बेतिया में पेपरलेस निबंधन की धीमी रफ्तार, पांच दिनों में सिर्फ एक जमीन की रजिस्ट्री
निबंधन कर्यालय के काउंटर पर पसरा सन्नाटा
बेतिया में पेपरलेस निबंधन व्यवस्था लागू होने के बावजूद उम्मीद के मुताबिक रफ्तार नहीं पकड़ पाई है. शुरुआती पांच दिनों में केवल एक क्रेता ने इस नई प्रणाली के तहत जमीन की रजिस्ट्री करवाई है. अधिकारी इसे समझने में लगने वाला समय बता रहे हैं.
Bettiah News: जमीन की रजिस्ट्री प्रक्रिया को पारदर्शी और आधुनिक बनाने के उद्देश्य से लागू की गई पेपरलेस निबंधन व्यवस्था को शुरुआती स्तर पर अपेक्षित रफ्तार नहीं मिल सकी है. नई व्यवस्था लागू होने के पांच दिनों में जिले में केवल एक क्रेता ने पेपरलेस प्रणाली के तहत जमीन का निबंधन कराया है. इसके कारण जिला निबंधन कार्यालय में पहले की तुलना में काफी कम भीड़ दिखाई दे रही है.
पांच दिनों में सिर्फ एक रजिस्ट्री
पेपरलेस निबंधन व्यवस्था लागू होने के बाद पांच दिनों में केवल एक क्रेता ने इस प्रणाली के माध्यम से जमीन का निबंधन कराया है. निबंधन कार्यालय में अधिकारी और कर्मचारी नियमित रूप से उपस्थित रहकर आवेदकों की प्रतीक्षा कर रहे हैं, लेकिन क्रेता और विक्रेताओं की कम भागीदारी के कारण नई व्यवस्था की शुरुआत धीमी बनी हुई है.
दस्तावेज नवीस भी पहुंच रहे कार्यालय
नई व्यवस्था के बावजूद दस्तावेज नवीस अपने निर्धारित समय पर निबंधन कार्यालय पहुंच रहे हैं. कार्यालय में आवश्यक प्रक्रिया को पूरा करने के लिए अधिकारी और कर्मचारी भी मौजूद रह रहे हैं. हालांकि, रजिस्ट्री कराने वाले लोगों की संख्या कम होने से कार्यालय में पहले जैसी चहल-पहल नहीं दिख रही है.
पहले सैकड़ों की भीड़, अब इक्का-दुक्का लोग
जानकारों के अनुसार पहले निबंधन कार्यालय में प्रतिदिन बड़ी संख्या में क्रेता और विक्रेता पहुंचते थे. नई पेपरलेस व्यवस्था लागू होने के बाद कार्यालय में इक्का-दुक्का लोग ही नजर आ रहे हैं. माना जा रहा है कि नई प्रक्रिया को लेकर लोगों में अभी पर्याप्त जानकारी और जागरूकता का अभाव है.
नई व्यवस्था को समझने में लग रहा समय
कई क्रेता और विक्रेता पहले से चली आ रही निबंधन प्रक्रिया के अभ्यस्त हैं. ऐसे में पेपरलेस प्रणाली में बदलाव को समझने और नई प्रक्रिया अपनाने में उन्हें समय लग रहा है. विभाग की ओर से लोगों को नई व्यवस्था की जानकारी देने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें.
जिला अवर निबंधक ने कहा- बढ़ेगी रफ्तार
जिला अवर निबंधक गिरीशचंद्र ने बताया कि पेपरलेस निबंधन व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी, सरल और समय की बचत करने वाली प्रणाली है. उन्होंने कहा कि किसी भी नई व्यवस्था को अपनाने में शुरुआती दिनों में लोगों को थोड़ा समय लगता है. विभाग लगातार लोगों को प्रक्रिया की जानकारी दे रहा है. जागरूकता बढ़ने के साथ पेपरलेस प्रणाली से जमीन निबंधन कराने वालों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है.
यह भी पढ़ें: कमर तक पानी में ड्यूटी, बिना पुल ऐसे भारत-नेपाल सीमा की सुरक्षा कर रहे SSB जवान
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में
By अवध किशोर तिवारी
अवध किशोर तिवारी तीन दशक से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. इन्होंने हिंदी दैनिक राष्ट्रीय सहारा के दिल्ली संस्करण से करियर की शुरुआत की. वर्तमान में वर्ष 2018 से प्रभात खबर के बेतिया ब्यूरो कार्यालय से जुड़े हैं. सामाजिक, अपराध, राजनीतिक एवं जनसरोकार से जुड़ी खबरों पर उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










