मध्यप्रदेश : दो दलित आइएएस अफसरों ने शिवराज पर साधा निशाना, केजरीवाल के गाये गुण

Updated:
विज्ञापन
मध्यप्रदेश : दो दलित आइएएस अफसरों ने शिवराज पर साधा निशाना, केजरीवाल के गाये गुण

भोपाल : मध्य प्रदेश के दो दलित और सुर्खियों में रहने वाले आइएएस अधिकारी डॉ. शशि कर्णावत और रमेश थेटे एक बार फिर सुर्खी में हैं. दोनों ने फिर ताजा बयान देते हुए मध्यप्रदेश की शिवराज सिंह चौहान सरकार पर जमकर निशाना साधा है. अपने निलंबनके बाद आइएएस अधिकारी शशि कर्णावत का कहना है कि […]

विज्ञापन

भोपाल : मध्य प्रदेश के दो दलित और सुर्खियों में रहने वाले आइएएस अधिकारी डॉ. शशि कर्णावत और रमेश थेटे एक बार फिर सुर्खी में हैं. दोनों ने फिर ताजा बयान देते हुए मध्यप्रदेश की शिवराज सिंह चौहान सरकार पर जमकर निशाना साधा है. अपने निलंबनके बाद आइएएस अधिकारी शशि कर्णावत का कहना है कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को मध्य प्रदेश बुलाकर यहां की गंदगी को हटवाना चाहिये.मालूमहो कि वे दलित समुदायसेआती हैं. वहीं, आइएएस अधिकारी रमेश थेटे ने मुख्यमंत्रीशिवराज सिंह चौहानसे पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव आरएस जुलानिया की संपत्ति की जांच सीबीआइ से कराने की मांग की है.

डॉ. भीमराव अंबेडकर की पुण्यतिथि पर मंगलवार को राजधानी भोपाल में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया था. इस अवसर पर प्रदेश के सीनियर आइएएस रमेश थेटे और निलंबित आइएएस शशि कर्णावत ने शिवराज सरकार पर जमकर निशाना साधा. आइएएस शशि कर्णावत ने प्रदेश में दलित अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रति शिवराज सरकार को असंवेदनशील बताया है. साथ ही दिल्ली के सीएम केजरीवाल की जमकर तारीफ की. कर्णावत इस दौरान मंच पर भावुकहो गयीं और कहा, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल कोमध्यप्रदेश बुलाकर यहां की गंदगी को हटवाना चाहिये.

विधायकों परबरसते हुए शशि कर्णावत ने कहा कि मध्य प्रदेश के 81 दलित विधायक पार्टी केपिट्ठू हैं, जो बाबा साहब के नाम पर जीते हैं लेकिन यहां नहीं पहुंचते. उन्होंने कहा कि वह दलित हक केलिए जल्द राजनीति में उतरेंगी.

इस दौरान खुले मंच से सीनियर आइएएस रमेश थेटे भी संवैधानिक दायरे में रहकर प्रदेश सरकार पर जमकरनिशाना साधा. इस दौरान जहां एक ओर वह सीएम शिवराज सिंह चौहान की तारीफ करते दिखे तो वहीं दूसरी ओर कई मामलों पर सरकार को खुलेआम धमकी देते नजर आये. रमेश थेटे का कहना था कि यदि सरकार ने दलित विरोधी नीतियों के साथदोहरा व्यवहार अपनाये रखा तो प्रदेश में तमाम दलितों-आदिवासियों को सड़कों पर लाकर खड़ा कर दिया जायेगा. उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश दलितों-आदिवासियों पर हो रहे अत्याचारों में देश में सबसे आगे हैं.

रमेश थेटे का कहना है कि वर्तमान समय में मध्य प्रदेश प्रदेश को अंबेडकरवादी विचारधारा की आवश्यकता है, जिसके लिए हर दलित आदिवासी परिवार में इस विचारधारा को पैदा करने का काम किया जायेगा. रमेश थेटे ने सरकार को चेतावनी दी है यदि निलंबित आइएएस शशि कर्णावत का बाल भी बांका हुआ, तो वह ईंट से ईंट बजा देंगे.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola