Guru Pushya Nakshatra 2024: दिवाली से पहले बन रहा है अमृत सिद्धि का योग, इन चीजों की खरीदारी से होगा फायदा

Updated at : 11 Oct 2025 11:02 AM (IST)
विज्ञापन
Guru Pushya Nakshatra 2024

Guru Pushya Nakshatra 2024

Guru Pushya Nakshatra 2024: इस वर्ष दिवाली से पूर्व 24 अक्टूबर 2024, गुरुवार के दिन गुरु पुष्य नक्षत्र उपस्थित रहेगा, जिसे अत्यंत शुभ माना जा रहा है. इसी दिन अमृत और सर्वार्थ सिद्धि योग भी विद्यमान रहेगा. यह नक्षत्र सोना, चांदी और वाहन की खरीदारी के लिए शुभ माना जाता है.

विज्ञापन

Guru Pushya Nakshatra 2024: दिवाली, जिसे रोशनी का पर्व कहा जाता है, अब कुछ ही दिनों में आने वाली है और इसकी तैयारियां बाजारों में स्पष्ट रूप से देखी जा रही हैं. लोग भी खरीददारी की प्रक्रिया में जुट गए हैं. इसकी शुरुआत नवरात्रि से हो चुकी थी, लेकिन सबसे महत्वपूर्ण और शुभ समय आज 24 अक्टूबर को है.

बन रहा है गुरु पुष्य नक्षत्र के साथ रवि और सर्वार्थ सिद्धि योग

आज 24 अक्टूबर को गुरु पुष्य नक्षत्र के साथ रवि और सर्वार्थ सिद्धि योग का संयोग बन रहा है. शास्त्रों में गुरु पुष्य नक्षत्र को अत्यंत शुभ योगों में से एक माना गया है. यह नक्षत्र गुरुवार के दिन पड़ने के कारण गुरु पुष्य नक्षत्र के नाम से जाना जाता है. इस दिन किसी भी शुभ कार्य, जैसे कि वाहन या संपत्ति की खरीद, नया व्यापार आरंभ करने, या निवेश करने के लिए अनुकूल माना जाता है. इसके अतिरिक्त, यह दिन कुछ राशियों के जातकों के लिए विशेष रूप से लाभकारी सिद्ध हो सकता है. इन राशियों के जातकों को भाग्य का पूरा सहयोग मिलने के साथ-साथ सुख और समृद्धि की प्राप्ति भी हो सकती है.

पुष्य नक्षत्र की अवधि इस प्रकार है

पुष्य नक्षत्र का आरंभ: 24 अक्टूबर 2024, गुरुवार को सुबह 11:45 बजे
पुष्य नक्षत्र का समापन: 25 अक्टूबर 2024, शुक्रवार को दोपहर लगभग 12:31 बजे तक

पुष्य नक्षत्र का महत्व

ज्योतिष के अनुसार, पुष्य नक्षत्र को अत्यंत शुभ माना जाता है. जब यह नक्षत्र गुरुवार के दिन आता है, तब इसे गुरु पुष्य नक्षत्र के नाम से जाना जाता है. यह मान्यता है कि इस नक्षत्र के दौरान यदि आप किसी वस्तु की खरीदारी करते हैं, तो यह आपके लिए लाभकारी होती है और आपके जीवन में समृद्धि और खुशहाली लाती है.

पुष्य नक्षत्र में किन वस्तुओं की खरीदारी करें?

पुष्य नक्षत्र पर बृहस्पति (गुरु), शनि और चंद्र का विशेष प्रभाव होता है, इसलिए इस समय सोना, चांदी, लोहा, बहीखाता, वस्त्र और अन्य उपयोगी सामान खरीदना लाभकारी माना जाता है. इस नक्षत्र के देवता बृहस्पति हैं, जिनका मुख्य तत्व सोना है. शनि के प्रभाव के कारण लोहा भी महत्वपूर्ण है, और चंद्र के प्रभाव से चांदी की खरीदारी भी शुभ मानी जाती है. इस नक्षत्र में स्वर्ण, लोहा, वाहन और चांदी की वस्तुओं की खरीदारी की जा सकती है. इसके अतिरिक्त, इस समय बड़े निवेश करना भी अत्यंत शुभ माना जाता है.

इस साल 2025 में कब है दिवाली

इस साल 2025 में दीवाली का पर्व 20 अक्टूबर 2025 को मनाया जाएगा.

विज्ञापन
Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

मैंने डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव हासिल किया है. पिछले 6 वर्षों से मैं विशेष रूप से धर्म और ज्योतिष विषयों पर सक्रिय रूप से लेखन कर रहा हूं. ये मेरे प्रमुख विषय हैं और इन्हीं पर किया गया काम मेरी पहचान बन चुका है. हस्तरेखा शास्त्र, राशियों के स्वभाव और उनके गुणों से जुड़ी सामग्री तैयार करने में मेरी निरंतर भागीदारी रही है. रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज से मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री प्राप्त करने के बाद. इसके साथ साथ कंटेंट राइटिंग और मीडिया से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में काम करते हुए मेरी मजबूत पकड़ बनी. इसके अलावा, एंटरटेनमेंट, लाइफस्टाइल और शिक्षा जैसे विषयों पर भी मैंने गहराई से लेखन किया है, जिससे मेरी लेखन शैली संतुलित, भरोसेमंद और पाठक-केंद्रित बनी है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola