Tata Sierra vs Tata Harrier टर्बो-पेट्रोल AT: दोनों में से किस कार का माइलेज है ज्यादा दमदार?

Tata Sierra vs Tata Harrier (Image: Tata Motors & ChatGPT)
टाटा मोटर्स की सिएरा और हैरियर के बीच माइलेज और कीमत का कड़ा मुकाबला है. जानें आपके लिए कौन-सी कार बेहतर साबित होगी, रियल वर्ल्ड माइलेज के साथ तुलना.
टाटा मोटर्स की कारों का क्रेज इंडियन ऑटोमोबाइल मार्केट में काफी ज्यादा है. खासकर जब बात हैरियर और सिएरा की होती है, तो यह और ज्यादा बढ़ जाता है. टाटा द्वारा विकसित किया गया नया 1.5 लीटर हाइपरियन टर्बो पेट्रोल इंजन पहली बार 2025 में Tata Sierra में पेश किया गया था. जनवरी 2026 में कंपनी ने अपने इस इंजन को बड़े मॉडल Tata Harrier में भी जोड़ दिया. 2019 में लॉन्च होने वाली हैरियर केवल डीजल इंजन के साथ ही आती थी. ऐसे में हम आपको बताएंगे, कि दोनों में से किस कार का माइलेज ज्यादा बेहतर है. ग्राहकों के लिए कौन ज्यादा किफायती रहेगा.
Tata Sierra vs Tata Harrier टर्बो पेट्रोल AT स्पेसिफिकेशन
| स्पेसिफिकेशन | टाटा हैरियर टर्बो-पेट्रोल | टाटा सिएरा टर्बो-पेट्रोल |
| इंजन | 4-सिलेंडर, टर्बो-पेट्रोल | 4-सिलेंडर, टर्बो-पेट्रोल |
| विस्थापन (सीसी) | 1,498 | 1,498 |
| पावर (एचपी) | 170 | 160 |
| टॉर्क (एनएम) | 280 | 255 |
| गियरबॉक्स | 6-स्पीड ऑटोमैटिक (6AT) | 6-स्पीड ऑटोमैटिक (6AT) |
| ईंधन टैंक क्षमता | 50 लीटर | 50 लीटर |
| कर्ब वेट (किलोग्राम) | 1,738 | 1,552 |
| अनुमानित शुरुआती कीमत (एक्स-शोरूम) | ₹17.68 लाख* | ₹17.99 लाख* |
दोनों एसयूवी कारों में एक ही 1.5 लीटर का पेट्रोल इंजन लगा हुआ है, लेकिन इसकी ट्यूनिंग अलग-अलग है. एक तरफ जहां सिएरा का इंजन 160 हॉर्सपावर और 255 एनएम का टॉर्क जेनरेट करता है, तो वहीं दूसरी ओर हैरियर का इंजन 170 हॉर्सपावर और 280 एनएम टॉर्क जेनरेट करता है. हालांकि, सिएरा के मुकाबले बड़ी हैरियर 180 केजी भारी है. दोनों में 6-स्पीड कनवर्टर ऑटोमैटिक गियरबॉक्स और 50 लीटर फ्यूल टैंक मिलता है.
रियल वर्ल्ड में किसका माइलेज बेहतर?
ऑटोकार के अनुसार, सिएरा के लाइट वेट ने हैरियर की तुलना में 0.77 किलोमीटर बेहतर ईंधन क्षमता देती है. हालांकि, हैरियर में फ्यूल एफीशिएंसी के लिए सिएरा के कंपेरिजन में इको ड्राइविंग मोड दिया गया है, उसके बावजूद सिटी में सिएरा ने हैरियर से 0.32 किलोमीटर बेहतर माइलेज दे सकती है. इसके अलावा हाइवे पर एफीशिएंसी का अंतर 1.21 केमी है, क्योंकि 100 kmph की स्पीड पर हैरियर का इंजन टॉप गियर में 1900 rpm पर चलता है, जबकि सिएरा उसी स्पीड में छठे गियर पर 1750 rpm पर चलती है.
Tata Sierra vs Tata Harrier टर्बो पेट्रोल AT कीमत
टर्बो पेट्रोल ऑटोमैटिक वेरिएंट की कीमत को देखते हुए टाटा हैरियर, सिएरा से 31 हजार रुपए सस्ती है. हैरियर की कीमत 17.68 लाख से रुपए से लेकर 24.85 लाख रुपए है. वहीं, टाटा सिएरा का प्राइस 17.99 लाख रुपए से लेकर 20.99 लाख रुपए है. दोनों के बीच कीमत मे थोड़ा अंतर देखने को मिलता है. हालांकि, कंपनी ग्राहकों की जरूरतों के हिसाब से ही दोनों की कीमतें तय की है.
