आरती कीजै हनुमान लला की, यहां देखें भार्वाथ सहित हनुमान जी की आरती
Published by : Shaurya Punj Updated At : 07 Jan 2025 7:52 AM
Hanuman Jee Ki Aarti lyrics in hindi
Hanuman Jee Ki Aarti lyrics in hindi: मंगलवार के दिन बजरंगबली को प्रसन्न करने के लिए हनुमान चालीसा का पाठ अवश्य करें. पूजा के दौरान उनकी आरती करना न भूलें.
Hanuman Jee Ki Aarti: आज मंगलवार को हनुमान जी की पूजा के साथ-साथ इस आरती का पाठ अवश्य करना चाहिए. इससे बजरंगबली अत्यंत प्रसन्न होते हैं. यहां हनुमान जी की आरती का पाठ करें और इसके भावार्थ को भी देखें.
हनुमान जी की आरती
आरती कीजै हनुमान लला की। दुष्ट दलन रघुनाथ कला की।।
जाके बल से गिरिवर कांपे। रोग दोष जाके निकट न झांके।।
अंजनि पुत्र महाबलदायी। संतान के प्रभु सदा सहाई।।
दे बीरा रघुनाथ पठाए। लंका जारी सिया सुध लाए।।
लंका सो कोट समुद्र सी खाई। जात पवनसुत बार न लाई।।
लंका जारी असुर संहारे। सियारामजी के काज संवारे।।
लक्ष्मण मूर्छित पड़े सकारे। आणि संजीवन प्राण उबारे।।
पैठी पताल तोरि जमकारे। अहिरावण की भुजा उखाड़े।।
बाएं भुजा असुर दल मारे। दाहिने भुजा संतजन तारे।।
सुर-नर-मुनि जन आरती उतारे। जै जै जै हनुमान उचारे।।
कंचन थार कपूर लौ छाई। आरती करत अंजना माई।।
लंकविध्वंस कीन्ह रघुराई। तुलसीदास प्रभु कीरति गाई।।
हनुमान जी की आरती का भावार्थ
।। आरती कीजै हनुमान लला की। दुष्ट दलन रघुनाथ कला की ।।
।। आरती कीजै हनुमान लला की। दुष्ट दलन रघुनाथ कला की ।।
अर्थः हम सभी वीर हनुमान जी की आरती करते हैं. वे दुष्टों का नाश करने वाले और श्रीराम जी के परम भक्त हैं.
।। जाके बल से गिरिवर कांपे। रोग दोष जाके निकट न झांके ।।
अर्थ- जिनके बल के आगे बड़े-बड़े पहाड़ भी कांप उठते है. जो भक्त रोजाना हनुमान जी के नाम का जाप करते है रोग और दोष उनके समीप झांककर भी नहीं देखते.
।। अंजनि पुत्र महाबलदायी । सन्तन के प्रभु सदा सहाई ।।
अर्थ: माँ अंजनी ने एक महान पुत्र को जन्म दिया है जो संतों अर्थात हनुमान जी हमेशा संत लोगों की सहायता करते है.
।। दे बीरा रघुनाथ पठाए। लंका जारि सिया सुध लाए ।।
अर्थ- रघुनाथ श्रीराम जी ने हनुमान जी को माता सीता को ढूंढने का महान कार्य दिया था जिसे उन्होंने सफलतापूर्वक किया. हनुमान जी ने रावण की नगरी लंका जलाकर माता सीता का पता लगाकर आये .
।। लंका सो कोट समुद्र सी खाई। जात पवनसुत बार न लाई ।।
अर्थ- लंका के चारों तरफ समुद्र जैसी गहरी खाई थी जो अभिन्न थी, जिसे कोई भी आसानी से पार नहीं कर सकता था लेकिन पवन पुत्र हनुमान जी शीघ्र अति शीघ्र वायु से भी तेज गति से समुद्र को लांघकर, गहरी खाई को पार करके लंका पहुंचकर माता सीता की खबर लाते है.
।। लंका जारि असुर संहारे। सियारामजी के काज संवारे ।।
अर्थ- हनुमान जी ने लंका जाकर असुरों का नाश किया और माता सीता से मिलकर सियावर श्री राम जी के सीता माता की खोज के कार्य को पूर्णतः पूरा किया.
।। लक्ष्मण मूर्छित पड़े सकारे। आणि संजीवन प्राण उबारे ।।
अर्थ- मेघनाथ से युद्ध के दौरान श्री लक्ष्मण जी मूर्छित हो गए तब हनुमान जी सुबह होने से पहले संजीवनी बूटी के लिए पूरे पर्वत को लाकर लक्ष्मण जी के प्राणों की रक्षा की थी.
।। पैठी पताल तोरि यमकारे। अहिरावण की भुजा उखारे ।।
अर्थ- जब अहिरावण श्रीराम व लक्ष्मण जी को पाताल लोक ले गया तब आप ने ही अहिरावण का वध करके प्रभु को उसके बंधन से मुक्त कराया था.
।। बाएं भुजा असुर दल मारे। दाहिने भुजा संतजन तारे ।।
अर्थ- हनुमान जी अपने एक (बाएं) हाथ से असुरों का नाश करते है और दूसरे (दाएं) हाथ से हमेशा संत लोगों और सच्चे भक्तों का सहयोग करते है.
।। सुर-नर-मुनि जन आरती उतारे। जै जै जै हनुमान उचारे ।।
अर्थ- देवता, मनुष्य और ऋषि मुनि जन सर्वदा आपकी आरती उतारते है और आपके नाम का जयकार करते हुए जय हनुमान, जय हनुमान का जाप करते है.
।। कंचन थार कपूर लौ छाई। आरती करत अंजना माई ।।
अर्थ- माता अंजनी स्वर्ण की थाली में कपूर की लौ से आप की आरती उतारती है. इसलिए भक्तजनों श्री हनुमान जी की आरती में सदा कपूर अवश्य जलाएं.
।। जो हनुमानजी की आरती गावै। बसि बैकुंठ परमपद पावै ।।
अर्थ- जो भक्त सच्चे मन हनुमान जी की आरती गाते है वह इस लोक में सब सुखों को भोगते हुए अंत में बैकुंठ का निवास पाते है.
।। लंका विध्वंस किए रघुराई। तुलसीदास स्वामी हरि आरती गाई ।।
अर्थ- रघुवीर के परम भक्त श्री हनुमान जी ने रावण की लंका को जलाकर विनाश कर दिया था और श्रीराम ने रावण का वध कर संपूर्ण लंका को राक्षसों सहित विध्वंस कर दिया था. गोस्वामी तुलसीदास जी स्वयं उनकी कीर्ति का प्रशंसा करते है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Shaurya Punj
शौर्य पुंज डिजिटल मीडिया में पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर हैं. उन्हें न्यूज वर्ल्ड में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. शौर्य खबरों की नब्ज को समझकर उसे आसान और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में माहिर हैं. साल 2008 में ग्रेजुएशन के दौरान उन्होंने दैनिक हिंदुस्तान, प्रभात खबर, दैनिक जागरण और तरंग भारती (हिंदी पाक्षिक समाचार पत्र) के लिए फ्रीलांसिंग की. वर्ष 2011 में उन्होंने दैनिक जागरण के टैब्लॉइड समाचार पत्र iNext में दो महीने की इंटर्नशिप की. इसी दौरान उन्हें प्रभात खबर के डिजिटल सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. अप्रैल 2011 से उन्होंने प्रभातखबर.कॉम के एंटरटेनमेंट सेक्शन के लिए कार्य करना शुरू किया. उस समय उन्होंने बॉलीवुड फिल्म रिव्यू, बॉक्स ऑफिस बिजनेस और एंटरटेनमेंट गॉसिप जैसी खबरों पर काम किया. साल 2020 में कोरोना काल के दौरान उन्हें लाइफस्टाइल, धर्म-कर्म, एजुकेशन और हेल्थ जैसे नॉन-न्यूज सेक्शन में काम करने का अवसर मिला. उन्होंने लाइफस्टाइल कैटेगरी के कई महत्वपूर्ण सेक्शनों में योगदान दिया. Health & Fitness सेक्शन में डाइट, योग, वेट लॉस, मानसिक स्वास्थ्य और फिटनेस टिप्स से जुड़े उपयोगी कंटेंट पर कार्य किया. Beauty & Fashion सेक्शन में स्किन केयर, हेयर केयर, मेकअप और ट्रेंडिंग फैशन विषयों पर लेख तैयार किए. Relationship & Family कैटेगरी में पति-पत्नी संबंध, डेटिंग, पैरेंटिंग और दोस्ती जैसे विषयों पर जानकारीपूर्ण कंटेंट लिखा. Food & Recipes सेक्शन में हेल्दी फूड, रेसिपी और किचन टिप्स से संबंधित सामग्री विकसित की. Travel सेक्शन के लिए घूमने की जगहों, बजट ट्रिप और ट्रैवल टिप्स पर लेखन किया. Astrology / Vastu में राशिफल, वास्तु टिप्स और ज्योतिष आधारित कंटेंट पर काम किया. Career & Motivation सेक्शन में सेल्फ-इम्प्रूवमेंट, मोटिवेशन और पर्सनैलिटी डेवलपमेंट विषयों पर योगदान दिया. Festival & Culture सेक्शन में त्योहारों की परंपराएं, पूजा विधि और शुभ मुहूर्त से संबंधित कंटेंट पर कार्य किया. इसके अलावा Women Lifestyle / Men Lifestyle और Health Education & Wellness जैसे विषयों पर भी मर्यादित एवं जानकारीपूर्ण लेखन के माध्यम से योगदान दिया. साल 2023 से शौर्य ने पूरी तरह से प्रभातखबर.कॉम के धर्म-कर्म और राशिफल सेक्शन में अपना योगदान देना शुरू किया. इस दौरान उन्होंने दैनिक राशिफल, साप्ताहिक एवं मासिक भविष्यफल, पूजा-पाठ, व्रत-त्योहार, शुभ मुहूर्त, ज्योतिषीय उपाय, वास्तु टिप्स और धार्मिक मान्यताओं से जुड़ी खबरों पर विशेष फोकस किया. साथ ही पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए सरल, सहज और जानकारीपूर्ण धार्मिक कंटेंट तैयार करने पर लगातार कार्य किया. रांची में जन्मे शौर्य की प्रारंभिक शिक्षा डीएवी पब्लिक स्कूल, हेहल, रांची से हुई. इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज, रांची से मास कम्यूनिकेशन एण्ड वीडियो प्रोडक्शन में बी.ए. ऑनर्स की डिग्री प्राप्त की. यह शैक्षणिक पृष्ठभूमि उन्हें हिंदी पत्रकारिता की वह विशेषज्ञता प्रदान करती है, जो पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws और 1H — क्या, कौन, कहां, कब, क्यों और कैसे — के आधार पर प्रभावी और तथ्यपूर्ण समाचार लेखन के लिए आवश्यक मानी जाती है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










