Delhi Cabinet: निजी स्कूलों के फीस पर नियंत्रण के लिए कानून बनाने को दी मंजूरी

Updated:
विज्ञापन
School

सांकेतिक तस्वीर

मंगलवार को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में फीस वृद्धि को लेकर अहम फैसला लिया गया. कैबिनेट ने दिल्ली स्कूल फीस कानून को मंजूरी दी, जिससे दिल्ली में अब स्कूल मनमानी फीस बढ़ोतरी नहीं कर पायेंगे. कैबिनेट के फैसले की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली विधानसभा का विशेष सत्र बुलाकर इस कानून को पारित कर तत्काल लागू करने का काम किया जायेगा. पिछले कुछ दिनों से फीस वृद्धि को लेकर अभिभावक परेशान थे.

विज्ञापन

Delhi Cabinet: दिल्ली के निजी स्कूलों में फीस वृद्धि को लेकर सियासी लड़ाई हो चुकी है. निजी स्कूलों के मनमाने फीस वृद्धि को लेकर अभिभावक भी आंदोलन कर चुके हैं. ऐसे में फीस वृद्धि को लेकर दिल्ली की भाजपा सरकार ने निजी स्कूलों का ऑडिट कराने का फैसला लिया, ताकि यह पता लगाया जा सके कि पिछले सालों में निजी स्कूलों की ओर से कितनी फीस वृद्धि की गयी है. 

कैबिनेट ने दिल्ली स्कूल फीस कानून को मंजूरी दी, जिससे दिल्ली में अब स्कूल मनमानी फीस बढ़ोतरी नहीं कर पायेंगे. कैबिनेट के फैसले की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि  दिल्ली विधानसभा का विशेष सत्र बुलाकर इस कानून को पारित कर तत्काल लागू करने का काम किया जायेगा. पिछले कुछ दिनों से फीस वृद्धि को लेकर अभिभावक परेशान थे.

अभिभावकों की शिकायत को ��ेखते हुए जिलाधिकारी को निजी स्कूलों की फीस जांचने का आदेश दिया गया. जांच में पता चला कि पूर्व की आप सरकार ने फीस वृद्धि रोकने के लिए कोई कारगर कदम नहीं उठाया और सत्ता से हटते ही उन्हें अभिभावकों की चिंता होने लगी.  

आम आदमी पार्टी ने दिल्ली के लोगों को किया गुमराह

मुख्यमंत्री ने कहा कि फीस वृद्धि रोकने के लिए दिल्ली में कोई कानून नहीं था. आम आदमी पार्टी सरकार और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने लोगों को फीस वृद्धि के नाम पर गुमराह करने का काम किया. आप सरकार के दौरान निजी स्कूलों ने अपने तरीके से फीस बढ़ाने का काम किया. लेकिन भाजपा सरकार ने लोगों की भावना को ध्यान में रखते हुए फीस वृद्धि पर कानून बनाने का फैसला लिया. इस कानून के बाद निजी स्कूलों की मनमानी पर रोक लगेगी.

वहीं शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि पिछले कुछ समय से अभिभावक फीस वृद्धि को लेकर परेशान थे. इसकी शिकायत मुख्यमंत्री के पास पहुंची और जांच के आदेश भी दिए गये थे. अभिभावकों की शिकायत को दूर करने के लिए दिल्ली सरकार ने दिल्ली स्कूल एजुकेशन ट्रांसपेरेंसी इन फिक्सेशन और रेगुलेशन ऑफ फीस 2025 को मंजूरी दी है. इस कानून के तहत फीस बढ़ाने को लेकर कई प्रावधान किए गए हैं. स्कूल फी रेगुलेशन समिति काम करेगी और इसमें अभिभावक को भी शामिल किया जायेगा. साथ ही समिति में एक अनुसूचित जाति और 2 महिला सदस्य होना अनिवार्य है. यह समिति 3 साल के लिए फीस बढ़ाने और घटने के बारे में फैसला लेगी और 31 जुलाई तक समिति का गठन हो जायेगा.

विज्ञापन
Vinay Tiwari

लेखक के बारे में

By Vinay Tiwari

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola