बिहार में पुलों के 500 मीटर के दायरे में बालू खनन और खुदाई पर लगी रोक, सभी डीएम को कड़े निर्देश

Author : Prabhat Khabar News Desk Published by : Prabhat Khabar Updated At : 11 Mar 2021 7:00 AM

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राज्य सरकार ने पुलों के रखरखाव और अवैध बालू खनन पर रोक लगाने के लिए सभी डीएम को कड़े निर्देश दिये हैं. पथ निर्माण विभाग ने पुलों के आस-पास बालू खनन और किसी भी प्रकार की खुदाई पर रोक लगा दी है.

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पटना. राज्य सरकार ने पुलों के रखरखाव और अवैध बालू खनन पर रोक लगाने के लिए सभी डीएम को कड़े निर्देश दिये हैं. पथ निर्माण विभाग ने पुलों के आस-पास बालू खनन और किसी भी प्रकार की खुदाई पर रोक लगा दी है.

इस प्रतिबंध के दायरे में राज्य की सभी नदियों पर निर्मित या निर्माणाधीन पुलों को रखा गया है. अब किसी भी नदी में पुल से पांच सौ मीटर अप और पांच सौ मीटर डाउन स्टीम में खनन नहीं हो सकेगा.

पथ निर्माण विभाग के अपर मुख्य सचिव अमृतलाल मीणा ने सभी जिलों के डीएम को पत्र लिखकर पुलों के आसपास बालू खनन करने वालों पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है.

अमृतलाल मीणा ने कहा है कि आवागमन सुलभ करने के लिए 15 सालों में सभी नदियों पर सैकड़ों पुलों का निर्माण कराया गया है. पुलों के आसपास बालू का खनन किया जा रहा है. इससे नदी के बहाव क्षेत्र में बड़ा बदलाव होने से पुलों की नींव में भारी नुकसान पहुंचा है.

कई जगहों से इस तरह की सूचनाएं मिली हैं. उन्होंने बताया कि दक्षिण बिहार से गुजरने वाली फल्गू, पंचाने, सकरी, सोन, पुनपुन, बदुआ, चानन और गोईठवा आदि नदियों पर बने पुलों को नुकसान पहुंचने की शिकायतें सबसे अधिक हैं.

सभी डीएम से कहा गया है कि पुल के निर्माण पर सरकार बड़ी राशि खर्च की करती है. पुल के आसपास बालू के अवैध खनन करने से इन पुलों को नुकसान नहीं होने दिया जा सकता है.

अब डीएम की जिम्मेदारी है कि वह सभी नदियों पर निर्मित-निर्माणाधीन पुल स्थल से 500 मीटर अप स्टीम और 500 मीटर डाउन स्टीम में किसी भी परिस्थिति में बालू-मिट्टी आदि का खनन और खुदाई को प्रतिबंधित किया जाना सुनिश्चित करें.

Posted by Ashish Jha

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