ePaper

सुल्तानगंज-अगुवानी घाट पुल गिरने पर तेजस्वी यादव बोले- हमें पहले से ही इसका अंदेशा था

Updated at : 04 Jun 2023 11:04 PM (IST)
विज्ञापन
सुल्तानगंज-अगुवानी घाट पुल गिरने पर तेजस्वी यादव बोले- हमें पहले से ही इसका अंदेशा था

तेजस्वी यादव ने कहा कि सुल्तानगंज- अगुवानी घाट फोरलेन निर्माणाधीन पुल का स्ट्रक्चर गिरने का शक हम लोगों को पहले से था. इसीलिए पुल के सभी पिलर की जांच आईआईटी रूड़की से करायी गयी है. इसकी अंतिम रिपोर्ट आनी थी, इसी बीच यह घटना हुई.

विज्ञापन

बिहार के उप मुख्यमंत्री तेजस्वी प्रसाद यादव ने रविवार को सुल्तानगंज- अगुवानी घाट फोरलेन निर्माणाधीन पुल का स्ट्रक्चर गिरने पर पत्रकारों से बातचीत में कहा है कि इसका शक हम लोगों को पहले से था. 30 अप्रैल, 2022 को आंधी आने के कारण इस पुल के पांच नंबर पिलर का सेगमेंट गिरा था. इसको लेकर आईआईटी रूड़की, आईआईटी मुंबई और एनआईटी पटना ने जांच की थी. जांच के बाद इस पुल के डिजाइन पर सवाल उठा था जिसके बाद पांच नंबर पिलर के सभी सेगमेंट को तोड़वा दिया गया था. इसके बाद सभी पिलर की जांच आईआईटी रूड़की से करायी गयी है. इसकी अंतिम रिपोर्ट आनी थी, इसी बीच यह घटना हुई.

2022 में भी गिरा था पुल 

तेजस्वी प्रसाद यादव ने कहा कि इस फोरलेन निर्माणाधीन पुल को लेकर विधानसभा में दो बार एक मार्च और 13 मार्च 2023 को सवाल आया था. उस समय हमने इस पर जवाब दिया था. हम लोग शंका में थे, इस पुल के डिजाइन आदि की पूरी जांच कराने के बाद ही आगे कदम उठाने का निर्णय लिया गया था. नवंबर, 2022 में समीक्षा बैठक में भी हमने निर्देश दिया था कि पूरी जांच होनी चाहिए. जब पहली बार 30 अप्रैल, 2022 को इसका पिलर गिरा था, तब हम नेता प्रतिपक्ष थे ओर इसको लेकर हमने सवाल भी उठाये थे.

सीएम ने कठोर कार्रवाई करने का दिया निर्देश 

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पथ निर्माण विभाग के अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत से मामले की विस्तृत जानकारी ली. मुख्यमंत्री ने रविवार को अपर मुख्य सचिव पथ निर्माण विभाग को पुल के सुपर स्ट्रक्चर टूटकर गिरने की घटना की विस्तृत जांच कराने और दोषियों को चिन्हित कर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है.

Also Read: अगुवानी घाट-सुलतानगंज का निर्माणाधीन पुल ताश के पत्ते की तरह ढहा, 1750 करोड़ की लागत से गंगा पर बन रहा था पुल
होगी कार्रवाई

पथ निर्माण के अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने कहा कि जांच में दोषी पाये जाने पर संबंधित एजेंसी सहित अन्य पर उचित कार्रवाई होगी, उनको ब्लैक लिस्टेड किया जा सकता है. उन्होंने कहा कि पुल के डिजाइन में डिफेक्ट है जिसकी जांच चल रही थी. इस पर सात दिनों में पूरी जांच रिपोर्ट मिलनी थी. पूरी रिपोर्ट आने के बाद ही काम आगे बढ़ना था. पांच नंबर पिलर के सेगमेंट को को तोड़ा जा चुका है. गुणवत्ता और डिजाइन से कोई समझौता नहीं हो सकता है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन