अधिकांश मोजाें की जमाबंदी आधी-अधूरी

Updated:
विज्ञापन
अधिकांश मोजाें की जमाबंदी आधी-अधूरी

लोगों को हो रही परेशानी

विज्ञापन

फारबिसगंज. फारबिसगंज प्रखंड में ऑनलाइन जमाबंदी रजिस्टर (रजिस्टर-2) को डिजिटल करने का काम अभी भी अधूरा है. कई मौजा में बड़ी संख्या में रैयतों की जमीन का ब्योरा ऑनलाइन उपलब्ध नहीं है. जिससे लोग अपनी जमीन की जानकारी लेने व जमाबंदी रजिस्टर की पुष्टि के लिए अंचल कार्यालयों का चक्कर लगाने को मजबूर हैं. सरकार ने दावा किया था कि ऑनलाइन जमाबंदी व्यवस्था से रैयतों को घर बैठे अपनी जमीन की जानकारी मिल जायेगी. लेकिन जब लोग पोर्टल पर अपनी जमीन का ब्योरा खोजते हैं, तो उनका रिकॉर्ड गायब मिलता है. इसके कारण उन्हें मजबूरन अंचल कार्यालय जाना पड़ता है. जहां भी समाधान नहीं मिलता व अधिकारी टालमटोल करते हैं. जब लोग बताते हैं कि उनकी जमीन का ब्योरा ऑनलाइन नहीं दिख रहा है, तो उन्हें यही जवाब मिलता है कि परिमार्जित प्लस पर आवेदन करें. आवेदन करने के महिनों बाद भी लोगों की समस्या जस की तस बनी हुई है. अधूरे डिजिटलीकरण के कारण लोग सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाने को मजबूर हो रहे हैं. वहीं राजस्व कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल से भी जमीन संबंधी कार्य के लिए लोगों को भटकना पड़ रहा है. वहीं अधिकारियों की मानें तो आनलाइन अपडेट का कार्य चल रहा है लोगों के आवेदन पर काम किया जा रहा है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
प्रफुल्ल भारती

लेखक के बारे में

By प्रफुल्ल भारती

प्रफुल्ल भारती प्रिंट माध्यम में 16 और डिजिटल माध्यम में पिछले 5 वर्षों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. सामाजिक सरोकार, अपराध, शिक्षा, राजनीतिक खबरों में रुचि रखते हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन