छात्रों को मिलने वाले टैब के रुपये गायब करने के मामले में दो अरेस्ट
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 14 Nov 2024 1:08 AM
सरकारी स्कूलों में छात्रों को टैब खरीदने के लिए सरकार की तरफ से मिलनेवाले 10-10 हजार रुपये, छात्रों को न मिलकर किसी अन्य बैंक अकाउंट में चले जाने से जुड़े मामले की जांच में कोलकाता पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है.
फर्जीवाड़ा. 300 रुपये कमीशन के लालच में उपलब्ध कराया था अकाउंट नंबर
संवाददाता, कोलकाता
सरकारी स्कूलों में छात्रों को टैब खरीदने के लिए सरकार की तरफ से मिलनेवाले 10-10 हजार रुपये, छात्रों को न मिलकर किसी अन्य बैंक अकाउंट में चले जाने से जुड़े मामले की जांच में कोलकाता पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है.पकड़े गये आरोपियों के नाम कृष्ण पद बर्मन (38) और सरीफुल इस्लाम (45) बताये गये हैं. दोनों को उत्तर दिनाजपुर के चोपड़ा के दो अलग इलाकों से गिरफ्तार किया गया है. इनसे पूछताछ कर गिरोह के प्रमुख शातिरों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है. पुलिस सूत्र बताते हैं कि स्कूल की तरफ से मिली शिकायत के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की, तो पता चला कि छात्रों के अकाउंट के बदले उत्तर दिनाजपुर के चोपड़ा में रहनेवाले इन दोनों के बैंक अकाउंट में सरकारी रुपये जमा कराये गये हैं.
इसके बाद दोनों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस को दोनों से पूछताछ में पता चला कि दोनों आरोपी 300 रुपये कमीशन मिलने के लालच में एक शातिर युवक को अपने बैंक अकाउंट का नंबर दिया था. उस युवक से इनकी यह डील हुई थी कि 10 हजार रुपये अकाउंट में जमा होते ही अपना 300 रुपये कमीशन लेकर उस व्यक्ति को शेष 9700 राशि सौंप देना होगा.छह थानों में शिकायत दर्ज, फोरेंसिक ऑडिट की तैयारी
कोलकाता पुलिस के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (दो) मुरलीधर शर्मा ने बताया कि कोलकाता के छह थानों- बेनियापुकुर, वाटगंज, मानिकतला, सरसुना, जादवपुर एवं कसबा में अब तक कुल 62 छात्रों के अकाउंट में टैब के रुपये नहीं पहुंचने की शिकायत दर्ज करायी गयी है. अबतक की जांच में पता चला है कि एक गिरोह ने कुछ ग्रामीणों को कमीशन का लालच देकर उनके अकाउंट नंबर का इस्तेमाल टैब की राशि को मंगाने के लिए किया था. दोनों से पूछताछ कर एक शातिर के नाम का खुलासा हुआ है. उस तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है. पूरे घटना की फोरेंसिक ऑडिट भी कराने पर विचार किया जा रहा है, जिससे यह पता चल सकेगा कि शातिरों ने किस स्तर पर छात्रों के बैंक अकाउंट नंबर को बदलकर अपना अकाउंट नंबर वहां डाल दिया था.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










