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सूर्य ग्रहण पर बनेगी 'पंचग्रही योग', इन 4 राशियों के लिए बढ़ेगी सकती है मुश्किलें

Updated at : 17 Feb 2026 9:45 AM (IST)
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Surya Grahan yog

पंचग्रही योग (एआई-निर्मित तस्वीर)

Surya Grahan 2026: फरवरी 2026 को अमावस्या, सूर्य ग्रहण और पंचग्रही योग का अनोखा संयोग बन रहा है. इस दुर्लभ संयोंग का प्रभाव अलग-अलग प्रभाव सभी राशियों पर पड़ेगा. ऐसे में आइए जानते हैआचार्य विनोद त्रिपाठी से जानते है इस समय किन राशियों को सतर्क रहना होगा और किसके लिए यह योग खुशियां लेकर आ सकता है.

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Surya Grahan 2026: आज 17 फरवरी 2026, मंगलवार को फाल्गुन कृष्ण पक्ष की अमावस्या के दिन एक दुर्लभ योग बन रहा है. ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार, आज कुंभ राशि में सूर्य, बुध, शुक्र, राहु और चंद्रमा के मिलन से ‘पंचग्रही योग’ का निर्माण हो रहा है. इसी विशेष संयोग के बीच साल का पहला सूर्य ग्रहण भी लगने जा रहा है, जिसके कारण इस योग का प्रभाव और भी अधिक प्रभावशाली माना जा रहा है.

आचार्य विनोद त्रिपाठी के अनुसार, यह सूर्य ग्रहण भारतीय भूभाग पर दृश्य नहीं होगा. शास्त्रसम्मत नियमों के अनुसार, जहाँ ग्रहण दिखाई नहीं देता, वहाँ उसका सूतक काल मान्य नहीं होता. हालांकि, ज्योतिषीय दृष्टिकोण से सूर्य और चंद्रमा पर लगने वाले ग्रहण की नकारात्मक किरणों का सूक्ष्म प्रभाव वैश्विक स्तर पर समस्त चराचर जगत और पृथ्वी पर पड़ता है, इसलिए इसे पूरी तरह अनदेखा नहीं किया जा सकता.

इन राशियों पर पड़ सकता है प्रभाव

आचार्य विनोद त्रिपाठी ने बताया कि भले ही यह ग्रहण भारत में दिखाई न दे, लेकिन ‘पंचग्रही योग’ के कारण विशेष रूप से चार राशियों के जातकों को सचेत रहने की आवश्यकता है:

  • कुंभ
  • मकर
  • मिथुन
  • सिंह

इन राशियों से जुड़े जातकों को स्वास्थ्य, निर्णय लेने की क्षमता और आर्थिक निवेश में विशेष सावधानी बरतनी चाहिए.

पंचग्रही योग महत्व

शास्त्रों में एक ही राशि में चार या अधिक ग्रहों के मिलन को चुनौतीपूर्ण माना गया है.

“एक राशौ यदा यान्ति चत्वारो पंच वा ग्रहा,
प्लावन्तिं महीम् कृत्स्नेन रुधिरेण जलेन वा.”

अर्थात — जब एक ही राशि में चार या पांच ग्रह एक साथ आ जाते हैं, तो ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार इससे पृथ्वी पर प्राकृतिक आपदाएँ, अशांति या संघर्ष जैसी परिस्थितियाँ उत्पन्न हो सकती हैं.

सावधानी

ज्योतिषीय विश्लेषण के अनुसार, ग्रहण और ग्रहों के इस क्षोभ के कारण 17 मार्च 2026 से 28 जुलाई 2026 के बीच का समय काफी संवेदनशील माना जा रहा है. इस अवधि में हवाई यात्राएँ जोखिम भरी हो सकती हैं. इसलिए राष्ट्र प्रमुखों और प्रबंधन तंत्र को सुरक्षा व्यवस्थाओं के प्रति विशेष सजग रहने की सलाह दी गई है.

अन्य राशियों पर शुभ प्रभाव

जहां चार राशियों के लिए यह समय आत्म-चिंतन और सावधानी का संकेत देता है, वहीं शेष राशियों के लिए वर्ष 2026 अत्यंत शुभ और लाभकारी सिद्ध हो सकता है. ग्रहों का यह परिवर्तन उनके लिए भाग्य के द्वार खोल सकता है. आर्थिक वृद्धि हो सकती है और उन्नति-समृद्धि के नए अवसर मिलने की संभावना है.

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Neha Kumari

लेखक के बारे में

By Neha Kumari

प्रभात खबर डिजिटल के जरिए मैंने पत्रकारिता की दुनिया में अपना पहला कदम रखा है. यहां मैं धर्म और राशिफल बीट पर बतौर जूनियर कंटेंट राइटर के तौर पर काम कर रही हूं. इसके अलावा मुझे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों से जुड़े विषयों पर लिखने में रुचि है.

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