Sankashti Chaturthi 2026: इस दिन मनाया जाएगा सकट चौथ, जानें किन कामों से बचें

Published by : Shaurya Punj Updated At : 31 Jan 2026 1:52 PM

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सकट चौथ पर भूल कर भी न करें ये काम

Sankashti Chaturthi 2026: सकट चौथ, जिसे संकष्टी चतुर्थी भी कहा जाता है, फरवरी 2026 से पहले हफ्ते में ही मनाई जाएगी. इस दिन भगवान गणेश की पूजा का विशेष महत्व है. मान्यताओं के अनुसार, व्रत के दौरान चंद्र दर्शन से पहले चंद्रमा न देखें, झूठ-क्रोध से बचें और तामसिक भोजन न करें.

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Sankashti Chaturthi 2026: सनातन धर्म में संकष्टी चतुर्थी, जिसे आम भाषा में सकट चौथ कहा जाता है, भगवान गणेश को समर्पित एक विशेष व्रत है. यह व्रत हर महीने कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को रखा जाता है. शास्त्रों और परंपराओं के अनुसार, इस दिन विधि-विधान से गणपति जी की पूजा करने से जीवन के कष्ट, बाधाएं और मानसिक परेशानियां दूर होती हैं.

संकष्टी चतुर्थी 2026 की तिथि और दिन

  • फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि
  • आरंभ: 5 फरवरी 2026 को रात 12 बजकर 09 मिनट
  • समाप्त: 6 फरवरी 2026 को रात 12 बजकर 22 मिनट

उदयातिथि के अनुसार द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थी व्रत 5 फरवरी 2026, गुरुवार को रखा जाएगा. इस दिन चंद्र दर्शन और अर्घ्य का विशेष महत्व माना गया है.

सकट चौथ में भूलकर भी न करें ये काम

सकट चौथ का व्रत केवल उपवास नहीं, बल्कि संयम, शुद्ध आचरण और श्रद्धा का पर्व है. मान्यता है कि व्रत के दौरान की गई कुछ गलतियां इसके फल को कम कर सकती हैं.

व्रत से पहले चंद्रमा के दर्शन न करें

इस व्रत को चंद्र दर्शन के बाद ही खोला जाता है. दिन या शाम को चंद्रमा देखने से व्रत का पुण्य नहीं मिलता, ऐसा शास्त्रों में बताया गया है.

झूठ, क्रोध और कटु वाणी से बचें

भगवान गणेश को बुद्धि और शांति का देवता माना जाता है. झूठ बोलना, गुस्सा करना, किसी का अपमान करना, इनसे व्रत की पवित्रता प्रभावित होती है.

बिना स्नान और शुद्धता के पूजा न करें

सकट चौथ के दिन सुबह स्नान करके ही व्रत और पूजा शुरू करनी चाहिए. अशुद्ध अवस्था में पूजा करना शुभ नहीं माना जाता.

 तामसिक भोजन से पूरी तरह दूरी रखें

व्रत के दिन इन चीजों से परहेज करें:

मांस-मदिरा, लहसुन-प्याज, अत्यधिक मसालेदार भोजन, सात्विक भोजन या फलाहार को ही श्रेष्ठ बताया गया है.

चंद्रमा को अर्घ्य देना न भूलें

चंद्रमा को जल, दूध या अक्षत मिलाकर अर्घ्य देना व्रत का सबसे जरूरी भाग है. अर्घ्य के बिना व्रत अधूरा माना जाता है.

पूजा में जल्दबाजी या दिखावा न करें

पूजा मन से, शांत भाव से करें. जल्दी-जल्दी या केवल दिखावे के लिए की गई पूजा से पूरा फल नहीं मिलता.

व्रत और व्रती का मजाक न बनाएं

जो लोग यह व्रत रखते हैं, उनका उपहास करना या नियमों को हल्के में लेना अशुभ माना गया है. श्रद्धा का सम्मान करना ही धर्म का मूल है.

