Delhi Baby Care Fire: दिल्ली बेबी केयर अग्निकांड पर LG का सख्त निर्देश, एसीबी जांच के दिए आदेश

Published by : Pritish Sahay Updated At : 28 May 2024 9:28 PM

विज्ञापन

Delhi Baby Care Fire | PTI

Delhi Baby Care Fire: पूर्वी दिल्ली के विवेक विहार के एक अस्पताल में आग लगने से छह नवजात शिशुओं की मौत के बाद दिल्ली के एलजी वीके सक्सेना ने एसीबी जांच के आदेश दिए हैं.

विज्ञापन

Delhi Baby Care Fire: दिल्ली बेबी केयर अग्निकांड मामले को लेकर दिल्ली के एलजी वीके सक्सेना एक्शन मोड में आ गये हैं. उन्होंने मंगलवार को हादसे को लेकर सख्त निर्देश दिया है. एलजी वीके सक्सेना  ने नर्सिंग होम के रजिस्ट्रेशन की एसीबी जांच का आदेश दिया है. दिल्ली के मुख्य सचिव को लिखे अपने पत्र में वीके सक्सेना ने कहा है कि मैंने इस मामले में बहुत सख्त रुख अपनाया है. उन्होंने कहा कि जिम्मेदारियों के लिए अधिकारियों की ओर से गंभीरता की कमी के कारण मुझे इसमें कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ा है. उन्होंने कहा कि जांच में एसीबी जांच यह आकलन करेगी कि कितने नर्सिंग होम वैध पंजीकरण के बिना काम कर रहे हैं और क्या जिनके पास वैध पंजीकरण है, वे दिल्ली नर्सिंग होम पंजीकरण अधिनियम, 1953 और उसके तहत बनाए गए नियमों के तहत निर्धारित मानदंडों का अनुपालन कर रहे हैं.

क्या जांच करेगी एसीबी
दिल्लीके एलजी वीके सक्सेना ने दिल्ली बेबी केयर अग्निकांड मामले की एसीबी जांच के आदेश दिए हैं. अपनी जांच में एंटी करप्शन ब्रांच (एसीबी)यह देखेगी कि दिल्ली में ऐसे कितने नर्सिंग होम चल रहे हैं जो वैध रजिस्ट्रेशन के साथ काम कर रहे हैं. इसके अलावा एसीबी यह भी आकलन करेगी कि जिन नर्सिंग होम के पास वैध रजिस्ट्रेशन होने के बाद भी वे क्या दिल्ली नर्सिंग होम रजिस्ट्रेशन एक्ट-1953 और उसके तहत बनाए गए सभी नियमों का पालन कर रहे हैं या नहीं.


दिल्ली के एलजी के पत्र के मुताबिक जांच में एसीबी यह भी पता लगाएगी कि क्या स्वास्थ्य विभाग की ओर से पंजीकरण की मंजूरी या उसका नवीनीकरण सौ फीसदी स्थल निरीक्षण के बाद किया गया है या नहीं. सक्सेना ने पत्र में कहा कि 1,190 नर्सिंग होम हैं, जिनमें से एक चौथाई से अधिक बिना वैध पंजीकरण के चल रहे हैं. दिल्ली पुलिस की ओर से दर्ज प्राथमिकी के मुताबिक विवेक विहार इलाके में एक शिशु अस्पताल में आग लगने से पांच ऑक्सीजन सिलेंडर फट गए थे. यह अस्पताल बिना लाइसेंस और दमकल विभाग के अनापत्ति पत्र के बिना संचालित किया जा रहा था. इस घटना में छह नवजातों की मौत हो गई थी. भाषा इनपुट के साथ

Also Read: Weather Forecast: राजस्थान में प्रचंड गर्मी, दिल्ली के आसमान से बरस रही ‘आग’, असम में बारिश का टूटा कहर

विज्ञापन
Pritish Sahay

लेखक के बारे में

By Pritish Sahay

प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola