Chhattisgarh News: डिप्टी सीएम ने दिया था वार्ता का ऑफर, मान गये नक्सली... जल्द हो सकती है सरकार के साथ बातचीत

Published by : Pritish Sahay Updated At : 17 Feb 2024 1:47 PM

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Jharkhand Naxal News

Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ की सरकार नक्सलियों को वापस मुख्यधारा में लाने के लिए कृतसंकल्प है. सरकार तरह-तरह से विकास कार्य के अलावा नक्सलियों को हथियार छोड़ मुख्यधारा में लाने की कोशिश कर रही है.  इसी कड़ी में बीते दिन छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा था कि राज्य सरकार नक्सल प्रभावित गांवों तक […]

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Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ की सरकार नक्सलियों को वापस मुख्यधारा में लाने के लिए कृतसंकल्प है. सरकार तरह-तरह से विकास कार्य के अलावा नक्सलियों को हथियार छोड़ मुख्यधारा में लाने की कोशिश कर रही है.  इसी कड़ी में बीते दिन छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा था कि राज्य सरकार नक्सल प्रभावित गांवों तक बुनियादी सुविधाएं और कल्याणकारी परियोजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए नियद नेल्लानार योजना (आपका अच्छा गांव योजना) शुरू करेगी. वहीं सरकार का प्रयास कुछ-कुछ रंग लाता भी नजर आने लगा है. दरअसल प्रदेश के डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने बीते दिनों नक्सलियों को बातचीत का ऑफर दिया था. अब खबर है कि नक्सलियों ने बातचीत के लिए सकारात्मक रुख अख्तियार करते हुए अपनी हामी भर दी है.

बातचीत के लिए तैयार हैं नक्सली, लेकिन रख दी यह शर्त


दरअसल छत्तीसगढ़ में नक्सलियों का आतंक है. हालत ये है कि यहां नक्सली बंदूक से सवाल पूछते हैं और बंदूक से ही जवाब देते हैं. लेकिन इस बार स्थिति में बदलाव आया है. सरकार के प्रयास से नक्सली भी बातचीत के लिए राजी हो गये हैं. हालांकि नक्सलियों ने बातचीत के लिए कुछ शर्ते भी रखी है. नक्सली नेताओं ने पत्र जारी अपनी शर्त रखी है. नक्सलियों की शर्त के मुताबिक सुरक्षाकर्मी मुठभेड़ के नाम पर फर्जी तरीके से आदिवासियों की हत्याएं बंद करें. सशस्त्र बलों को अगले छह महीने के लिए बैरकों थाना और कैम्पों तक ही सीमित कर दिया जाये. साथ राजनीतिक बंदियों को रिहा किया जाए.

नक्सलियों से बातचीत की कोशिश कर रही है छत्तीसगढ़ सरकार

गौरतलब है कि प्रदेश में नये सरकार के गठन के बाद से नक्सलियों से बातचीत के लिए सरकार उत्साहित है. प्रदेश के डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने उन्हें बातचीत का ऑफर दिया था. जिसे नक्सलियों ने भी कबूल कर लिया है. नक्सलियों ने कहा है कि हम सीधी या वर्चुअल तरीके से मीटिंग कर सकते हैं. बता दें, छत्तीसगढ़ सरकार प्रदेश में कई तरह के सुधार कार्यक्रम चला रही है. साथ ही आने वाले दिनों में कई कार्यक्रम शुरू होने की संभावना है. बीते दिनों छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेश के नक्सल प्रभावित गांवों तक बुनियादी सुविधाएं और कल्याणकारी परियोजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए नियद नेल्लानार योजना’ शुरू करने वाली है.

क्या है नियद नेल्लानार योजना

प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गुरुवार को विधानसभा में कहा था कि इस योजना के तहत माओवादी आतंक प्रभावित क्षेत्रों में प्रारंभ किए गए 14 नये शिविरों की पांच किलोमीटर की परिधि के गांवों में 25 से अधिक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी. साथ ही इन गांवों के ग्रामीणों को सरकार की 32 व्यक्ति मूलक योजनाओं का लाभ दिलाया जाएगा. साय ने बताया कि इस योजना के लिए 20 करोड़ रुपये के अतिरिक्त बजट का प्रावधान किया गया है, यदि भविष्य में और बजट की आवश्यकता होती है तब राज्य सरकार वह भी उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध होगी. इन गांवों की मूलभूत आवश्यकता की दृष्टि से अधोसंरचना विकास और परिवारों के विकास के लिए कार्रवाई की जाएगी.

इन गांवों में सभी परिवारों को विशेष पिछड़ी जनजाति के समान प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास सुविधा, राशन कार्ड, मुफ्त चावल, चना-नमक, गुड़ और शक्कर, उज्ज्वला योजना के तहत चार मुफ्त गैस सिलेंडर, आंगनबाड़ी, सामुदायिक भवन, उप स्वास्थ्य केन्द्र, प्राथमिक शाला, किसानों को सिंचाई के लिए बोरवेल सहित सिंचाई पंप, हैंड पंप, सोलर पंप, हर गांव में खेल मैदान, मुफ्त बिजली, बैंक सखी, एटीएम, कौशल विकास, वन अधिकार पट्टा, मोबाइल टावर, डीटीएच एवं टीवी, हेलीपैड तथा खंड मुख्यालय तक बस सेवा जैसी सुविधाएं प्रदान की जाएंगी.

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Pritish Sahay

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By Pritish Sahay

प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.

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