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BCCL : स्टॉक में 2.40 मिलियन टन कोयला, फिर भी 22 दिनों में देना पड़ा 2.64 करोड़ रुपये हर्जाना

Updated at : 29 Sep 2020 8:07 AM (IST)
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BCCL : स्टॉक में 2.40 मिलियन टन कोयला, फिर भी 22 दिनों में देना पड़ा 2.64 करोड़ रुपये हर्जाना

बीसीसीएल की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है

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मनोहर कुमार, धनबाद : बीसीसीएल की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है. स्थिति में सुधार के लिए अधिक से अधिक कोयला डिस्पैच करना आवश्यक है. वर्तमान में कंपनी के पास 2.40 मिलियन टन कोयले का स्टॉक भी है. इसके बावजूद बीसीसीएल अपने लक्ष्य के मुताबिक कोयला डिस्पैच नहीं कर पा रहा है. यहां तक की ससमय रैक लोडिंग नहीं होने से बीसीसीएल को प्रतिमाह करोड़ों रुपये का आर्थिक नुकसान रहा है.

मुख्य बातें :-

  • ससमय नहीं हो पा रही रैक लोडिंग

  • तीन से पांच घंटे की जगह लग रहा है 19 घंटे तक का समय

  • अलग-अलग रेलवे साइडिंग से औसतन हर दिन लग रहा 100 घंटे तक का डैमरेज

चालू वित्तीय वर्ष (2020-21) के सितंबर माह के सिर्फ 22 दिनों में ही बीसीसीएल को करीब 2.64 करोड़ (2,63,98,950 रुपये) का जुर्माना (डैमरेज) रेलवे ने लगाया. कंपनी को सर्वाधिक जुर्माना 72.83 लाख रुपया केडीएस(टू) साइडिंग से देना पड़ा है, जबकि केडीएस(के) साइडिंग से 62.36 लाख, एसएल(जी) से 42.86 लाख, सिजुआ से 27.42 लाख व बांसजोड़ा रेलवे साइडिंग से करीब 25.03 लाख रुपया रेलवे को जुर्माना देना पड़ा है.

हर दिन का लक्ष्य 22 रैक का, डिस्पैच 15 से 17 रैक : बीसीसीएल का लक्ष्य प्रतिदिन 22 रैक कोयला डिस्पैच है. इसके मुकाबले कंपनी हर दिन औसतन 15-17 रैक कोयला ही डिस्पैच कर पा रहा है. इतना ही नहीं, फ्री रैक लोडिंग टाइम तीन से पांच घंटा है. यानी पांच घंटे के भीतर रैक में कोयला लोड करने पर कंपनी को डैमरेज नहीं देना पड़ेगा. परंतु बीसीसीएल की विभिन्न एरिया में स्थित रेलवे साइडिंगों में रैक लोड करने में सात घंटे से 19 घंटे तक का वक्त लग रहा है.

केडीएस(टू), केडीएस(के), एसएल(जी), सिजुआ और बांसजोड़ा रेलवे साइडिंग से लग रहा सर्वाधिक डैमरेज

एरिया कोयला स्टॉक (टन में)

बरोरा 3,01,456

ब्लॉक-टू 2,17,992

गोविंदपुर 2,71,627

कतरास 3,74,022

सिजुआ 3,15,510

कुसुंडा 4,20,378

पीबी एरिया 19,396

बस्ताकोला 33,748

लोदना 1,79,271

इजे एरिया 1,65,119

सीबी एरिया 1,01,168

डब्ल्यूजे एरिया 9,597

बीसीसीएल 24,09,284

( नोट : आंकड़ा 31 अगस्त 2020 तक का)

साइडिंग डैमरेज डैमरेज चार्ज (रु.में)

केकेसी(एल) 20 घंटा 3,62,250

केकेसी(एम) 18 घंटा 3,36,525

केशरगढ़ा 84 घंटा 16,97,100

एसएल(जी) 196 घंटा 42,86,325

सिजुआ 146 घंटा 27,42,900

बांसजोड़ा 120 घंटा 25,03,950

केडीएस(के) 283 घंटा 62,36,100

केडीएस(टू) 315 घंटा 72,83,925

गोलकडीह(9) 09 घंटा 1,37,175

वाशरी 14 घंटा 8,12,700

बीसीसीएल 1230 घंटा 2,63,98,950

75 से 100 घंटे तक का डैमरेज

बीसीसीएल के विभिन्न रेलवे साइडिंग में लोडिंग टाइम के मुताबिक समय से रैक लोड नहीं हो रहा है. इस कारण कंपनी को हर दिन औसतन 75 से 100 घंटे का डैमरेज रेलवे को देना पड़ रहा है. रैक लोडिंग में सर्वाधिक समय केडीएस(टू) साइडिंग में 19 घंटा समय लग रहा है, जबकि एसएल(जी) साइडिंग में 16 घंटा, बांसजोड़ा व केडीएस(के) में 12-12 घंटा तथा वाशरी के साइडिंग में 17-17 घंटा का समय लग रहा है. रेलवे के मुताबिक रैक लोडिंग में तीन से पांच घंटे का समय लगना चाहिए था.

Post by : pritish sahay

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