अंचल कार्यालय का डीसीएलआर ने किया समीक्षा लंबित मामलों पर जतायी नाराजगी

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अंचल कार्यालय का डीसीएलआर ने किया समीक्षा लंबित मामलों पर जतायी नाराजगी

विधानसभा चुनाव की प्रक्रिया संपन्न होने के बाद प्रशासनिक गति फिर से तेज हो गयी है.

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बक्सर. विधानसभा चुनाव की प्रक्रिया संपन्न होने के बाद प्रशासनिक गति फिर से तेज हो गयी है. इसी क्रम में गुरुवार को डीसीएलआर शशि भूषण ने सदर अंचल कार्यालय का समीक्षा किया. समीक्षा के दौरान उन्होंने कार्यालय व्यवस्था, कर्मचारियों की उपस्थिति, लंबित राजस्व मामलों तथा हाल ही में चलाए गए राजस्व महाअभियान के तहत प्राप्त आवेदनों की विस्तृत समीक्षा की. समीक्षा के दौरान कई मामलों में अपेक्षित प्रगति न मिलने पर उन्होंने गहरी नाराजगी जताई . इस दौरान उन्होंने अधिकारियों-कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि अब चुनाव समाप्त हो चुका है, इसलिए सभी लंबित फाइलों का शीघ्र निपटारा अनिवार्य है. डीसीएलआर ने सबसे पहले दाखिल-खारिज शाखा का निरीक्षण किया, जहां कई पुराने प्रकरण अब तक लंबित पाये गये. उन्होंने संबंधित कर्मचारियों से कारण पूछा और फाइलों की धीमी प्रगति पर असंतोष व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि भूमि संबंधी मामलों में देरी से आम जनता को भारी परेशानी होती है. राजस्व विभाग का मुख्य दायित्व लोगों को समय पर सेवा उपलब्ध कराना है, इसलिए फाइलों को अनावश्यक रूप से लंबित रखना किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगा. इसके बाद उन्होंने कार्यालय में कर्मचारियों की उपस्थिति रजिस्टर की जांच की. कर्मचारी निर्धारित समय से आफिस आने को कहां सरकारी सेवा में लापरवाही और उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जायेगी. उन्होंने अंचलाधिकारी को निर्देश दिया कि उपस्थिति में ढिलाई बरतने वाले कर्मचारियों के खिलाफ नियम के अनुसार कार्यवाही की जाये. राजस्व महाअभियान के दौरान प्राप्त नामांतरण, उत्तराधिकार, बंटवारा एवं अन्य आवेदनों की समीक्षा करते हुए डीसीएलआर ने पाया कि काफी संख्या में आवेदन अब तक निपटाए नहीं गये हैं. उन्होंने संबंधित राजस्व कर्मियों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि जिस मौजा में सबसे अधिक मामले लंबित पाये जायेंगे, वहां के कर्मचारी से लेकर राजस्व निरीक्षक तक के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जायेगी. उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनता से जुड़े मामलों में देरी किसी भी कीमत पर स्वीकार्य नहीं है. समीक्षा के दौरान सरकारी भू–संपत्तियों से जुड़े दाखिल-खारिज के मामलों पर भी विशेष चर्चा की गयी. डीसीएलआर ने कहा कि सरकारी जमीन से संबंधित मामलों में पारदर्शिता और सावधानी अत्यंत आवश्यक है. ऐसे मामलों की फाइलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जाये, ताकि किसी प्रकार की अनियमितता या विवाद की स्थिति उत्पन्न न हो. डीसीएलआर शशि भूषण ने संपूर्ण अंचल कार्यालय को निर्देश दिया कि आगामी एक सप्ताह के भीतर लंबित सभी मामलों की अद्यतन रिपोर्ट प्रस्तुत की जाये. उन्होंने कहा कि प्रशासन की मंशा स्पष्ट है जनता को तेज, पारदर्शी और जिम्मेदार सेवाएं उपलब्ध कराना. यदि कोई कर्मचारी इसके विपरीत कार्य करता है तो उसके विरुद्ध कठोर विभागीय कार्रवाई तय है. समीक्षा बैठक में सदर सीओ राहुल शंकर, राजस्व अधिकारी राजन कुमार समेत राजस्व कर्मचारी, अंचल कार्यालय के कर्मचारी शामिल रहे.

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