..और कितनी जूट मिलें होंगी बंद?
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Published at :17 Jun 2015 5:20 AM (IST)
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आज पश्चिम बंगाल में जूट मिलों की समस्या दिनोंदिन बढ़ती जा रही है. यहां अब तक 20 जूट मिलें बंद हो चुकी हैं. इनमें सबसे अधिक उत्तर 24 परगना और हुगली की ही मिलें शामिल हैं. पश्चिम बंगाल में पटसन की खेती अधिक होती है. जूट का यहां के दैनिक जीवन में अहम भूमिका है. […]
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आज पश्चिम बंगाल में जूट मिलों की समस्या दिनोंदिन बढ़ती जा रही है. यहां अब तक 20 जूट मिलें बंद हो चुकी हैं. इनमें सबसे अधिक उत्तर 24 परगना और हुगली की ही मिलें शामिल हैं.
पश्चिम बंगाल में पटसन की खेती अधिक होती है. जूट का यहां के दैनिक जीवन में अहम भूमिका है. इसके बावजूद जूट मिलें बंद की जा रही हैं. आज इस राज्य की स्थिति विकट हो गयी है कि मिल में काम करनेवाले श्रमिक अपने परिवार को लेकर दूसरे राज्य में पलायन कर रहे हैं.
मिलों के बंद होने से बेरोजगारी बढ़ रही है. मिलों का बंद होना एक गंभीर मुद्दा है. लोगों को यह समझ में नहीं आ रहा है कि आखिर सरकार मिलों को बंद क्यों कर रही है? ज्यादातर कामगार दिन-रात चिंता में डूबे हैं. उन्हें यह समझ में नहीं आ रहा है कि वे अपने परिवार का भरण-पोषण कैसे करें. सरकार इस पर ध्यान दे.
ओमप्रकाश प्रसाद, हुगली
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