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Holika Dahan 2021: इस बार नहीं पड़ रहा अशुभ भद्रा योग, इस शुभ मुहूर्त में करें पूजा, जानें अनाज से क्यों देना चाहिए हवन, क्यों भूल कर भी नहीं करना चाहिए ये काम

By Prabhat khabar Digital
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Holika Dahan 2021, Samagri, Dos & Donts
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Holika Dahan 2021 Time, Shubh Muhurat, Puja Vidhi, Bhadra Yoga, Hawan With Grains, Samagri Details, Dos & Donts: होलिका दहन का मुहूर्त शुरू हो चुका है. पंडित डॉ श्रीपति त्रिपाठी की मानें तो होलिका दहन के दौरान अनाज से हवन देने की परंपरा होती है. उनके अनुसार होलिका शब्द संस्कृत से लिया गया है जिसका अर्थ होता है भूना हुआ अनाज. ऐसे में होलिका दहन में अनाज से हवन करना बेहद शुभ माना गया है. आपको बता दें कि इस बार होलिका दहन में अशुभ माना गया भद्रा योग बाधा नहीं बनेगा. होलिका दहन का शुभ मुहूर्त शाम 6.30 से रात 8.30 बजे तक रहेगा. लोग चौक-चौराहों पर लकड़ियों इकट्ठा करके अगजा जलाते है. ऐसे में आइए जानते हैं अगजा के लिए किन सामग्रियों की पड़ सकती है जरूरत, इस दौरान क्या करना चाहिए और क्या नहीं...

होलिका दहन सामग्री (Holika Dahan Samagri)

मान्यताओं के अनुसार जल, फूल, चावल, हल्दी, कच्चा सूत, मूंग व गेहूं की बालियां डालनी चाहिए. इस दौरान सूखी लकड़ियों का ही इस्तेमाल करना चाहिए साथ ही साथ कांटेदार झाड़ियां व इसके पत्ते आदि भी होलिका दहन के लिए इस्तेमाल में ला सकते हैं.

होलिका दहन तिथि (Holika Dahan Muhurat)

  • होलकि दहन रविवार, 28 मार्च 2021 को मनाई जाएगी.

  • होलिका दहन मुहूर्त: 18 बजकर 37 मिनट से 20 बजकर 56 मिनट तक

  • कुल अवधि: 02 घंटे 20 मिनट की

होली 2021 की तिथि और शुभ मुहूर्त (Holi 2021 Shubh Muhurat)

  • पूर्णिमा तिथि प्रारम्भ: मार्च 28, 2021 को 03:27 बजे

  • पूर्णिमा तिथि समाप्त: मार्च 29, 2021 को 00:17 बजे

होलिका दहन के दौरान क्या करना चाहिए क्या नहीं

  • पंडित त्रिपाठी की मानें तो मनोकामनाओं की पूर्ति हेतु अनाज से हवन को बेहद शुभ माना गया है.

  • इस दिन अनाज से हवन करना चाहिए

  • चौक-चौराहों पर सूखी लकड़ियों को इकट्ठा करके अगजा प्रज्वलित करना चाहिए. कांटेदार झाड़ियां व पत्ते आदि भी शामिल कर सकते हैं.

  • टायर-ट्यूब जैसी सामग्रियों को अगजा में शामिल नहीं करना चाहिए. यह धार्मिक और वैज्ञानिक दृष्टिकोण से भी हानिकारक होता है.

  • होलिका दहन के बाद उस जगह को अच्छे से सफाई कर देना चाहिए.

Posted By: Sumit Kumar Verma

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