ePaper

मौनी अमावस्या पर बन रहा है ये शुभ योग, शिव भक्तों को मिलेगा अपार लाभ

Updated at : 21 Jan 2025 12:35 PM (IST)
विज्ञापन
Mauni Amavasya 2025 Shubh Sanyog

Mauni Amavasya 2025 Shubh Sanyog

Mauni Amavasya 2025: मौनी अमावस्या, जो इस साल 29 जनवरी को पड़ रही है, एक खास और शुभ दिन माना जाता है. इस दिन खास योगों का संयोग बन रहा है, जो सभी भक्तों के लिए लाभकारी साबित हो सकता है. खासतौर पर, गंगा में स्नान करने का महत्व इस दिन और बढ़ जाता है. […]

विज्ञापन

Mauni Amavasya 2025: मौनी अमावस्या, जो इस साल 29 जनवरी को पड़ रही है, एक खास और शुभ दिन माना जाता है. इस दिन खास योगों का संयोग बन रहा है, जो सभी भक्तों के लिए लाभकारी साबित हो सकता है. खासतौर पर, गंगा में स्नान करने का महत्व इस दिन और बढ़ जाता है. माना जाता है कि गंगा में स्नान करने से सभी पाप मिट जाते हैं और भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त होती है.

शनि करेंगे मीन राशि में गोचर करेंगे, जानें पड़ेगा क्या असर

मौनी अमावस्या की मान्यता

मौनी अमावस्या को लेकर एक विशेष मान्यता है कि इस दिन गंगा में स्नान करने से किसी भी प्रकार के पाप, चाहे वे जान-बूझकर किए गए हों या अनजाने में, दूर हो जाते हैं. इस दिन विशेष रूप से भक्त भगवान शिव की पूजा करते हैं.

मौनी अमावस्या पर शिववास योग और सिद्धि योग

इस साल, मौनी अमावस्या पर दो विशेष योग बन रहे हैं. पहला योग है शिववास योग, जो 29 जनवरी को दिन के 6:05 बजे तक रहेगा. इसे भगवान शिव के साथ जुड़ा हुआ एक खास योग माना जाता है, जो भक्तों के लिए विशेष शुभ फल लेकर आता है.इसके अलावा, सिद्धि योग भी इस दिन बन रहा है, जो रात के 9:22 बजे तक रहेगा. सिद्धि योग को बेहद शुभ माना जाता है और इस दौरान भगवान शिव की पूजा से भक्तों की सभी इच्छाएं पूरी होती हैं.

श्रवण और उत्तराषाढ़ा नक्षत्रों का भी बन रहा संयोग

मौनी अमावस्या पर श्रवण और उत्तराषाढ़ा नक्षत्रों का संयोग भी बन रहा है, जो पूजा के प्रभाव को और बढ़ा देता है. इस दिन की पूजा से भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त होती है और जीवन में सुख-समृद्धि आती है.

मौनी अमावस्या की महत्वपूर्ण तिथियां और समय

मौनी अमावस्या की शुरुआत: 28 जनवरी, शाम 7:35 बजे से
मौनी अमावस्या का समापन: 29 जनवरी, शाम 6:05 बजे

मौनी अमावस्या का महत्व

इस दिन गंगा स्नान के बाद भगवान शिव की पूजा करना और दान-पुण्य करना विशेष रूप से लाभकारी माना जाता है. साथ ही, यह दिन ध्यान और साधना का भी है, जब भक्त पूरी श्रद्धा और ध्यान से भगवान शिव की उपासना करते हैं.

जन्मकुंडली, वास्तु, तथा व्रत त्यौहार से सम्बंधित किसी भी तरह से जानकारी प्राप्त करने हेतु दिए गए नंबर पर फोन करके जानकारी प्राप्त कर सकते हैं.

ज्योतिषाचार्य संजीत कुमार मिश्रा
ज्योतिष वास्तु एवं रत्न विशेषज्ञ
8080426594/9545290847

विज्ञापन
Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

मैंने डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव हासिल किया है. पिछले 6 वर्षों से मैं विशेष रूप से धर्म और ज्योतिष विषयों पर सक्रिय रूप से लेखन कर रहा हूं. ये मेरे प्रमुख विषय हैं और इन्हीं पर किया गया काम मेरी पहचान बन चुका है. हस्तरेखा शास्त्र, राशियों के स्वभाव और उनके गुणों से जुड़ी सामग्री तैयार करने में मेरी निरंतर भागीदारी रही है. रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज से मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री प्राप्त करने के बाद. इसके साथ साथ कंटेंट राइटिंग और मीडिया से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में काम करते हुए मेरी मजबूत पकड़ बनी. इसके अलावा, एंटरटेनमेंट, लाइफस्टाइल और शिक्षा जैसे विषयों पर भी मैंने गहराई से लेखन किया है, जिससे मेरी लेखन शैली संतुलित, भरोसेमंद और पाठक-केंद्रित बनी है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola