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Kisan Mahapanchayat: मुजफ्फरनगर में किसान महापंचायत आज, सड़कों पर दिखेगा किसानों का सैलाब, प्रशासन अलर्ट

यूपी विधानसभा चुनाव से पहले किसान नया इतिहास लिखने की तैयारी में है. इसी कड़ी में मुजफ्फरनगर जिले में रविवार को किसान महापंचायत होगी, जिसमें देश भर के 300 से ज्यादा संगठन अपनी ताकत का प्रदर्शन करेंगे.

By Prabhat khabar Digital
Updated Date
भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत
भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत
फाइल

Kisan Mahapanchayat in Muzaffarnagar: उत्तर प्रदेश (Uttar pradesh) के मुजफ्फरनगर (Muzaffarnagar) जिले में पांच सितंबर (5 September) को यानी आज किसान महापंचायत (Kisan Mahapanchayat) होगी, जिसमें देश भर से करीब 300 से ज्यादा संगठन शामिल होंगे. इस महापंचायत में केंद्र सरकार के तीन कृषि कानूनों (Farm Laws) के विरोध में चल रहे आंदोलन को धार देने का काम किया जाएगा. यह महापंचायत संयुक्त किसान मोर्चा के बैनर तले होगी, जिस पर बीजेपी (BJP) सरकार से लेकर विपक्षी दलों तक की नजरें होंगी. पहली बार भारतीय किसान यूनियन (Bhartiya Kisan Union) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत (Naresh Tikait) और राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत (Rakesh Tikait) एक साथ मंच पर नजर आएंगे.

किसान महापंचायत को लेकर पुलिस प्रशासन अलर्ट

किसान महापंचायत को लेकर पुलिस प्रशासन भी अलर्ट मोड पर है. डीजीपी मुकुल गोयल (DGP Mukul Goel) का कहना है कि मुजफ्फरनगर में कल होने वाली किसान महापंचायत को देखते हुए उचित व्यवस्था की गई है, ताकि कानून व्यवस्था की कोई समस्या न हो. उन्होंने कहा कि बैठक में पड़ोसी राज्यों हरियाणा, पंजाब और उत्तराखंड के किसानों के भी शामिल होने की संभावना है.

अपने घर नहीं जाएंगे राकेश टिकैत

बता दें, भाकियू प्रवक्ता राकेश टिकैत ने केंद्र सरकार के तीन कृषि विधेयकों के विरोध में बिल वापसी नहीं तो घर वापसी नहीं का प्रण ले रखा है. इसलिए वे किसान आंदोलन शुरू होने के बाद आज तक अपने घर नहीं गए हैं. वे रविवार को किसान महापंचायत में शामिल तो होंगे, लेकिन अपने घर नहीं जाएंगे.

मुजफ्फरनगर की यह महापंचायत धर्मयुद्ध की महापंचायत है

नरेश टिकैत का कहना है कि किसान अपने हक की लड़ाई लड़ रहे हैं. सरकार ने ही संवाद का रास्ता छोड़ दिया है. यह आंदोलन लंबा चलेगा और किसानों को बलिदान देना पड़ेगा. मुजफ्फरनगर की यह महापंचायत धर्मयुद्ध की महापंचायत है. किसान और मजदूरों के हितों की रक्षा के लिए यह महापंचायत मील का पत्थर साबित होगी. महापंचायत में मोर्चा रणनीति की घोषणा करेगा.

ड्रोन के साथ सीसीटीवी कैमरे से होगी निगरानी 

किसान महापंचायत को लेकर प्रशासन की ओर से सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. ड्रोन कैमरे के साथ-साथ जगह-जगह पर सीसीटीवी कैमरे भी लगाए जा रहे हैं. इसके अलावा, दूसरे राज्यों से आने वाले किसानों के स्वास्थ्य परीक्षण के लिए जगह-जगह कैंप भी बनाए गए हैं. एडीएम प्रशासन अमित सिंह के मुताबिक, जिले में भी सभी मुख्यमार्गों पर पुलिस बल की तैनाती रहेगी. कहीं कोई अप्रिय घटना न हो, इस पर पुलिस और प्रशासन की सीधी नजर रहेगी. शांति के साथ महापंचायत हो, प्रशासन का यही प्रयास रहेगा.

Posted by : Achyut Kumar

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Published Date

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