वैज्ञानिकों ने बनाया ऑनलाइन कैलकुलेटर जो बताएगा आपको कितना है कोरोना से मौत का खतरा
Author : sumitkumar1248654 Published by : Prabhat Khabar Updated At : 15 May 2020 9:31 AM
UK scientists developed online calculator which measure death risk from coronavirus कोरोना के कारण दुनियाभर में जानमाल का बहुत नुकसान हुआ है. अभी इसका अंदाजा भी नहीं लगाया जा सकता कि इससे और कितना नुकसान होना बाकी है. दुनियाभर में इसपर शोध जारी है. ऐसे में यूनिवर्सिटी कॉलेज लंदन के वैज्ञानिकों ने भी एक शोध किया है. इन्होंने ऑनलाइन कैलकुलेटर बनाया है. यह कैलकुलेटर कोविड-19 से किसी व्यक्ति के मरने के जोखिम का अनुमान लगा सकेगा. यह फ्री यूज़ टूल है, जिससे संक्रमण के जोखिम की भविष्यवाणी हो पाएगी. साथ में यह टूल स्वास्थ्य पर हो रहे स्ट्रेस जैसे अन्य आंकड़ों को भी बताता है.
UK scientists developed online calculator which measure death risk from coronavirus कोरोना के कारण दुनियाभर में जानमाल का बहुत नुकसान हुआ है. अभी इसका अंदाजा भी नहीं लगाया जा सकता कि इससे और कितना नुकसान होना बाकी है. दुनियाभर में इसपर शोध जारी है. ऐसे में यूनिवर्सिटी कॉलेज लंदन के वैज्ञानिकों ने भी एक शोध किया है. इन्होंने ऑनलाइन कैलकुलेटर बनाया है. यह कैलकुलेटर कोविड-19 से किसी व्यक्ति के मरने के जोखिम का अनुमान लगा सकेगा. यह फ्री यूज़ टूल है, जिससे संक्रमण के जोखिम की भविष्यवाणी हो पाएगी. साथ में यह टूल स्वास्थ्य पर हो रहे स्ट्रेस जैसे अन्य आंकड़ों को भी बताता है.
इस ऑनलाइन कैलकुलेटर को बनाने के लिए यूनिवर्सिटी कॉलेज लंदन के वैज्ञानिकों ने उम्र, लिंग, पूर्व-मौजूदा स्थितियों और अन्य चीज को आधार बनाया. इस शोध के लिए यूके के करीब 3.8 मिलियन लोगों के स्वास्थ्य रिकॉर्ड की जांच की गयी. यह जांच महिलाओं और पुरुषों के बीच समान रूप से विभाजित थी. इसमें यह पाया गया करीब 20 प्रतिशत से अधिक लोग हाई रिस्क में थे और इसके अंतर्गत एक वर्ष में होने वाली मृत्यु दर 4.46 प्रतिशत थी.
वहीं, 13 प्रतिशत लोगों की आयु 70 साल से अधिक थी. जबकि, 6% लोग 70 साल के या उससे कम आयु के थे. इस शोध में सबसे हाई रिस्क फैक्टर डायबिटीज और दिल के मरीज में पाया गया. शोधकर्ता अमिताव बनर्जी ने कहा कि जिन्हें ऐसी बीमारी पहले से है, उन्हें कोरोना का बेहद खतरा है. उन्होंने यह भी बताया कि हमारा कैलकुलेटर बहुत हद तक हेल्थ एक्सपर्ट की मदद कर सकता है.
हाल ही में मेडिकल जर्नल द लांसेट में छपी रिर्पोट के मुताबिक यूके में कुल आबादी का लगभग 12 % कोरोना के कारण हाई रिस्क में है. यहां के लिए चेतावनी भी जारी की गई है. जिसके अनुसार अगर ब्रिटेन में लॉकडाउन अभी हटाया गया तो मौत का आंकड़ा 37,000 से 73,000 अतिरिक्त बढ़ सकता है.
इधर, भारत की तरह ही ब्रिटेन में भी लॉकडाउन की अवधि लगातार कम की जा रही है. ऐसे में कोरोना का खतरा और बढ़ने की संभावना है. विशेषज्ञों कि मानें तो लॉकडाउन को बढ़ाने से ही इससे बचा जा सकता है. आपको बता दें कि अभी यहां 225,000 से अधिक कोविड-19 के मामले सामने आ चुके है. अमेरिका के बाद यहीं सबसे अधिक मौतें भी हुई है. करीब 33000 मौत के साथ यूनाइटेड किंगडम दुनियाभर में दूसरे स्थान पर है.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










