झारखंड में महंगाई भत्ता 17 से बढ़कर हुआ 28 %, DL के लिए अब देने होंगे ज्यादा पैसे, जानें सरकार के अन्य फैसले

Jharkhand Dearness Allowance increased: कैबिनेट ने केंद्र की तर्ज पर राज्य सरकार के कर्मचारियों और पेंशनधारियों का महंगाई भत्ता 11 प्रतिशत बढ़ाने के प्रस्ताव पर मंजूरी दे दी है. एक जुलाई 2021 के प्रभाव से महंगाई भत्ता की दर 17 से बढ़ कर 28 प्रतिशत करने पर सहमति दी गयी.
Jharkhand 7th pay allowance Hike रांची : कैबिनेट ने केंद्र की तर्ज पर राज्य सरकार के कर्मचारियों और पेंशनधारियों का महंगाई भत्ता 11 प्रतिशत बढ़ाने के प्रस्ताव पर मंजूरी दे दी है. एक जुलाई 2021 के प्रभाव से महंगाई भत्ता की दर 17 से बढ़ कर 28 प्रतिशत करने पर सहमति दी गयी. साथ ही राज्य सरकार के पेंशनधारियों और पारिवारिक पेंशनभोगियों को भी एक जुलाई 2021 के प्रभाव से महंगाई भत्ते में वृद्धि का लाभ देने का फैसला किया.
वहीं झारखंड मोटरगाड़ी नियमावली-2021 के प्रारूप पर स्वीकृति दी. नियमावली के नियम छह के अंतर्गत विभिन्न प्रकार के देय शुल्क में लगभग दोगुनी वृद्धि का फैसला किया. भारतीय मुद्रांक अधिनियम 1899 की अनुसूचित एक ‘क’ में संशोधन करने व बिहार मनोरंजन ड्यूटी कोर्ट फीस व मुद्रांक अधिभार संशोधन अधिनियम 1948 की धारा पांच को निरस्त करने पर सहमति दी.
साथ ही बिहार मनोरंजन ड्यूटी कोर्ट फीस तथा मुद्रांक अधिनियम 1948 की धारा पांच के तहत लगनेवाले अतिरिक्त 110 फीसदी अधिभार को निरस्त करने का निर्णय लिया. कैबिनेट सचिव वंदना डाडेल ने बताया कि 27 जुलाई को मंत्रिमंडल ने 19 प्रस्तावों पर सहमति प्रदान की.
कैबिनेट द्वारा लिये गये मुद्रांक शुल्क में वृद्धि के फैसले से राज्य को अतिरिक्त 200 करोड़ का राजस्व प्राप्त होने का आकलन किया गया है. संशोधन के तहत डेवलपर्स एग्रीमेंट और मेमोरेंडम ऑफ एग्रीमेंट करने पर भूमि की कुल कीमत की 2.5 प्रतिशत फीस देय होगी. वहीं, एडॉप्शन डीड की फीस 2,000 रुपये निर्धारित की जायेगी.
एफिडेविट के लिए 20 रुपये शुल्क तय किया गया है. पार्टनरशिप डीड के लिए न्यूनतम 500 और अधिकतम 6,000 रुपये चुकाने होंगे. पार्टनरशिप डीड रद्द कराने के लिए 500 रुपये का शुल्क देय होगा. पारिवारिक संपत्ति बंटवारे का शुल्क 50 रुपये तय किया गया है. वसीयत करने के लिए 5,000 रुपये का शुल्क निर्धारण किया गया है.
कैबिनेट द्वारा स्वीकृत झारखंड मोटरगाड़ी नियमावली-2021 के प्रारूप के मुताबिक, पूर्व निर्धारित शुल्क में वृद्धि का निर्णय लिया गया. इसके तहत लर्निंग लाइसेंस के लिए वर्तमान जांच शुल्क 100 से बढ़ा कर 200 रुपये किया गया. ड्राइविंग लाइसेंस के लिए जांच शुल्क 300 से बढ़ा कर 500 रुपये निर्धारित करने का फैसला किया गया.
