UPPSC: पीसीएस-जे के 303 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन शुरू, ऐसे करेंगे पढ़ाई तो एग्जाम में होगा सेलेक्शन...
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 10 Dec 2022 12:21 PM
जज बनने के लिए हर साल हजारों छात्र पीसीएस-जे की तैयारी करते हैं. जिला कोर्ट, हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में तैनात होने के लिए छात्र एग्जाम भी देते हैं. लेकिन, कई बार पीसीएस-जे एग्जाम की तैयारी के दौरान अभ्यर्थी कुछ ऐसी गलतियां कर जाते हैं, जिसकी वजह से उनका सेलेक्शन नहीं हो पाता है.
Lucknow: प्रदेश में न्यायिक सेवा अधिकारियों के चयन के लिए होने वाले पीसीएस-जे भर्ती प्रक्रिया चार साल बाद शनिवार से शुरू हो गई. उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा सिविल जज (जूनियर डिविजन) परीक्षा 2022 के तहत 303 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) की वेबसाइट पर आज से शुरू हो गये हैं. ऑनलाइन माध्यम से बैंक में फीस जमा करने की अंतिम तिथि 6 जनवरी और ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 10 जनवरी रखी गई है.
आयोग के मुताबिक रिक्तियों की संख्या परिस्थिति के अनुसार घट या बढ़ सकती है. 01 जुलाई 2023 को 22 वर्ष की आयु पूरी कर चुके अभ्यर्थी आवेदन कर सकते हैं. जबकि अधिकतम आयु सीमा 35 वर्ष निर्धारित की गई है. अर्थात उनका जन्म 02 जुलाई 1988 से पूर्व तथा 01 जुलाई 2001 के बाद का नहीं होना चाहिए. इसी प्रकार दिव्यांगजन के लिए अधिकतम आयु 50 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए.
उत्तर प्रदेश के विभिन्न श्रेणियों के अभ्यर्थियों को नियमानुसार आरक्षण-अधिकतम आयुसीमा में छूट दी जाएगी. सचिव आलोक कुमार ने अभ्यर्थियों को विस्तृत विज्ञापन देखने के बाद ही आवेदन करने की सलाह दी है. आयोग ने इससे पहले 2018 में 610 पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू की थी, जो 20 जुलाई 2019 को पूरी हुई थी.तब 6,4691 अभ्यर्थियों ने आवेदन किए थे. उस भर्ती में चयनित 610 अभ्यर्थियों में से 315 महिला अभ्यर्थी थीं.
इसके बाद से अभ्यर्थी इस भर्ती का इंतजार कर रहे थे. इसी साल अप्रैल में कैबिनेट बैठक में उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा चतुर्थ संशोधन नियमावली 2022 को मंजूरी दी गई थी. भर्ती के लिए आवेदन शुरू होने पर न्यायिक अधिकारी बनने की हसरत पाले युवाओं को राहत मिली है.
नए नियमों के अनुसार अंग्रेजी भाषा के 200 अंकों के प्रश्न पत्र की बजाय अंग्रेजी और हिंदी भाषा के 100-100 अंकों के प्रश्न पत्र होंगे. न्यायिक अधिकारियों की भर्ती में दिव्यांगों के लिए 4 प्रतिशत आरक्षण का भी प्रावधान रखा गया है.
जज बनने के लिए हर साल हजारों छात्र पीसीएस-जे की तैयारी करते हैं. जिला कोर्ट, हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में तैनात होने के लिए छात्र एग्जाम भी देते हैं. लेकिन कई बार पीसीएस-जे एग्जाम की तैयारी के दौरान अभ्यर्थी कुछ ऐसी गलतियां कर जाते हैं, जिसकी वजह से उनका सेलेक्शन नहीं हो पाता है.
परीक्षा विशेषज्ञों के मुताबिक पीसीएस-जे एग्जाम की तैयारी में एलएलबी का बेसिक मजबूत करें. किन कानूनों में बदलाव हो रहा है, किन कानूनों को एक्सीडेंट होने पर लागू होगा इन सभी धाराओं को फिंगर टिप्स पर रखें. पीसीएस-जे प्री क्वालीफाई करने के बाद जब मेंस एग्जाम में बैठोगे तो ये चीजें आपके बहुत काम आएगी.
पीसीएस-जे की तैयारी करते वक्त नोट्स जरूर बनाएं. नोट्स बनाते वक्त टॉपिक को लिखने से चीजों को लंबे समय तक याद रखने में मदद मिलती है. साथ ही एग्जाम के दौरान आपको रिवीजन करने में आसानी होती है। नोट्स बनाते समय पूरी कहानी न लिखें बल्कि प्वाइंट्स बनाएं. सेल्फ स्टडी के लिए नोट्स बहुत जरूरी मानें जाते हैं.
Also Read: Varanasi: राज्यपाल आनंदीबेन आज करेंगी सीएचओ सम्मेलन का शुभारंभ, पांच राज्यों के 900 चिकित्सक होंगे शामिल
कई बार एग्जाम की तैयारी करते वक्त अभ्यर्थी रट्टा मारने लगते हैं. रट्टा मारते वक्त आपको सिर्फ चीजें याद हो सकती हैं. लेकिन, कॉन्सेप्ट क्लियर नहीं होते हैं. ऐसे में एग्जाम में ट्रिकी सवालों का जवाब देना मुश्किल हो जाता है. इसलिए कभी भी रट्टा न मारें, कॉन्सेप्ट क्लियर करें.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










