ePaper

बक्सर में टारगेट पूरा करने के लिए हो रही गड़बड़ी, जिन्होंने नहीं ली वैक्सीन उन्हें भी मिल रहा सर्टिफिकेट

Updated at : 13 Jan 2022 2:11 PM (IST)
विज्ञापन
बक्सर में टारगेट पूरा करने के लिए हो रही गड़बड़ी, जिन्होंने नहीं ली वैक्सीन उन्हें भी मिल रहा सर्टिफिकेट

बक्सर में इंद्रदेव त्रिवेदी बिना टीका लिये सर्टिफिकेट पाने वाले इकलौता व्यक्ति नहीं है. यह निराली खेल टारगेट पूरा करने में बड़े पैमाने पर जिले के सभी प्रखंडों में जारी है.

विज्ञापन

बक्सर जिले के स्वास्थ्य विभाग के अजीबो कारनामे सामने आ रहे है. इस क्रम में सिमरी प्रखंड से एक मामला सामने आया है. इसमें जिले के स्वास्थ्य विभाग कोरोना वैक्सीन नहीं लेने वाले को न केवल टीका दे दिया है बल्कि टीका लेने का सर्टिफिकेट भी जारी कर दिया है. इसके बाद टीका लेने के लिए स्लॉट बुक कराने वाले इंद्रदेव त्रिवेदी काफी परेशान हो गये है. उन्होंने विभाग की इस निराली खेल की जानकारी प्रभात खबर को दी. इसके बाद उन्होंने प्रभात खबर को जानकारी देते हुए आपबीती बतायी.

त्रिवेदी ने बताया कि उनका प्रीकॉशन डोज के लिए स्लॉट सिमरी प्रखंड के नगपुरा एचएससी केंद्र पर 10 जनवरी को मिला था. जहां उनको स्लॉट का समय 3 बजे से 5 बजे तक का निर्धारित किया गया था. लेकिन निर्धारित समय से केंद्र पर पहुंचने पर केंद्र बंद पाया गया. वे बिना टीका लिये ही वापस घर पहुंच गये. जैसे ही घर पहुंचे तो उनके मोबाइल पर टीकाकृत होने की मैसेज पहुंच गया. जबकि टीकाकेंद्र पर कोई भी स्वास्थ्य कर्मी नहीं था और न ही उन्होने टीका लिया है.

वहीं विभाग से उन्हें प्रीकॉशन टीका लेने का सर्टिफिकेट भी जारी कर दिया गया है. ज्ञात हो कि इंद्रदेव त्रिवेदी जिला में अकेले ऐसा बिना टीका लिये सर्टिफिकेट लेने वाले व्यक्ति नहीं है. ऐसा खेल बहुत पहले से जिला में जारी है. जहां निर्धारित तिथि को बिना संबंधित व्यक्ति के जानकारी के ही कागजों में टीका दिया जा रहा है. यह खेल निराली है, जिसकी जिले में जांच होनी चाहिए. इस निराली खेल में टीका नहीं लेने वालों की परेशानी के साथ ही सरकार का करोड़ों रुपये का चुना विभाग द्वारा लगाया गया है.

टारगेट पूरा करने के लिए हो रही गड़बड़ी

जिले में इंद्रदेव त्रिवेदी बिना टीका लिये सर्टिफिकेट पाने वाले इकलौता व्यक्ति नहीं है. यह निराली खेल टारगेट पूरा करने में बड़े पैमाने पर जिले के सभी प्रखंडों में जारी है. जांच होने पर मामला समस्तीपुर के कोरोना जांच घोटाला की तरह निकलेगा. जहां बिना टीका दिये ही टीकाकृत होने एवं सर्टिफिकेट जारी कर दिया गया है. स्वास्थ्य विभाग के विश्वस्त सूत्र की मानें तो बताया कि जिले के टारगेट के अनुपात में प्रखंडों को टारगेट दिया गया है.

Also Read: पटना समेत 10 जिलों में कोरोना संक्रमण की गति तेज, बिहार के 20 जिलों में 100 से अधिक मिले नये केस

जिसे वे पूरा करने के उदेश्य से पूर्व में टीका ले चुके लोगों को बिना टीका लिए ही टीका लेने का मैसेज दिया जा रहा है. वहीं हड़बड़ी में केंद्र पर पहुंचने वाले लोगों को विवाद होने की संभावना को देखते हुए टीका दे दिया जाता है, जिससे विवाद न हो सके. सूत्र ने बताया कि एक महिला दिल्ली में रहती है उसे टीका दे दिया गया है. इसके परिजनों के हंगामा करने के बाद उन्हें आने पर टीका देने का आश्वासन दिया गया है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन