बंगाल चुनाव के पहले चरण में रिकॉर्ड मतदान, सीईओ मनोज अग्रवाल ने बताया असली कारण


West Bengal Voting: बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण में मतदान का सारा पिछला रिकार्ड टूट गया. इस बार पहले चरण में 90 प्रतिशत से अधिक मतदान हुआ. उम्मीद है कि दूसरे चरण में भी मतदान प्रतिशत अधिक रहेगा. 2011 में 84 प्रतिशत मतदान हुआ था. 2016 में 82.66 प्रतिशत और 2021 में 81.56 प्रतिशत मतदान हुआ था.
मुख्य बातें
West Bengal Voting: कोलकाता: पश्चिम बंगाल में चल रहे विधानसभा चुनाव में मतदान का प्रतिशत बढ़ने की संभावना थी, लेकिन सारे रिकार्ड टूट जायेंगे इसका अंदाजा किसी को नहीं था. हालांकि पहले चरण के मतदान के दौरान सुबह से ही मतदान केंद्रों पर लंबी कतारें देखी गईं. शाम तक बंगाल में 90 प्रतिशत से अधिक मतदान दर्ज हो गया. राज्य के मुख्य चुनाव आयुक्त मनोज अग्रवाल ने इस रिकॉर्ड तोड़ मतदान का कारण बताया. साथ ही उन्होंने कहा कि मतदाताओं ने निडर होकर मतदान किया. मुख्य चुनाव आयुक्त ने रिकॉर्ड मतदान के पीछे एसआईआर प्रक्रिया का जिक्र किया.
एसआईआर से बढ़ती है मतदान प्रतिशत
पहले चरण के मतदान के बाद पत्रकारों से बात करते हुए सीईओ मनोज अग्रवाल ने कहा- एसआईआर के परिणामस्वरूप, मृत मतदाताओं और स्थानांतरित मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में नहीं हैं. इसके परिणामस्वरूप, मतदान प्रतिशत में वृद्धि होगी. यह स्थिति पूरे देश में देखी जा रही है. असम समेत हाल ही में जिन राज्यों में चुनाव हुए हैं, उन सभी में मतदान दर बढ़ी है और बंगाल में तो मतदान दर हमेशा ही अधिक रहती है. इस बार भी यह अधिक रहेगी.
आयोग ने दिया सबको धन्यवाद
सीईओ मनोज अग्रवाल ने कहा- चुनाव आयोग ने बंगाल में चुनाव से पहले एसआईआर प्रक्रिया का संचालन किया है. लाखों मतदाताओं के नाम अभी भी ट्रिब्यूनल में लंबित हैं. सीईओ ने कहा कि छिटपुट हिंसा की घटनाओं को छोड़कर, चुनाव के पहले चरण का मतदान शांतिपूर्ण रहा. उन्होंने बंगाल के वोटरों को भरोसा दिलाया कि अगले चरण में भी वो भयमुक्त होकर अपना मतदान करें. उन्होंने इसके लिए सभी राजनीतिक दलों को धन्यवाद भी दिया. उन्होंने कहा- शांतिपूर्ण मतदान में सहयोग देने के लिए मैं सभी राजनीतिक दलों का आभारी हूं.
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कोलकाता में हुए कम मतदान
बंगाल में 2026 के पहले चरण में मतदान प्रतिशत ने 2011 के रिकॉर्ड को भी पार कर लिया है. 2011 में 84 प्रतिशत मतदान हुआ था. 2016 में 82.66 प्रतिशत और 2021 में 81.56 प्रतिशत मतदान हुआ था. इस बार पहले चरण में 90 प्रतिशत से अधिक मतदान हुआ. उम्मीद है कि दूसरे चरण में भी मतदान प्रतिशत अधिक रहेगा. कोलकाता में मतदान प्रतिशत अपेक्षाकृत कम है. इस अवसर पर सीईओ से पूछा गया कि क्या इस बार कोलकाता में मतदान प्रतिशत अधिक होगा. जवाब में सीईओ ने कहा- हम सभी से मतदान करने की अपील कर सकते हैं. कोलकाता के लोगों को भी अपने मताधिकार का प्रयोग करना चाहिए.
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By Ashish Jha
डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव. लगातार कुछ अलग और बेहतर करने के साथ हर दिन कुछ न कुछ सीखने की कोशिश. वर्तमान में बंगाल में कार्यरत. बंगाल की सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को टटोलने के लिए प्रयासरत. देश-विदेश की घटनाओं और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स को सीखने की चाहत.
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