देश में तीन करोड़ बेघरों के लिए नयी आवास नीति बनायेगी मोदी सरकार
Updated at : 10 Dec 2014 1:55 PM (IST)
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नयी दिल्ली : देश में आवास की कमी की समस्या के मद्देनजर आज सरकार ने बताया देश में तीन करोड़ लोगों के पास आवास नहीं है. इस समस्या का निबटारा करने के लिए सरकार ने ‘नयी आवास नीति’ तैयार किए जाने की बात कही. लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान वीरेन्द्र कुमार एवं अन्य सदस्यों के […]
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नयी दिल्ली : देश में आवास की कमी की समस्या के मद्देनजर आज सरकार ने बताया देश में तीन करोड़ लोगों के पास आवास नहीं है. इस समस्या का निबटारा करने के लिए सरकार ने ‘नयी आवास नीति’ तैयार किए जाने की बात कही.
लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान वीरेन्द्र कुमार एवं अन्य सदस्यों के पूरक प्रश्न का उत्तर देते हुए शहरी विकास मंत्री एम वेंकैया नायडू ने माना कि यह सही है कि देश में 3 करोड़ लोगों के पास आवास की कमी है. यह गंभीर चुनौती है. राष्ट्रपति के अभिभाषण में और बाद में प्रधानमंत्री ने 2022 तक सभी लोगों को आवास मुहैया कराने की बात कही है.
उन्होंने जानकारी देते हुए कहा कि शहरी क्षेत्र में गरीब लोगों के लिए समन्वित आवास योजना पर पहल की जा रही है. इस बारे में राज्य सरकारों के साथ भी बात की जा रही है. सरकार, सार्वजनिक और निजी क्षेत्र आवास निर्माण की दिशा में पहल करें.
वेंकैया ने कहा ‘इस दिशा में आगे पहल करते हुए नयी आवास नीति तैयार की जा रही है. इसे कैबिनेट में पेश किया जायेगा. फिर संसद को इसके बारे में अवगत करायेंगे’.
दिल्ली में पत्रकारों को मिल सकता है आवास
राष्ट्रीय राजधानी में पत्रकारों को आवास प्रदान करने की जरूरत का विषय आज लोकसभा में उठाया गया. इस पर शहरी विकास मंत्री एम वेंकैया नायडू ने कहा कि वह इस सुझाव को ध्यान में रखेंगे.
प्रश्नकाल में केवी थामस ने इस विषय को उठाते हुए कहा कि देशभर के पत्रकार दिल्ली में काम के सिलसिले में आते हैं और सरकार को उन्हें आवास प्रदान करने की दिशा में कदम उठाना चाहिए. जो सरकारी आवास में रह रहे हैं उन्हें खाली करने को नहीं कहा जाना चाहिए.वेंकैया ने कहा ‘यह लोकप्रिय सवाल और सुझाव है. मैं इसका ध्यान रखूंगा.’
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