ePaper

तृणमूल विधायक ने बाधित की SIR की सुनवाई, इलेक्शन कमीशन ने कहा- BLA को दूर रखें

29 Dec, 2025 8:15 pm
विज्ञापन
तृणमूल विधायक ने बाधित की SIR की सुनवाई, इलेक्शन कमीशन ने कहा- BLA को दूर रखें
एसआईआर की सुनवाई में शामिल होने के लिए कतार में लगी महिलाएं. फोटो : पीटीआई

SIR Hearing in Bengal: पश्चिम बंगाल में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के एक विधायक ने हुगली जिले में एसआईआर की सुनवाई कुछ देर के लिए बाधित कर दी. विधायक ने ब्लॉक कार्यालय के दरवाजों को बंद कर दिया. कहा कि जब तक बीएलए को सुनवाई में शामिल होने की अनुमति नहीं दी जायेगी, वह सुनवाई नहीं होने देंगे. हालांकि, बाद में उन्होंने अपना विरोध वापस ले लिया. वहीं, चुनाव आयोग ने कहा कि सुनवाई में बीएलए को शामिल होने की अनुमति नहीं दी जायेगी.

विज्ञापन

SIR Hearing in Bengal: पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के चिंसुराह-मोगरा ब्लॉक कार्यालय में सोमवार को मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) मामले की सुनवाई बाधित होने के बाद इलेक्शन कमीशन ने साफ कर दिया कि इस प्रक्रिया में बीएलए को शामिल होने की अनुमति नहीं दी जायेगी.

असित मजूमदार के विरोध की वजह से रुकी एसआईआर की सुनवाई

एसआईआर की सुनवाई सोमवार को उस वक्त कुछ देर के लिए रोक दी गयी, जब तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के विधायक असित मजूमदार ने बूथ-स्तरीय एजेंटों (बीएलए) को सुनवाई से बाहर रखे जाने पर आपत्ति जतायी. एक अधिकारी ने बताया कि 3 विधानसभा क्षेत्रों के लिए ब्लॉक कार्यालय में जारी सुनवाई को मजूमदार के आग्रह पर रोका गया था. बाद में चुनाव आयोग ने स्पष्ट निर्देश दिये कि बीएलए को ऐसी सुनवाई में शामिल होने की अनुमति नहीं दी जायेगी.

ब्लॉक कार्यालय के दरवाजों को कर दिया गया बंद

असित मजूमदार ने मांग की थी कि अधिकारी लिखित में बतायें कि वे बीएलए को सुनवाई में शामिल होने की अनुमति देंगे या नहीं. उन्होंने पत्रकारों से कहा कि जब तक बीएलए को सुनवाई में शामिल होने की अनुमति नहीं दी जाती या अधिकारी लिखित में यह नहीं बताते कि उन्हें अनुमति नहीं दी जायेगी, तब तक वह सुनवाई नहीं होने देंगे. इस विवाद के बाद ब्लॉक कार्यालय के प्रवेश और निकास द्वार को बंद कर दिया गया.

बंगाल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

चुनाव आयोग का स्पष्ट निर्देश – सुनवाई में शामिल नहीं होंगे बीएलए

निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देश में स्पष्ट कहा गया है कि बीएलए को ऐसी सुनवाई के दौरान उपस्थित रहने की अनुमति नहीं है. असित मजूमदार ने बाद में अपना रुख नरम किया और मानवीय आधारों का हवाला देते हुए सुनवाई फिर से शुरू करने की अनुमति दी, क्योंकि कई लोग इस प्रक्रिया में शामिल होने के लिए लंबी दूरी तय करके आये थे. टीएमसी के विधायक ने यह स्पष्ट नहीं किया कि भविष्य में अगर बीएलए को ऐसी सुनवाई में शामिल होने की अनुमति नहीं दी जाती है, तो उनकी क्या प्रतिक्रिया होगी. वह सुनवाई होने देंगे या नहीं होने देंगे.

SIR Hearing in Bengal: अभिषेक बनर्जी के निर्देश पर मजूमदार ने रोकी सुनवाई

उधर, भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने आरोप लगाया है कि विधायक ने यह हरकत तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के निर्देश पर की थी. मुख्य विपक्षी पार्टी ने दावा किया कि अभिषेक बनर्जी ने रविवार को एक वर्चुअल मीटिंग में कहा था कि सुनवाई में बीएलए को शामिल होने की अनुमति दी जाये. बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने असित मजूमदार के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और सुनवाई वाली जगह पर केंद्रीय बलों को तैनात करने की मांग की.

तृणमूल कांग्रेस ने असित मजूमदार का किया बचाव

दूसरी तरफ, पश्चिम बंगाल की सत्तारूढ़ पार्टी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने अपने विधायक असित मजूमदार का बचाव किया. पार्टी के प्रवक्ता और आईटी सेल के प्रदेश अध्यक्ष देवांशु भट्टाचार्य ने कहा कि बीएलए को सुनवाई में शामिल होने की अनुमति दी जानी चाहिए, क्योंकि बहुत से लोग यह समझने में सक्षम नहीं हैं कि उचित स्पष्टीकरण के बिना मतदाता सूची से उनके नाम क्यों हटाये जा सकते हैं.

अप्रैल-मई में हो सकता है बंगाल चुनाव 2026

बंगाल में अप्रैल-मई में होने वाले विधानसभा चुनाव 2026 के पहले मतदाता सूची को दुरुस्त करने के लिए एसआईआर की प्रक्रिया चल रही है. इस प्रक्रिया पर तृणमूल कांग्रेस ने घोर आपत्ति दर्ज करायी है. पार्टी की मांग है कि वोटर लिस्ट से जिन 58.20 लाख लोगों को हटाया गया है, उनमें कितने रोहिंग्या और कितने बांग्लादेशी हैं, उसके आंकड़े चुनाव आयोग को जारी करना चाहिए. बंगाल की सत्तारूढ़ पार्टी टीएमसी ने केंद्र की मोदी सरकार पर आरोप लगाया है कि वह चुनाव आयोग के जरिये बंगाल के लोगों को परेशान कर रही है.

इसे भी पढ़ें

पश्चिम बंगाल में गायब हो गये 58 लाख मतदाता! चुनाव से पहले जारी हुई मसौदा सूची

बंगाल में सबसे ज्यादा 74,553 वोटर के नाम चौरंगी में कटे, ममता बनर्जी के विधानसभा में 44,787

SIR Bengal : ममता बनर्जी के विधानसभा क्षेत्र से हटाए गए 44 हजार से ज्यादा नाम, बढ़ सकती है टेंशन

चाहे वे मेरा गला काट दें…, मुर्शिदाबाद में एनआरसी और डिटेंशन सेंटर पर ममता बनर्जी का बड़ा बयान

विज्ञापन
Mithilesh Jha

लेखक के बारे में

By Mithilesh Jha

मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं। उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है। उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवरेज करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ में भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है। मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola

अपने पसंदीदा शहर चुनें

ऐप पर पढ़ें