सेफ्टी के मामले में दोनों कारें कैसी हैं?
Tata Sierra में सेफ्टी फीचर्स के रूप में आपको 6 स्टैंडर्ड एयरबैग, ऐन स्टबिलिटी इलेक्ट्रॉनिक प्रोग्राम (ESP), ऑल व्हील्स डिस्क ब्रेक और ISOFIX चाइल्ड सीट माउंट मिलेंगे. इसके अलावा आप टाटा हैरियर में सेफ्टी देखें, तो इसे 5-स्टार रेटिंग BHARAT-NCAP और 5-स्टार रेटिंग GLOBAL-NCAP से मिल चुकी है. इसके अलावा इसमें आपको 7 एयरबैग, इलेक्ट्रॉनिक एस्टबिलिटी प्रोग्राम और 360 डिग्री कैमरा मिलेंगे. इस कार में लेवल-2 ADAS, वायरल मॉनिटरिंग, विटल मॉनिटरिंग, स्ट्रक्चर प्रोटेक्शन और कंट्रोल सिस्टम लगे हैं.
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By Shivansh Shekhar
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शिवांश शेखर ऑटोमोबाइल और खेल स्पेशलिस्ट हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. ऑटो सेक्शन में कार/बाइक लॉन्च, फीचर्स, खासियत, टिप्स, कंपेरिजन और सपेक्स से संबंधित खबरें कवर करते हैं.
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शिवांश शेखर ऑटोमोबाइल और खेल स्पेशलिस्ट पत्रकार हैं, जो पिछले 3 वर्षों से डिजिटल मीडिया में ऑटो और खेल जगत से जुड़ी खबरों के बारे में लगातार लिखते हैं. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में बतौर कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रहे हैं. ऑटो सेक्शन में उनकी रूचि कार/बाइक लॉन्च, फीचर्स, स्पेसिफिकेशन, टिप्स, ट्रिक्स और कंपेरिजन से जुड़े विषयों में है. इसके अलावा फ्लेक्स फ्यूल टेक्नोलॉजी और ऑटो इंडस्ट्रीज के बदलते ट्रेंड्स पर लगातार लिखते हैं.
उनका प्रयास रहता है कि पाठकों को सिर्फ लॉन्च, कीमत और फीचर्स के बारे में ही न बताया जाए, बल्कि यह भी जानकारी दी जाए कि वह तकनीक आम लोगों के लिए कितने काम का है, उसे इस्तेमाल करने का अनुभव कैसा रहेगा और उसे खरीदना सही रहेगा या नहीं.
पढ़ाई
बिहार राज्य के जहानाबाद जिले में जन्में शिवांश शेखर की शुरुआती शिक्षा (BSEB) से पूरी हुई. इसके बाद उन्होंने साल 2023 में चौधरी चरण सिंह यूनीवर्सिटी, मेरठ (CCSU) के अंतर्गत आने वाली इंसटीच्युट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज, नोएडा (IMS) से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त की. पढ़ाई के दौरान ही शिवांश की रुचि खेल और ऑटो के विषयों पर लिखने में बढ़ने लगी. इसी दौरान उन्होंने खेल और ऑटोमोबाइल से जुड़ी खबरों पर काम करना शुरू किया और आगे चलकर इन्हीं विषयों को अपने काम का हिस्सा बना लिया.
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पत्रकारिता का ककहरा सीखने के बाद शिवांश का सफर एपीएन न्यूज से शुरू हुआ था. उन्होंने पत्रकारिता का समूह जागरण न्यू मीडिया में बतौर सब एडिटर खेल और अन्य खबरों की तकनीकी समझ विकसित की. जेएनएम में करीब डेढ़ साल खेल और अन्य विषयों पर काम करने के बाद उन्होंने एसियानेट न्यूज की तरफ रुख अपनाया. वहां, करीब डेढ़ साल तक ऑटोमोबाइल और स्पोर्ट्स सेक्शन में काम किया और फिर प्रभात खबर का रुख किया, जहां ऑटो बीट पर काम कर रहे हैं. ट्रेंड्स को लगातार फॉलो करते हैं.
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