गोपालगंज : ठंड के मौसम ने तो इस बार बहुत परेशान नहीं किया, लेकिन गर्मी से रहम की उम्मीद हरगिज नहीं करें. इस बार आपको भीषण गर्मी का सामना करना पड़ सकता है.
मौसम विज्ञानी डॉ एसएन पांडेय की मानें तो अध्ययन के मुताबिक इस बार अप्रैल, मई व जून में 28 दिन ऐसे हो सकते हैं, जब अधिकतम तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से अधिक होगा. यह अनुमान 42 वर्षों की गर्मी के मौसम पर अध्ययन के बाद सामने आया है. साइंटिफिक विश्लेषण में गर्मी का लगातार बढ़ने का रुझान है.
गर्मी के तीन महीने में 44 डिग्री सेल्सियस से अधिक सेल्सियस वाले दिनों का औसत 15 है, जबकि बीते कुछ वर्षों में इन दिनों की संख्या औसत से लगातार अधिक रही है.इस वर्ष 45 डिग्री सेल्सियस से अधिक वाले दिनों की संख्या 28 होने का अनुमान है.
अध्ययन से मिले आंकड़ों पर अगर गौर करें तो बीते पांच वर्षों से गर्मी के दिन औसत दिनों से अधिक रहे हैं. 2014 में तो यह आंकड़ा 28 दिन तक पहुंच गया था. इस वर्ष पूर्वानुमान सही निकला तो 2014 की तरह ही इस बार गर्मी का सामना करना पड़ेगा.
2014 से पहले 2011 में 35 दिन अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस से अधिक था.सोमवार को अधिकतम तापमान 34.8 डिग्री तो न्यूनतम तापमान 20.1 डिग्री दर्ज किया गया. पश्चिमी हवाओं के मंद पड़ने से 3 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली. आर्द्रता 33 से 72 फीसदी के बीच रही. मार्च के अंतिम सप्ताह में पारा 35 के पार पहुंच चुका है.
आज हो सकती है बूंदाबांदी
शहर में तेजी से बढ़ रहे तापमान पर 26 मार्च को एक से दो दिनों के लिए विराम लग सकता है. डॉ एसएन पांडेय ने बताया कि इसकी वजह अफगानिस्तान के ऊपर पश्चिमी विक्षोभ का बना होना है, जो पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों की ओर स्थानांतरित हो रहा है. इसकी वजह से गोपालगंज सहित उत्तर बिहार के कुछ जिलों में आसमान में बादल छा सकते हैं और कुछ स्थानों पर बूंदाबांदी भी हो सकती है.
