ePaper

Rubaiya Sayeed Case: रूबिया सईद अपहरण मामले में यासीन मलिक है दोषी, तस्वीरों से 4 आरोपियों की पहचान

Updated at : 15 Jul 2022 7:22 PM (IST)
विज्ञापन
Rubaiya Sayeed Case: रूबिया सईद अपहरण मामले में यासीन मलिक है दोषी, तस्वीरों से 4 आरोपियों की पहचान

रूबिया सईद अपहरण मालमे में यासीन मलिक समेत तीन लोगों की पहचान कर ली गई है. सीबीआई जांच के दौरान तस्वीरों के माध्यम से आरोपियों की पहचान हुई है.

विज्ञापन

जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद की बहन रूबैया सईद विशेष अदालत के समक्ष पेश हुईं और यासीन मलिक तथा तीन अन्य की अपने अपहर्ताओं के रूप में शिनाख्त की. वकील अनिल केठी ने मीडिया को बताया कि सीबीआई जांच के दौरान उसे उपलब्ध कराई गई तस्वीरों के आधार पर सभी की पहचान की है. उन्होंने कहा कि सईद को अगली तारीख 23 अगस्त को कोर्ट में पेश होने के लिए कहा गया है.


सईद ने की 4  आरोपियों की पहचान

सीबीआई की तरफ से वकिल मोनिका कोहली ने कहा कि यह मामला 1989 का है. गवाह रूबैया सईद का बयान आज अदालत में दर्ज किया गया. उसने यासीन मलिक को पहचान लिया है. उसने कुल 4 आरोपियों की पहचान की है. बता दें कि यासिन मलिक के अलावा अपहरण मामले में मोहम्मद मीर, मोहम्मद जमां मीर, इकबाल अहमद, जावेद अहमद वीर, मोहम्मद रफीक, मंजूर अहमद सोफी वजाहत बशीर, मेहराज शेख और शौकत अहमद बख्शी भी आरोपित है.


यासीन मलिक ने कोर्ट के सामने रखी ये मांग

टाडा कोर्ट ने पिछले साल यासिन मलिक और अन्य को आरोपित करार दिया था. बहुचर्चित अपहरण मामले में कोर्ट ने रुबिया सईद के अलावा फेस्पी और डा. शहनाज के बयान को गवाहों के रूप में दर्ज कर रही है. इससे पहले बुधवार को यासीन मलिक ने विशेष अदलात में प्रार्थनापत्र दायर की थी. उसने कहा था कि अपहरण से जुड़े मामले में वह रुबिया सईद और अन्य गवाहों से खुद जरिह करना चाहता है. इस दौरान मलिक ने अनुमति नहीं मिलने पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल करने की बात कही.

Also Read: Jammu Kashmir News: यासीन मलिक के घर के बाहर नारेबाजी, आगजनी व पथराव के मामले में अब तक 19 गिरफ्तार
जानें क्या है मामला

रुबिया सईद से जुड़ा अपहरण का मामला 8 दिसंबर 1989 का है. अपहरणकर्ताओं ने रुबिया सईद को मुक्त करने के लिए जेकेएलएफ के 5 आतंकियों की रिहाई की मांग की थी. इस मामले को गंभिर बताते हुए तब कि वीपी सिंह सरकार ने रुबिया को मुक्त करने के बदले 5 आतंकियों की रिहाई का निर्देश दिया था. तब से साल 2019 तक मामला दबा रहा. यासीन मलिक की गिरफ्तारी के बाद एनआईए ने इस मामले को फिर से जिंदा किया.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola