ePaper

देखें, क्या है आखिर पीएम मोदी के पत्र में जिसने छू लिया प्रणब मुखर्जी का दिल

Updated at : 03 Aug 2017 11:22 AM (IST)
विज्ञापन
देखें, क्या है आखिर पीएम मोदी के पत्र में जिसने छू लिया प्रणब मुखर्जी का दिल

नयी दिल्ली : भारत के 13वें राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को समाप्त हो गया जिसके बाद तीन अगस्त यानी आज प्रणब मुखर्जी ने ट्विटर पर एक चिट्ठी शेयर की. इसमें उन्होंने जानकारी दी कि राष्ट्रपति कार्यालय में उनके आखिरी दिन उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चिट्ठी मिली थी जिसने उनका दिल छू […]

विज्ञापन

नयी दिल्ली : भारत के 13वें राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को समाप्त हो गया जिसके बाद तीन अगस्त यानी आज प्रणब मुखर्जी ने ट्विटर पर एक चिट्ठी शेयर की. इसमें उन्होंने जानकारी दी कि राष्ट्रपति कार्यालय में उनके आखिरी दिन उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चिट्ठी मिली थी जिसने उनका दिल छू लिया. मुखर्जी के इस ट्वीट को नरेंद्र मोदी ने रिट्वीट भी किया. प्रणब मुखर्जी ने पीएम मोदी द्वारा उन्हें लिखी चिट्ठी की तस्वीर ट्विटर पर शेयर की है.

एक दमदार राष्ट्रपति के रूप में याद किये जायेंगे प्रणब मुखर्जी

मुखर्जी ने अपने ट्विटर वॉल पर लिखा कि, “राष्ट्रपति के तौर पर कार्यालय में मेरे आखिरी दिन मुझे पीएम नरेंद्र मोदी की चिट्ठी मिली जिसने मेरे दिल को छू लिया! आप सबसे साझा कर रहा हूं. शेयर किये गये पत्र में नजर आ रहा है कि पीएम मोदी ने पत्र में तत्कालीन राष्ट्रपति को “प्रिय प्रणब दा” कहकर संबोधित किया है.

आप भी देखें और क्या है पत्र में

दो पन्नों के इस पत्र पर 24 जुलाई 2017 की तारीख अंकित है. पीएम मोदी ने पत्र में प्रणब मुखर्जी को उनके “विशिष्ट जीवन यात्रा के नये चरण” के लिए शुभकामना दी है. पीएम मोदी ने लिखा है, “तीन साल पहले मैं जब नयी दिल्ली आया तो मैं बाहरी था. मेरे समक्ष बड़ा और चुनौतीपूर्ण लक्ष्य था. इस दौर में आप मेरे लिए पिता और मार्गदर्शक रहे… आपकी मेधा, ज्ञान दिशा-निर्देश और निजी स्नेह से मुझे आत्मविश्वास और शक्ति प्रदान की.

राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने जाते-जाते खारिज की दो क्षमा याचिका

पीएम मोदी ने पत्र में विभिन्न मुद्दों पर प्रणब मुखर्जी के ज्ञान और दृष्टि की तारीफ की है. पीएम मोदी ने पत्र में लिखा है, “आपके अथाह ज्ञान के बारे में सब जानते हैं. चाहे वो राजनिति हो या अर्थशास्त्र या विदेश नीति या राष्ट्रीय या अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दे हों, मैं विभिन्न विषयों से जुड़ी आपकी अंतरदृष्टि से सदैव चकित होता था और होता हूं…”

बेटी शर्मिष्ठा करेंगी प्रणब मुखर्जी की देखभाल, राष्‍ट्रपति भवन से कोई भी तोहफा नहीं ले जायेंगे प्रणब

पीएम मोदी ने पत्र में इस बात को भी उल्लेखित किया है कि वह और प्रणब मुखर्जी अलग-अलग राजनीतिक दलों और जीवनधाराओं से यहां तक पहुंचे हैं. पीएम मोदी ने लिखा है, “प्रणब दा, हमारी राजनीतिक यात्रा अगल-अलग राजनीतिक दलों के जरिए हुई है. कई मौकों पर हमारी विचारधारा मेल नहीं खायी. हमारे जीवन अनुभव भी अलग हैं. मेरे पास केवल मेरे राज्य का प्रशासनिक अनुभव था जबकि आपके पास कई दशकों का राष्ट्रीय राजनीति और नीति का अनुभव मौजूद था, फिर भी हम आपसी सामंजस्य के साथ काम कर पाये”

प्रणब मुखर्जी के इंदिरा गांधी से नरेंद्र मोदी तक प्रधानमंत्रियों से कैसे रहे संबंध?

पीएम मोदी ने पत्र में प्रणब मुखर्जी को उस पीढ़ी का नेता बताया है जिसके लिए राजनीति का मकसद केवल समाजसेवा था. प्रणब मुखर्जी को पीएम मोदी ने पत्र के माध्‍यम से भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी और आगे लिखा, “राष्ट्रपति जी, ये मेरे लिए गर्व की बात है कि मुझे आपके प्रधानमंत्री के तौर पर काम करने का मौका मिला.” आपको बता दें कि 25 जुलाई को रामनाथ कोविंद ने देश के 14वें राष्ट्रपति के तौर पर पद की शपथ ली. कोविंद ने चुनाव में कांग्रेस समेत 17 दलों की उम्मीदवार मीरा कुमार को पराजित किया.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola