ePaper

झारखंड की खान सचिव पूजा सिंघल और उनसे जुड़े 23 ठिकानों पर इडी का छापा, बरामद हुए 19.31 करोड़

Updated at : 07 May 2022 6:14 AM (IST)
विज्ञापन
IAS Pooja Singhal

IAS Pooja Singhal

इडी ने कल आइएएस अधिकारी पूजा सिंघल और उनसे जुड़े लोगों के 23 ठिकानों पर छापा मारा, जिसमें 19.31 करोड़ रुपये बरामद हुए हैं. ये कार्रवाई खूंटी जिले में प्रकाश में आये 18.06 करोड़ रुपये के मनरेगा घोटाले में मनी लाउंड्रिंग के आरोपों की जांच के दौरान की है.

विज्ञापन

रांची: प्रवर्तन निदेशालय(इडी) ने मनी लाउंड्रिंग के आरोप में आइएएस अधिकारी पूजा सिंघल, उनके पति, भाई, पति के सीए सुमन कुमार और अन्य लोगों के पांच राज्यों के कुल 23 ठिकानों पर छापा मारा. खबर लिखने तक 19.31 करोड़ रुपये नकद जब्त किये जा चुके हैं. छापेमारी में मिले निवेश और लेन-देन से संबंधित दस्तावेज की जांच हो रही है. साथ ही छापेमारी के दायरे में शामिल लोगों से पूछताछ जारी है.

इडी ने यह कार्रवाई वर्ष 2010 में खूंटी जिले में प्रकाश में आये 18.06 करोड़ रुपये के मनरेगा घोटाले में मनी लाउंड्रिंग के आरोपों की जांच के दौरान की है. वर्ष 2000 बैच की आइएएस अधिकारी पूजा िसंघल वर्तमान में खान व उद्योग सचिव हैं. खूंटी में हुए मनरेगा घोटाले में तत्कालीन जूनियर इंजीनियर राम विनोद सिन्हा को अदालत से सजा हो चुकी है और सरकार ने उसे बर्खास्त कर दिया है. इंजीनियर ने तत्कालीन डीसी पूजा सिंघल की कार्यशैली पर सवाल उठाया था.

राम विनोद सिन्हा से निलंबन की अवधि में काम लिया गया और उसे अग्रिम राशि का भुगतान किया गया, जो मनरेगा घोटाले का कारण बना.

नकद राशि की गिनती के लिए मशीन मंगायी गयी :

छापेमारी के दौरान सीए सुमन कुमार के ठिकानों से मिली नकद राशि की गिनती के लिए मशीन मंगायी गयी. सुमन कुमार का घर बूटी मोड़ में है. उनके आवास से 17.60 करोड़ रुपये जब्त किये जा चुके हैं. वहीं अन्य ठिकानों से जब्त 1.71 करोड़ समेत कुल 19.31 करोड़ रुपये जब्त हुए हैं. अधिकारियों का एक दल अस्पताल की व्यापारिक गतिविधियों से जुड़े दस्तावेज की जांच कर रहा है.

जांच में पाया गया है कि वर्ष 2016 में मेदांस हास्पिटल प्राइवेट लिमिटेड नामक कंपनी बनायी गयी थी. वर्ष 2019 में मेदांस हास्पिटल प्राइवेट लिमिटेड का पल्स संजीवनी हेल्थ केयर नामक कंपनी में विलय कर दिया गया गया. जांच एजेंसी को इस विलय में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की आशंका है. जांच में इस बात की भी जानकारी मिली है कि पूजा सिंघल के पास एक ही समय में दो-दो पैन नंबर हुआ करते थे.

एक पैन गाजियाबाद के पते और दूसरा रांची के पते पर. एफआइयू ने वर्ष 2010 में इडी को संदेहास्पद लेन-देन की सूचना भेजी थी. सूचना में कहा गया था कि नाम में थोड़ा बहुत बदलाव कर दो बैंक अकाउंट खोले गये हैं. एक ही दिन में इस एक अकाउंट से बड़ी राशि दूसरे अकाउंट में जमा की गयी. इस सूचना पर हुई जांच में पाया गया कि जूनियर इंजीनियर राम विनोद सिन्हा ने अपने नाम पर खोले गये दूसरे बैंक खातों से अपनी पत्नी व अन्य के खातों में पैसा ट्रांसफर किया. इडी ने इस मामले में वर्ष 2012 में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की.

राम विनोद सिन्हा का बयान :

कमीशन का भुगतान नकद होता था ताकि फाइल मूवमेंट सही समय पर हो : इडी द्वारा मामले की जांच के दौरान खूंटी के तत्कालीन इंजीनियर राम विनोद सिन्हा ने अपने बयान में कहा था कि वह योजनाओं की लागत का कुल 20 प्रतिशत बतौर कमीशन देता है. योजना की लागत का पांच प्रतिशत इंजीनियरिंग विंग से जुड़े अपने सीनियर लोगों को दिया करता था.

शेष 15 प्रतिशत राशि का भुगतान बतौर कमीशन उपायुक्त कार्यालय और जिला प्रशासन से जुड़े अधिकारियों को दिया करता था. कमीशन की रकम का भुगतान नकद के रूप में किया जाता था, ताकि फाइलों का मूवमेंट सही समय पर हो सके. कमीशन की राशि का बंटवारा संबंधित अधिकारियों की भूमिका और उनकी सहभागिता के मद्देनजर की जाती थी.

हालांकि उसने अपने बयान में यह कहा था कि उसने सीधे तौर पर कभी उपायुक्त को कमीशन की रकम का भुगतान नहीं किया था. राम विनोद सिन्हा को ग्रामीण विकास विभाग ने निलंबित करते हुए उसकी सेवा जल संसाधन विभाग को वापस कर दी थी.

निलंबन के बाद भी उससे काम लिया गया और विभिन्न प्रकार की योजनाओं के लिए अग्रिम राशि का भुगतान किया गया. एलपीसी नहीं जमा करने की वजह से उसे वर्ष 2000 से 2010 तक वेतन नहीं मिला था. इस बीच ग्रामीण विकास विभाग ने उसे 2006 में निलंबित कर दिया. 2006 से 2010 तक की निलंबन अवधि के लिए उसे कुल 2.28 लाख रुपये गुजारा भत्ता के रूप में मिला था.

सीए सुमन कुमार ने कहा हमारे ही हैं पैसे

अपने आवास से बरामद नकद 17.60 करोड़ रुपये के संबंध में सीए सुमन कुमार ने कहा है कि पैसे उनके ही हैं. हालांकि इतनी नकद राशि कहां से आयी, इसका जवाब वह नहीं दे पाये. उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि इस राशि की जानकारी इनकम टैक्स सहित किसी सरकारी एजेंसी को नहीं दी गयी है.

ओरमांझी स्थित डेयरी फार्म के कागजात इडी ले गयी है

हनुमान नगर स्थित मोनिका और सोनाली अपार्टमेंट में सीए सुमन कुमार के चार फ्लैट होने की सूचना

सीए सुमन कुमार के घर से बरामद 17.60 करोड़ रुपये आठ बक्सों में भरकर इडी ले गयी, कई लग्जरी गाड़ियां िमलने की भी सूचना

सीए सुमन कुमार से हो रही पूछताछ, जबकि उनके भाई पवन कुमार को इडी ने उठाया

पूजा सिंघल के पास से िमले दो पैन नंबर, एक पैन गाजियाबाद और दूसरा रांची के पते पर बना

Posted By: Sameer Oraon

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola