप्त करने की मानक संचालन प्रक्रिया की तैयार की जा रही, जो लगभग पूरी हो चुकी है.
एसओपी के जरिये ही रिकाॅर्ड रूम में कार्यरत कर्मी अपनी जिम्मेदारी निर्वहन करेंगे. किस दस्तावेज के लिए क्या फीस ली जायेगी. आवेदन के कितने समय बाद उपलब्ध कराया जायेगा. किस दस्तावेज के लिए जमीन स्वामी को आवेदन के साथ कौन- सा दस्तावेज संलग्न करना होगा. समय पर दस्तोवज उपलब्ध नहीं होता है, तो रैयत कहां शिकायत कर सकता है, आदि बिंदुओं को ध्यान में रखकर एसओपी बनायी गयी है.
अपर मुख्य सचिव राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग विवेक कुमार सिंह का कहना है कि सभी अंचलों में जल्द ही माॅर्डन रिकाॅर्ड रूम एक्टिव कर दिये जायेंगे. इनके लिए डाटा इंट्री ऑपरेटर का नियोजन बेल्ट्रॉन या अन्य एजेंसी के माध्यम से किया जा रहा है. सभी जिलों में अपर समाहर्ता माॅर्डन रिकॉर्ड रूम के लिए नोडल अधिकारी है.
Posted by Ashish Jha
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




