ePaper

Death anniversary of Atal Bihari Vajpayee: अटल बिहारी वाजपेई की पुण्यतिथि: एक राष्ट्र नायक की याद में

Updated at : 16 Aug 2024 1:13 PM (IST)
विज्ञापन
Death anniversary of Atal Bihari Vajpayee

Death anniversary of Atal Bihari Vajpayee

Death anniversary of Atal Bihari Vajpayee: आज पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई की पुण्यतिथि है. इस अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री मोदी ने ‘सदैव अटल स्मारक’ पहुंचकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की.

विज्ञापन

Death anniversary of Atal Bihari Vajpayee: 16 अगस्त 2024 यानी आज अटल बिहारी वाजपेई की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि अर्पित की जा रही है. भारत के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई का निधन 16 अगस्त 2018 को हुआ था. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह समेत अन्य नेताओं ने अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि दी.

अटल बिहारी वाजपेई कब-कब बने प्रधानमंत्री?

अटल बिहारी वाजपेई भारतीय राजनीति के एक महत्वपूर्ण व्यक्तित्व थे, जिन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान देश को नई दिशा देने का काम किया. भारतीय जनता पार्टी (भा.ज.पा.) के सीनियर नेता वाजपेई ने 1996, 1998 और 1999 में भारतीय प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया और उनकी नेतृत्व क्षमता ने उन्हें व्यापक रूप से सम्मानित किया। साल 1977 की मोरारजी देसाई सरकार में वे विदेश मंत्री भी रहे थे. 

Also Read: ISRO आज SSLV-D3 रॉकेट से लॉन्च करेगा EOS-8 सैटेलाइट, आपदाओं की मिलेगी सूचना

मुख्य उपलब्धियां और योगदान

आर्थिक सुधार और इंफ्रास्ट्रक्चर विकास: वाजपेई जी के नेतृत्व में भारत ने कई महत्वपूर्ण आर्थिक सुधार किए. उनकी सरकार ने राष्ट्रीय राजमार्ग विकास परियोजना (NHDP) और भारतीय उपग्रह कार्यक्रम जैसे प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं की शुरुआत की.

नरेंद्र मोदी का सहयोग: वाजपेई जी ने भारतीय राजनीति में युवा नेताओं को प्रोत्साहित किया, जिनमें नरेंद्र मोदी भी शामिल हैं. उन्होंने मोदी को गुजरात का मुख्यमंत्री नियुक्त किया, जो बाद में भारतीय प्रधानमंत्री बने.

कश्मीर समस्या पर दृष्टिकोण: वाजपेई जी ने कश्मीर समस्या के समाधान के लिए कई प्रयास किए और शांति स्थापित करने के लिए पाकिस्तान के साथ संवाद की पहल की.

न्यूक्लियर कार्यक्रम: 1998 में भारत ने पोखरण-2 के तहत परमाणु परीक्षण किए, जो वाजपेई जी की सरकार के दौरान हुआ. इस कदम ने भारत को एक परमाणु शक्ति बना दिया और वैश्विक राजनीति में देश की स्थिति को सुदृढ़ किया.

Also Read: सिपाही भर्ती परीक्षा के एडमिट कार्ड के साथ होटल में पकड़े गये दो सेटर, इतने लाख में हुआ था डील

लोकप्रियता और व्यक्तित्व

वाजपेई अपने कवि हृदय, सुशासन और संवेदनशीलता के लिए प्रसिद्ध थे. उनकी भाषण कला और विचारशीलता ने उन्हें भारत के जनमानस में एक विशेष स्थान दिलाया. वे एक ऐसे नेता थे जिन्होंने हमेशा लोकतंत्र और सांस्कृतिक विविधता की रक्षा की.

PM Modi ने दी श्रद्धांजलि

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्य तिथि पर उनके स्मारक ‘सदैव अटल’ पर श्रद्धांजलि अर्पित की.

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने दी श्रद्धांजलि

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्य तिथि पर उनके स्मारक ‘सदैव अटल’ पर श्रद्धांजलि अर्पित की.

विज्ञापन
Aman Kumar Pandey

लेखक के बारे में

By Aman Kumar Pandey

अमन कुमार पाण्डेय डिजिटल पत्रकार हैं। राजनीति, समाज, धर्म पर सुनना, पढ़ना, लिखना पसंद है। क्रिकेट से बहुत लगाव है। इससे पहले राजस्थान पत्रिका के यूपी डेस्क पर बतौर ट्रेनी कंटेंट राइटर के पद अपनी सेवा दे चुके हैं। वर्तमान में प्रभात खबर के नेशनल डेस्क पर कंटेंट राइटर पद पर कार्यरत।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन