रांची.
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर झारखंड में मनरेगा बचाओ संग्राम की शुरुआत हो गयी है. राज्य के सभी जिलों में शनिवार को कांग्रेस जिलाध्यक्षों ने संवाददाता सम्मेलन कर केंद्र सरकार पर मनरेगा को कमजोर करने और काम का अधिकार छीनने का आरोप लगाया. रांची में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने प्रेस काॅफ्रेंस कर कहा कि पार्टी संघर्ष को निर्णायक मोड़ तक ले जाने के लिए प्रतिबद्ध है. केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा में किये जा रहे बदलावों से ग्रामीण मजदूरों के रोजगार के अधिकार, आजीविका और जवाबदेही पर सीधा हमला हुआ है. जब तक छीने गये अधिकार पूरी तरह बहाल नहीं होते, तब तक कांग्रेस का संघर्ष जारी रहेगा. प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव एवं मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा ने बताया कि आंदोलन चरणबद्ध तरीके से चलेगा. पहले चरण में 11 जनवरी को उपवास रखा जायेगा. राज्य के सभी जिलों में महात्मा गांधी और डॉ भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा के समक्ष उपवास रखा जायेगा. इसमें विधायक, मंत्री, वरीय नेता और पार्टी पदाधिकारी शामिल होंगे. दूसरे चरण में 12 से 29 जनवरी तक चौपाल आयोजित होगा. पंचायत स्तर पर चौपाल व जनसंपर्क अभियान कर मनरेगा श्रमिकों से सीधा संवाद किया जायेगा. इस दौरान लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी का पत्र ग्राम प्रधानों, पूर्व ग्राम प्रधानों, रोजगार सेवकों और मनरेगा श्रमिकों तक पहुंचाया जायेगा. संवाददाता सम्मेलन में पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष शहजादा अनवर व महानगर अध्यक्ष कुमार राजा उपस्थित थे. लोहरदगा में विधायक डॉ रामेश्वर उरांव, गुमला में कार्यकारी अध्यक्ष बंधु तिर्की, गोड्डा में श्यामल किशोर सिंह व देवघर में संजय मुन्नम प्रेस वार्ता में शामिल हुए.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

