रांची. झारखंड के पहले चीफ जस्टिस रहे विनोद कुमार गुप्ता के आकस्मिक निधन पर झारखंड हाइकोर्ट में सोमवार को फुलकोर्ट रेफरेंस का आयोजन किया गया. रेफरेंस की अध्यक्षता चीफ जस्टिस एमएस रामचंद्र राव ने की. चीफ जस्टिस श्री राव ने उनकी जीवनी व योगदान पर प्रकाश डाला. राज्य सरकार की ओर से महाधिवक्ता राजीव रंजन ने कहा कि स्वर्गीय गुप्ता ने अपने कार्यकाल के दाैरान कई ऐतिहासिक फैसले सुनाये थे. वहीं झारखंड स्टेट बार काउंसिल के अध्यक्ष राजेंद्र कृष्ण ने कहा कि उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकेगा. उनके कार्यकाल में नवगठित झारखंड राज्य में न्यायिक व्यवस्था सुदृढ़ हुई थी. उन्होंने वकीलों के हित में भी कई कार्य किये. रेफरेंस के दाैरान माैन रख कर पूर्व चीफ जस्टिस वीके गुप्ता की आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की गयी. मौके पर हाइकोर्ट के न्यायाधीशगण, अपर महाधिवक्ता, वरीय अधिवक्ता, अधिवक्ता आदि उपस्थित थे. रेफरेंस के बाद हाइकोर्ट में कार्य स्थगित कर दिया गया. उल्लेखनीय है कि झारखंड हाइकोर्ट के पहले चीफ जस्टिस रहे वीके गुप्ता का निधन दिल्ली में 15 फरवरी को हो गया था. वह झारखंड हाइकोर्ट के अलावा हिमाचल प्रदेश हाइकोर्ट, उत्तराखंड हाइकोर्ट, जम्मू-कश्मीर हाइकोर्ट व कलकता हाइकोर्ट के भी न्यायाधीश न्यायमूर्ति रह चुके हैं.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