सकट चौथ का असली संदेश क्या है?

संकष्टी चतुर्थी हमें यह सिखाती है कि केवल पूजा ही नहीं, बल्कि आचरण, संयम और सोच की शुद्धता भी उतनी ही जरूरी है. गणेश जी संकट तभी दूर करते हैं, जब भक्त धैर्य और सही मार्ग पर चलता है.

सकट चौथ का व्रत डर या दिखावे का नहीं, बल्कि श्रद्धा और आत्मसंयम का पर्व है. अगर आप नियमों का पालन सच्चे मन से करते हैं, तो मान्यता है कि भगवान गणेश जीवन की रुकावटों को धीरे-धीरे दूर करते हैं और मन को शांति प्रदान करते हैं.

ज्योतिषाचार्य डॉ एन के बेरा | 20+ वर्षों का अनुभव
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Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

शौर्य पुंज डिजिटल मीडिया में पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर हैं. उन्हें न्यूज वर्ल्ड में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. शौर्य खबरों की नब्ज को समझकर उसे आसान और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में माहिर हैं. साल 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान उन्होंने दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांसिंग की. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में दो महीने की इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन के लिए कार्य करना शुरू किया. उस समय उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस बिजनेस और एंटरटेनमेंट गॉसिप जैसी खबरों पर काम किया. साल 2020 में कोरोना काल के दौरान उन्हें लाइफस्टाइल, धर्म-कर्म, एजुकेशन और हेल्थ जैसे नॉन-न्यूज सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. उन्होंने लाइफस्टाइल कैटेगरी के कई महत्वपूर्ण सेक्शनों में योगदान दिया. Health & Fitness सेक्शन में डाइट, योग, वेट लॉस, मानसिक स्वास्थ्य और फिटनेस टिप्स से जुड़े उपयोगी कंटेंट पर कार्य किया. Beauty & Fashion सेक्शन में स्किन केयर, हेयर केयर, मेकअप और ट्रेंडिंग फैशन विषयों पर लेख तैयार किए. Relationship & Family कैटेगरी में पति-पत्नी संबंध, डेटिंग, पैरेंटिंग और दोस्ती जैसे विषयों पर जानकारीपूर्ण कंटेंट लिखा. Food & Recipes सेक्शन में हेल्दी फूड, रेसिपी और किचन टिप्स से संबंधित सामग्री विकसित की. Travel सेक्शन के लिए घूमने की जगहों, बजट ट्रिप और ट्रैवल टिप्स पर लेखन किया. Astrology / Vastu में राशिफल, वास्तु टिप्स और ज्योतिष आधारित कंटेंट पर काम किया. Career & Motivation सेक्शन में सेल्फ-इम्प्रूवमेंट, मोटिवेशन और पर्सनैलिटी डेवलपमेंट विषयों पर योगदान दिया. Festival & Culture सेक्शन में त्योहारों की परंपराएं, पूजा विधि और शुभ मुहूर्त से संबंधित कंटेंट पर कार्य किया. इसके अलावा Women Lifestyle / Men Lifestyle और Health Education & Wellness जैसे विषयों पर भी मर्यादित एवं जानकारीपूर्ण लेखन के माध्यम से योगदान दिया. साल 2023 से शौर्य ने पूरी तरह से प्रभातखबर.कॉम के धर्म-कर्म और राशिफल सेक्शन में अपना योगदान देना शुरू किया. इस दौरान उन्होंने दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस किया. साथ ही पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए सरल, सहज और जानकारीपूर्ण धार्मिक कंटेंट तैयार करने पर लगातार कार्य किया. रांची में जन्मे शौर्य की प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एण्ड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की. यह शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें हिंदी पत्रकारिता की वह विशेषज्ञता प्रदान करती है, जो पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे — के आधार पर प्रभावी और तथ्यपूर्ण समाचार लेखन के लिए आवश्यक मानी जाती है.

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