दस्तावेजों की प्रति के लिए शुल्क 150 रुपये से बढ़ा कर 300 रुपये किया गया. वहीं, विशेष सवारी गाड़ी बस के पांच सालों का स्थायी परमिट शुल्क 6,000 रुपये से बढ़ा कर 9,000 रुपये कर दिया गया है. कैबिनेट में लिये गये अन्य फैसले में विशेष मोटर कैब को पांच वर्षों के लिए स्थानीय परमिट शुल्क भी 2,000 से बढ़ा कर 3,000 रुपये कर दिया गया है.
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उद्योग निदेशालय के सेवानिवृत्त वरीय लिपिक विश्वनाथ शर्मा को न्यायालय के आदेश के आलोक में सेवानिवृत्ति का लाभ देने की स्वीकृति
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विभागीय परीक्षा से संबंधित विषयों व लेखा विकास, कंप्यूटर, हिंदी व जनजातीय भाषा के पाठ्यक्रमों को झारखंड पशुपालन सेवा भर्ती, प्रोन्नति एवं अन्य शर्त नियमावली 2013 में समाहित करने पर सहमति
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सलोमी एक्का बनाम झारखंड राज्य व अन्य मामलों में पारित न्यायालय आदेशों के आलोक में आठ कारा कर्मियों की सेवा नियमितीकरण पर मंजूरी
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जल शक्ति मंत्रालय, भारत सरकार के जलवायु परिवर्तन राष्ट्रीय कार्ययोजना के तहत राष्ट्रीय जल मिशन द्वारा निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए स्टेट एक्शन प्लान तैयार करने के लिए एनआइएच, रुड़की के साथ पुनरीक्षित एकरारनामा करने व पूर्व निर्गत आदेश में संशोधन की स्वीकृति
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पूर्व से संचालित केंद्र प्रायोजित अंब्रेला समेकित बाल विकास परियोजना के अंतर्गत केंद्र प्रायोजित विभिन्न योजनाओं को 31 मार्च 2022 तक अवधि विस्तार
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राज्य के सरकारी विद्यालयों के वर्ग नौ एवं 10 में नामांकित व पढ़ रहे सभी कोटि छात्रों को नि:शुल्क पाठ्य पुस्तक उपलब्ध कराने पर सहमति
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मधुपुर उपचुनाव के संचालन के लिए 5.51 लाख रुपये झारखंड आकस्मिकता निधि से अग्रिम प्राप्त करने व निकासी के प्रस्ताव पर घटनोत्तर स्वीकृति
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राज्य विधि आयोग की कार्यावधि 14.11.19 से 13.11.21 तक भूतलक्षी प्रभाव से विस्तारित करने की घटनोत्तर स्वीकृति
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केंद्रीय माल और सेवा कर अधिनियम में किये गये संशोधन के आलोक में झारखंड माल और सेवा कर अधिनियम 2017 में प्रस्तावित संशोधनों पर अध्यादेश 2021 के प्राख्यापन पर स्वीकृति
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दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना के तहत विकेंद्रीकृत उत्पादन कार्यक्रम ऑफ ग्रिड के तहत 230 से बढ़ कर 246 में सोलर विद्युतीकरण के लिए पुनरीक्षित परियोजना की राशि 104.86 करोड़ से बढ़ा कर 109 करोड़ रुपये करने की स्वीकृति
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श्रीनाथ विवि विधेयक 2021 पर घटनोत्तर स्वीकृति
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गढ़वा में समाहरणालय भवन निर्माण के लिए 53.99 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति
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राज्य के सरकारी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों में प्रशिक्षण शुल्क लागू करने व कौशन मनी बढ़ाने का फैसला. आइटीआइ में नामांकन के बाद प्रशिक्षार्थियों द्वारा दी जानेवाली कौशन मनी 50 रुपये में वृद्धि कर 500 रुपये की गयी
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झारखंड राज्य राजमार्ग प्राधिकार के माध्यम से बरलंगा-नेमरा-पिरगुल-कसमार पथ 27.06 किमी को दो लेन में चौड़ीकरण व मजबूतीकरण के लिए 176.70 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति
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झारखंड बिजली वितरण निगम द्वारा की जा रही ऊर्जा क्रय के विरुद्ध सब्सिडी की राशि डीवीसी एवं एनटीपीसी को सीधे कोषागार से भुगतान करने पर सहमति
Posted By : Sameer Oraon
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By Prabhat Khabar News Desk
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