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मुजफ्फरपुर के कनिष्क ब्रिटेन में बने सांसद, सिविल सर्विसेज में भी दे चुके हैं योगदान…

Updated at : 07 Jul 2024 7:57 AM (IST)
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kanishka narayan mp in britain| Bihar News: Kanishk of Muzaffarpur becomes MP in Britain

ब्रिटेन में कनिष्क नारायण

Bihar News: मुजफ्फरपुर के कनिष्क नारायण इंग्लैंड में सांसद बने हैं. वह यूके (यूनाइटेड किंगडम) के वेल्स से लेबर पार्टी के उम्मीदवार के रूप में सांसद निर्वाचित किए गए हैं. बता दें कि कनिष्क के पिता संतोष कुमार और माता चेतना सिन्हा दोनों यूके के वेल्स के कार्डिफ में सॉलिसिटर हैं.

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Bihar News: मुजफ्फरपुर के कनिष्क नारायण इंग्लैंड में सांसद बने हैं. वह यूके (यूनाइटेड किंगडम) के वेल्स से लेबर पार्टी के उम्मीदवार के रूप में सांसद निर्वाचित किए गए हैं. बता दें कि कनिष्क के पिता संतोष कुमार और माता चेतना सिन्हा दोनों यूके के वेल्स के कार्डिफ में सॉलिसिटर हैं.

उनका मूल निवास दामूचक स्थित सोधों हाउस है. कनिष्क नारायण ब्रिटेन में रहने वाले एशियाई मूल के अल्पसंख्यक पृष्ठभूमि छात्रवृत्ति के साथ इटेन, आक्सफोर्ड व स्टैनफोर्ड अमेरिका से पढ़ाई पूरी की है.

इटेन लंदन का सबसे प्रसिद्ध स्कूल माना जाता है. इसी स्कूल से भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने भी पढ़ाई की थी. आक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से अर्थशास्त्र की पढ़ाई करने के बाद कनिष्क अमेरिका के स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी से आगे की पढ़ाई की.

सिविल सर्विसेज के बाद राजनीति में रखा कदम (kanishka narayan life story)

कनिष्क मैनेजमेंट की पढ़ाई करने के बाद किसी प्राइवेट कंपनी में नौकरी किए. इसके बाद सिविल सर्विस में आए. सिविल सेवा के बाद उन्होंने राजनीति में कदम रखा. कनिष्क ने लोकसेवक के रूप में पूर्व ब्रिटिश प्रधान मंत्री डेविड कैमरन के साथ पर्यावरण विभाग में कार्य किया.

वहीं लिजट्स के अधीन भी इनको कार्य करने का मौका मिला. कनिष्क की इस बड़ी उपलब्धि पर शहर के साथ-साथ देश के अन्य हिस्सों से भी बधाई संदेश आ रहे हैं.

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12 वर्ष की उम्र में माता-पिता के साथ चले गए थे लंदन

करीब 22 वर्ष पहले कनिष्क अपने माता पिता के साथ लंदन चले गए. उस वक्त कनिष्क नारायण की उम्र करीब 12 वर्ष थी. स्थानीय लोगों के मुताबिक करीब दो महीने पहले ही लंदन से पूरा परिवार मुजफ्फरपुर आया था. उनका अपनी जन्मभूमि से गहरा नाता है.

जब भी घर से बुलावा जाता है वे सपरिवार शामिल होते हैं. बता दें कि वे लोग छठ पूजा लंदन में ही मनाते हैं. लंदन में ही भारतीय मूल के लोगों के साथ मिलकर एक मंदिर का निर्माण कराया है. कनिष्क इसके सदस्य भी हैं.

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Abhinandan Pandey

लेखक के बारे में

By Abhinandan Pandey

भोपाल से शुरू हुई पत्रकारिता की यात्रा ने बंसल न्यूज (MP/CG) और दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अनुभव लेते हुए अब प्रभात खबर डिजिटल तक का मुकाम तय किया है. वर्तमान में पटना में कार्यरत हूं और बिहार की सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को करीब से समझने का प्रयास कर रहा हूं. गौतम बुद्ध, चाणक्य और आर्यभट की धरती से होने का गर्व है. देश-विदेश की घटनाओं, बिहार की राजनीति, और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि रखता हूं. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स के साथ प्रयोग करना पसंद है.

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