औरंगाबाद के किसान ने शुरू की विदेशी फलदार पौधों की वैज्ञानिक खेती, आधुनिक तकनीक से बढ़ाएंगे आय

Author Sujit kumar|Edited by Yuvraj Ratan
Updated:
विज्ञापन
रोकें.... औरंगाबाद में आज निकलेगी भगवान जगन्नाथ की भव्य रथ यात्रा

पौधों की तस्वीर

Aurangabad News : ओबरा प्रखंड के डिहरी गांव के प्रगतिशील किसान कृष्णाकांत शर्मा ने अपने खेत में विदेशी फलदार पौधों की वैज्ञानिक खेती शुरू की है. उन्होंने इजराइल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस से पौधे मंगाए और आधुनिक सिंचाई प्रणाली अपनाई है.

विज्ञापन

Aurangabad News : पारंपरिक खेती से आगे बढ़ते हुए ओबरा प्रखंड के डिहरी गांव के प्रगतिशील किसान एवं पूर्व व्यापार मंडल अध्यक्ष कृष्णाकांत शर्मा ने अपने निजी खेत में विदेशी फलदार पौधों की वैज्ञानिक तरीके से खेती शुरू की है. उन्होंने उत्तर प्रदेश स्थित इजराइल सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, बस्ती से विभिन्न प्रजातियों के उच्च गुणवत्ता वाले पौधे मंगाकर उनका रोपण कराया है.

वैज्ञानिक पद्धति से किया जा रहा पौधों का रोपण

कृष्णाकांत शर्मा ने बताया कि पौधों का रोपण पूरी तरह वैज्ञानिक पद्धति से किया जा रहा है. प्रत्येक पौधे को लगभग चार मीटर की दूरी पर कतारबद्ध तरीके से लगाया गया है, ताकि पौधों का समुचित विकास हो सके और भविष्य में बेहतर उत्पादन प्राप्त हो.

आधुनिक सिंचाई प्रणाली से होगी बेहतर पैदावार

उन्होंने बताया कि पौधों की सुरक्षा और सिंचाई के लिए आधुनिक इरिगेशन सिस्टम स्थापित किया गया है. इससे कम पानी में अधिक उत्पादन की संभावना बढ़ेगी और पौधों को आवश्यक मात्रा में नियमित सिंचाई मिल सकेगी.

बिना सरकारी अनुदान के शुरू की नई पहल

कृष्णाकांत शर्मा ने बताया कि इस परियोजना के लिए उन्हें सरकार की ओर से किसी प्रकार का अनुदान या आर्थिक सहायता प्राप्त नहीं हुई है. इसके बावजूद बेहतर उत्पादन और अधिक मुनाफे की संभावना को देखते हुए उन्होंने अपने निजी संसाधनों से इस पहल की शुरुआत की है.

किसानों से आधुनिक तकनीक अपनाने की अपील

उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक और वैज्ञानिक खेती को अपनाकर किसान पारंपरिक फसलों के साथ-साथ विदेशी फलदार पौधों की खेती से भी बेहतर आय अर्जित कर सकते हैं. उन्होंने क्षेत्र के किसानों से व्यावसायिक बागवानी और आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने की अपील की.

कृषि विशेषज्ञों ने भी सराहा प्रयोग

कृष्णाकांत शर्मा की यह पहल क्षेत्र के किसानों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है. कृषि विशेषज्ञों का भी मानना है कि यदि आधुनिक सिंचाई व्यवस्था और वैज्ञानिक पद्धति से खेती की जाए तो इस तरह के प्रयोग भविष्य में किसानों की आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं.

Also Read : आधे घंटे की बारिश में डूबे दाउदनगर के दोनों राष्ट्रीय राजमार्ग, जल निकासी व्यवस्था की खुली पोल



विज्ञापन
Sujit Kumar

लेखक के बारे में

By Sujit Kumar

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन