संवाददाता, हावड़ा
‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता पर एक शहीद जवान के परिजनों ने खुशी जाहिर की है. हालांकि परिजनों का मानना है कि अगर केंद्र सरकार पहले ही सख्ती से पेश आती, तो हमें यह दिन नहीं देखना पड़ता. ये बातें शहीद हुए बीएसएफ के सहायक कमांडेंट विनय प्रसाद की मां और परिवार के बाकी सदस्यों ने कहीं. मालूम रहे कि 15 जनवरी, 2019 को जम्मू के कठुआ में ड्यूटी के बाद अपने कैंप में लौटते समय आतंकी हमले में विनय प्रसाद शहीद हुए थे. शहीद की मां शकुंतला देवी ने कहा “ मैं इस बात से खुश हूं कि केंद्र सरकार ने ऑपरेशन सिंदूर को सफल किया है. देश से आतंकवाद को खत्म करने की जरूरत है.” भाई राकेश प्रसाद ने कहा कि विनय के शहीद होने के करीब एक महीने बाद ही पुलवामा हमला हुआ था और सीआरपीएफ के 40 जवान शहीद हुए थे. केंद्र सरकार को उसी समय कड़े कदम उठाने की जरूरत थी. उन्होंने कहा कि इस बार केंद्र सरकार ने जिस तरह से पाकिस्तान के खिलाफ कार्रवाई की है, उससे हम खुश हैं. हम चाहते हैं कि आतंकवादियों का सफाया हो.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

